जयपुर में ‘कान्हा’ आज स्वाद, गुणवत्ता और भरोसे का पर्याय बन चुका है। इसकी शुरुआत वर्ष 2008 में सांवरिया स्वीट्स प्राइवेट लिमिटेड नाम से हुई थी। आज सालाना लगभग 150 करोड़ रु. का व्यवसाय कर रही इस कंपनी की स्थापना का उद्देश्य भारतीय पारंपरिक मिठाइयों, नमकीन और समृद्ध खाद्य संस्कृति को आधुनिक तकनीक से जोड़ना था, ताकि उपभोक्ताओं को स्वाद, स्वच्छता और गुणवत्ता का सर्वोत्तम अनुभव एक ही स्थान पर मिल सके।
कंपनी के संस्थापक नटवर लाल शारदा ने एक ऐसे स्थान की परिकल्पना की थी, जहां पूरा परिवार एक साथ बैठकर स्वादिष्ट भोजन का आनंद ले सके। उन्होंने चाहा कि मिठाइयों से लेकर फास्ट फूड और बेकरी उत्पादों तक सब कुछ एक ही छत के नीचे उपलब्ध हो। यही विचार आगे चलकर ‘कान्हा’ की पहचान बना।
कान्हा की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि इसके सभी आउटलेट्स पर पारंपरिक भारतीय स्वाद को आधुनिक प्रस्तुति और स्वच्छ वातावरण में परोसा जाता है। कंपनी अपने सभी उत्पादों में हाइजीन और क्वालिटी कंट्रोल पर विशेष ध्यान देती है। इसके लिए अत्याधुनिक मशीनों का उपयोग किया जाता है, जिससे उत्पादन प्रक्रिया में मानवीय स्पर्श न्यूनतम रहे और हर उत्पाद एक समान गुणवत्ता का हो। कंपनी को FSSAI, ISO 9001:2008 और BRC जैसे अंतरराष्ट्रीय मानक प्रमाणन प्राप्त हैं। आज कान्हा केवल जयपुर तक सीमित नहीं है, बल्कि भारत और विदेशों में भी यह मिठाइयों व नमकीन का विश्वसनीय नाम बन चुका है।

नटवर लाल शारदा बताते हैं कि कंपनी की शुरुआत आसान नहीं थी। यह क्षेत्र उनके लिए नया था, पूंजी का और लोगों में ब्रांड के प्रति विश्वास का अभाव था। इसके बावजूद उन्होंने दृढ़ निश्चय के साथ अपने लक्ष्य की ओर कदम बढ़ाए। प्रारंभिक दौर में सबसे बड़ी चुनौती थी- पारंपरिक मिठाई उद्योग में आधुनिक मानकों का समावेश करना। उपभोक्ताओं में स्वच्छता, पैकेजिंग और गुणवत्ता के प्रति जागरूकता लाना तथा मजबूत सप्लाई चेन और वितरण नेटवर्क तैयार करना बेहद कठिन कार्य था।
इन चुनौतियों को कंपनी की टीम ने दृढ़ता, अनुसंधान और तकनीकी निवेश के माध्यम से पार किया। स्वचालित मशीनरी, प्रशिक्षित कर्मचारियों और गुणवत्ता परीक्षण प्रयोगशाला (Quality Lab) की स्थापना ने कान्हा को एक मजबूत आधार प्रदान किया। धीरे-धीरे ब्रांड ने उपभोक्ताओं का विश्वास अर्जित किया और सफलता की राह पर अग्रसर हुआ।
कंपनी गुणवत्ता-केन्द्रित कार्य संस्कृति को सर्वोच्च प्राथमिकता देती है। प्रत्येक कर्मचारी को स्वच्छता, गुणवत्ता और ग्राहक संतुष्टि के महत्व के प्रति प्रशिक्षित किया जाता है। कान्हा की कार्य संस्कृति तीन स्तंभों टीमवर्क, नवाचार और ग्राहक संतुष्टि इन पर आधारित है। इसका परिणाम है कि आज कंपनी के जयपुर में दस से अधिक आउटलेट्स हैं और लगभग 2000 कर्मचारी कार्यरत हैं।

















