सरकारी नौकरी के नाम पर लगातार घोटालेबाज लोगों को ठगने की कोशिश कर रहे हैं। बहुत से लोग फर्जी नोटिस, वेबसाइट, ईमेल और सोशल मीडिया के जरिए नौकरी का झांसा देकर ठगे जा रहे हैं। इसी तरह का एक मैसेज सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। मामले की जांच के बाद PIB फैक्ट चेक ने इसे फेक न्यूज करार दिया है।
फर्जी नोटिस और वेबसाइट कैसे दिखते हैं
एक फर्जी विज्ञापन में “नशीली दवाओं के पुनर्वास और नियंत्रण परिषद” के नाम पर ऑफिस सुपरिटेंडेंट, सेक्शन ऑफिसर, आईटी मैनेजर, अकाउंटेंट, ऑफिस क्लर्क, पीऑन और ड्राइवर जैसे पद दिखाए गए। कुल 18,422 पद बताए गए और आवेदन के लिए नकली वेबसाइट दी गई।
🚨 सरकारी नौकरी के नाम पर हो रही ठगी से सावधान !
फर्जी Job Notices, Websites, Emails और Social Media के जरिए नौकरी का झांसा देकर Job Aspirants को ठगा जा रहा है।
⚠️ Recruitment से जुड़ी जानकारी हमेशा आधिकारिक स्रोतों से ही प्राप्त करें और पैसे मांगने वालों से सावधान रहें।
— PIB Fact Check (@PIBFactCheck) August 13, 2026
एक और नोटिस में 50,000 सरकारी नौकरियों का दावा किया गया। ऐसे कई फर्जी दस्तावेज सामने आए हैं – एक्साइज डिपार्टमेंट के अपॉइंटमेंट लेटर, डिजिटल इंडिया के नाम पर लेटर, आर्मी भर्ती के नोटिस, आयुषग्राम भारत और ग्रामिण उद्यमिता संस्थान जैसी वेबसाइटें। इनमें से कई पर “FAKE” का ठप्पा लगा है। niyukti.org जैसी साइटें भी सरकारी नहीं हैं।
ठग कैसे काम करते हैं
PIB फैक्ट चेक की रिपोर्ट के अनुसार, ये लोग सरकारी लोगों और नाम का इस्तेमाल करके भरोसा दिलाते हैं। फिर आवेदन शुल्क, परीक्षा फीस या अन्य पैसे मांगते हैं। कुछ लोग OTP, आधार नंबर या बैंक डिटेल भी मांग लेते हैं।

















