नागपुर (महाराष्ट्र)। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के स्थापना दिवस और पावन पर्व विजयदशमी के अवसर पर हर साल की तरह इस बार भी नागपुर के ऐतिहासिक रेशिमबाग मैदान पर मुख्य श्री विजयादशमी उत्सव का आयोजन पूरी भव्यता के साथ संपन्न होने जा रहा है.
दिन मंगलवार, 20 अक्टूबर 2026 को प्रातः 7:40 बजे से शुरू होने वाले इस राष्ट्रीय महत्व के कार्यक्रम में देश भर के प्रबुद्ध जनों की निगाहें टिकी रहेंगी.
इस वर्ष के इस गौरवशाली उत्सव में मुख्य अतिथि के रूप में देश के प्रतिष्ठित मीडिया समूह ‘दैनिक जागरण’ के मुख्य संपादक श्री संजय गुप्ता जी अपनी गरिमामयी उपस्थिति दर्ज कराएंगे, जबकि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत जी का ओजस्वी उद्बोधन/पाथेय प्राप्त होगा.
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ द्वारा आयोजित श्री विजयादशमी उत्सव मंगलवार 20 अक्तूबर, 2026 को प्रातः 7.40 बजे रेशिमबाग, नागपुर में संपन्न होगा। इस उत्सव में दैनिक जागरण के मुख्य संपादक श्री संजय गुप्ता जी प्रमुख अतिथि होंगे और परम पूजनीय सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत जी का उद्बोधन होगा। pic.twitter.com/MNnWBPjHjS
— RSS (@RSSorg) September 25, 2026
राष्ट्र निर्माण और वैचारिक सुदृढ़ता का केंद्र बनता है विजयादशमी उत्सव
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ का विजयादशमी उत्सव केवल एक पारंपरिक पर्व नहीं, बल्कि भारतीय सांस्कृतिक पुनर्जागरण, वैचारिक स्पष्टता और राष्ट्र प्रथम के संकल्प का सबसे बड़ा मंच माना जाता है.
दैनिक जागरण के मुख्य संपादक श्री संजय गुप्ता जी का बतौर मुख्य अतिथि शामिल होना यह रेखांकित करता है कि राष्ट्रहित और पत्रकारिता के समन्वय में वैचारिक चेतना की कितनी बड़ी भूमिका है। मीडिया जगत के दिग्गज का इस मंच पर होना राष्ट्रवादी वैचारिक स्पेस को और अधिक मजबूती प्रदान करता है।
डॉ. मोहन भागवत के उद्बोधन पर रहेगी देश-दुनिया की नजर
कार्यक्रम के दौरान सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत जी का मुख्य उद्बोधन होगा। परंपरा के अनुसार, इस संबोधन में समसामयिक राष्ट्रीय मुद्दों, सुरक्षा, सांस्कृतिक स्वाभिमान, सामाजिक परिवर्तन और वैश्विक परिप्रेक्ष्य में भारत की बढ़ती भूमिका पर संघ का आधिकारिक और स्पष्ट दृष्टिकोण सामने आता है।
कार्यक्रम की मुख्य बातें:
- दिनांक व समय: 20 अक्टूबर 2026, प्रातः 7:40 बजे।
- स्थान: रेशिमबाग मैदान, नागपुर (महाराष्ट्र)।
- प्रमुख अतिथि: श्री संजय गुप्ता (मुख्य संपादक, दैनिक जागरण)।
- मुख्य वक्ता: डॉ. मोहन भागवत (सरसंघचालक, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ)।
राष्ट्रीय सुरक्षा, वैचारिक स्वायत्तता और सांस्कृतिक राष्ट्रवाद के समर्थकों के बीच इस उत्सव को लेकर भारी उत्साह देखा जा रहा है।

















