नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने गुरुवार को कहा कि देश में विश्वसनीय परीक्षा प्रणाली स्थापित करने की दिशा में संसद द्वारा कठोर प्रावधानों वाला विधेयक पारित किया जाना एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार पेपर लीक पर अंकुश लगाने और बच्चों के भविष्य से खिलवाड़ करने वाले गिरोहों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के लिए प्रतिबद्ध है।
प्रधानमंत्री ने सोशल मीडिया मंच इंस्टाग्राम पर जारी अपने वीडियो संदेश में कहा कि सरकार विश्वसनीय परीक्षा प्रणाली सुनिश्चित करने के लिए लगातार एक के बाद एक कदम उठा रही है। इसके लिए टास्क फोर्स का गठन, फास्ट ट्रैक तंत्र की स्थापना और राज्यों के सुझावों को शामिल करने जैसे उपाय किए गए हैं।
Parliament passes a Bill that makes our examination system more robust! pic.twitter.com/OEvLKXoUaf
— Narendra Modi (@narendramodi) July 30, 2026
उन्होंने कहा कि वर्षों से केंद्र और राज्य सरकारें पेपर लीक की समस्या से जूझती रही हैं, जिससे लाखों विद्यार्थियों का भविष्य प्रभावित होता है। इसी कारण देशभर में शिक्षा व्यवस्था में व्यापक सुधार आवश्यक हो गया है। उन्होंने कहा कि परीक्षा प्रणाली को अधिक पारदर्शी और भरोसेमंद बनाने के लिए प्रौद्योगिकी का अधिकतम उपयोग किया जाएगा।
माफिया बख्शे नहीं जाएंगे
पीएम मोदी ने कहा कि पेपर लीक कराने वाले माफिया और गिरोह, जो देश के बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करते हैं, उन्हें किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। इसके लिए कठोर कानून की आवश्यकता थी और इसी उद्देश्य से सरकार संसद में विधेयक लेकर आई।
प्रधानमंत्री ने कहा कि दोनों सदनों में सांसदों ने इस विधेयक पर विस्तार से चर्चा की और अब इसे पारित कर दिया गया है। उन्होंने इसे विश्वसनीय परीक्षा प्रणाली की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि बताते हुए कहा कि सरकार इस दिशा में आगे भी लगातार काम करती रहेगी और ऐसी परिस्थितियों को लंबे समय तक बने नहीं रहने देगी।
उन्होंने देशवासियों से विकसित भारत के लक्ष्य को साकार करने के लिए कंधे से कंधा मिलाकर आगे बढ़ने का आह्वान किया
















