मध्य प्रदेश के बालाघाट जिले के बैगा और गोंड जनजातीय बहुल क्षेत्रों में पिछले कुछ महीनों में संक्रामक बीमारियों के चलते 30 से अधिक बच्चों की मौत हो चुकी है। इस बीच शनिवार (12 सितंबर) को कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके ने बालाघाट जिले के जनजातीय गांवों का दौरा किया। सोशल मीडिया पर उनका एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है। इसमें अभिजीत दीपके संक्रमित बच्चों को लेकर स्थानीय पत्रकारों द्वारा पूछे गए सवालों का एक भी जवाब नहीं दे पाए। मौके पर मौजूद स्थानीय पत्रकारों ने उनसे कहा, “अब आपको समय मिला है यहां आने का। कंटेट के लिए आए हैं आप यहां पर, बच्चों से आपको कोई मतलब नहीं है।” इस दौरान पत्रकारों के सवालों से अभिजीत दीपके सकपका गए और कोई जवाब नहीं दे पाए।
‘आ गए लाशों पर राजनीति करने, मिल गया कंटेंट’
पत्रकारों के समूह ने उन पर लाशों पर राजनीति करने का आरोप लगाया। उन्होंने गाड़ी में बैठे दीपके से कहा, ”आ गए लाशों पर राजनीति करने, अब सुध मिली है आपको, कितना समय हो चुका है, अब आप आएं हैं अपनी संवेदनाएं व्यक्त करने के लिए। कंटेंट मिल गया आपको ये बताइए।” इतने सवाल वो भी एक साथ सुनकर दीपके अपनी गाड़ी से बाहर भी नहीं निकले और कहा, “मैं इसके लिए माफी मांगता हूं। मैं यहां काफी देर से आया हूं।” इस पर पत्रकार ने कहा कि देर से आना और इसके लिए माफी मांग लेना ये कहीं से भी उचित नहीं है। आप माफी नहीं लाशों पर राजनीति करना चाहते हैं।
बिना जवाब दिए गाड़ी लेकर भागे दीपके
दीपके ने अपनी गाड़ी को पत्रकारों के बीच से निकालने की बहुत कोशिश, लेने मीडियाकर्मी उनसे एक के बाद एक सवाल करते नजर आए। उन्होंने कहा कि आप यहां आए किसलिए हैं कम से कम इतना तो बताते जाएं, लेकिन कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक ने पत्रकारों को कुछ भी बताना उचित नहीं समझा और वहां से अपनी गाड़ी लेकर भागने लगे। इस पर एक महिला पत्रकार कुछ दूर तक उनकी गाड़ी के पीछे जाती है और कहती है कि आप भाग क्यों रहे हैं? ये बस यहां लाशों पर राजनीति करने के लिए आए थे।

















