भुवनेश्वर: भारत का इतिहास अत्यंत गौरवशाली रहा है। देश ने अनेक आक्रमणों और चुनौतियों का सामना किया, इसके बावजूद हिंदुत्व निरंतर सुरक्षित और सशक्त रूप से आगे बढ़ता रहा है। स्वतंत्रता के 75 वर्षों के बाद आज भारत राष्ट्र को विकास के शिखर पर पहुंचाने के लिए निरंतर प्रयासरत है। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के शताब्दी वर्ष के अवसर पर सुंदरगढ़ जिले के शांकरा रिजर्व मैदान में आयोजित हिंदू सम्मेलन को संबोधित करते हुए संघ के अखिल भारतीय सह-प्रचार प्रमुख प्रदीप जोशी ने यह बात कही । उल्लखनीय है कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के शताब्दी वर्ष में ओडिशा के विभिन्न स्थानों पर हिन्दू सम्मेलनों का आयोजन किया जा रहा है । इसी क्रम में यह कार्यक्रम आयोजित किया गया था । श्री जोशी ने इस अवसर पर कहा कि भारत धीरे-धीरे हर क्षेत्र में विश्व के समक्ष अपनी सशक्त उपस्थिति दर्ज करा रहा है। संघ हिंदुत्व की रक्षा के साथ-साथ समाज की मूल शक्ति—आध्यात्मिक चेतना—के जागरण के लिए सतत कार्य कर रहा है।
इस अवसर पर उन्होंने उपस्थित जनसमुदाय से ‘पंच परिवर्तन’—परिवार प्रबोधन, सामाजिक समरसता, पर्यावरण संरक्षण, स्वभाव जागरण तथा नागरिक कर्तव्य—को अपने आचरण में अपनाने का आह्वान किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता श्री परशुराम चौधरी ने की, जबकि स्वामी तनिष्ठानंद सरस्वती मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। मंच संचालन डॉ. नारायण चंद्र पटेल ने किया। कार्यक्रम से पूर्व शांकरा बस्ती के विभिन्न मोहल्लों से महिलाओं ने कलश यात्रा में भाग लिया। यज्ञ एवं बौद्धिक सत्रों का आयोजन किया गया। वनवासी कल्याण आश्रम के विद्यार्थियों द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए। इसके साथ ही संघ साहित्य और ‘पंच परिवर्तन’ विषय पर विशेष प्रदर्शनी स्टॉल लगाए गए, जहां पुस्तकों की बिक्री भी की गई।
अन्य प्रमुख कार्यकर्ताओं में शोभित अग्रवाल, नीरज साहू, अमूल्य चौधरी, सूर्य नारायण महापात्र, रत्नाकर बेहरा, धीरज बेहरा, संजय इंदु आर और संजय बहिदार ने सक्रिय सहभागिता निभाई। अंत में प्रसाद वितरण के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ । राज्य के अन्य हिस्सों में भी हिन्दू सम्मेलनों का आयोजन किया जा रहा है । बालेश्वर जिले में विभिन्न स्थानों पर विशाल हिंदू सम्मेलन हिंदू संगठित होंगे तो राष्ट्र सशक्त बनेगा डा – अनिल मिश्रा जो व्यक्ति कभी अपने निजी स्वार्थ के लिए कार्य नहीं करता, वही सच्चा हिंदू होता है। इसी भावना को व्यक्त करते हुए उत्कलमणि पंडित गोपबंधु दास ने कहा था— “निज स्वार्थ लागि जातनुहें हिंदू, विश्वे हिते तार प्रति रक्त बिंदु।” अर्थात अपने हित के लिए हिन्दू का जन्म नहीं हुआ है । पूरे विश्व के हित व कल्याण के लिए हिन्दू का जन्म हुआ है । हिंदू समाज के संगठित होने से ही राष्ट्र सशक्त बन सकता है।
भारतवर्ष का नाम ही हिंदुस्तान है, इसलिए हम सभी हिंदू हैं। परंतु दूसरों के हित में कार्य करते-करते अपने अस्तित्व को खो देना भी किसी के लिए स्वीकार्य नहीं हो सकता। ऐसे में आज समय की मांग है कि हिंदू समाज संगठित हो और अपने गौरवशाली इतिहास व खोए हुए वैभव को पुनः स्थापित करे। यह विचार राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के उत्कल पूर्व प्रांत के कार्यवाह डॉ. अनिल कुमार मिश्र ने व्यक्त किए। वे बालेश्वर जिले के स्थानीय कुरुड़ा हाट मैदान में आयोजित विशाल हिंदू सम्मेलन में मुख्य वक्ता के रूप में संबोधित कर रहे थे। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में नागाबाबा दिवाकर महाराज, विशिष्ट अतिथियों के रूप में समाजसेवी सोमनाथ सेठी, कारगिल शहीद गंगाराम दास के पिता श्यामसुंदर दास, कार्यक्रम संयोजक एवं कुरुड़ा ग्राम समिति के अध्यक्ष प्रशांत महापात्र, तथा आरएसएस बालेश्वर नगर के कार्यवाह रमेश महाकुड़ मंचासीन थे। प्रातःकाल स्थानीय चंदन पोखरी से 108 कलशों की शोभायात्रा, हवन-यज्ञ एवं नगर कीर्तन का आयोजन किया गया। इसके पश्चात स्थानीय विद्यालयों एवं सरस्वती शिशु मंदिर अंगारगढ़िया के छात्र-छात्राओं द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए।
कार्यक्रम के अंत में 5,000 से अधिक श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया। इसी क्रम में भीमपुरा टीवी सेंटर मैदान में आयोजित हिंदू सम्मेलन में त्रिवेणी आश्रम के संत एवं विश्व हिंदू परिषद धर्मप्रसार विभाग (रेमुणा खंड) के संत संपर्क प्रमुख बाबा दयानंद मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। मुख्य वक्ता के रूप में विश्व हिंदू परिषद के ओडिशा पूर्व प्रांत संगठन मंत्री शरत कुमार प्रधान ने संबोधन दिया। विशिष्ट अतिथि के रूप में पंडित जिला गायत्री परिवार के संयोजक बलराम जेना, पर्यावरणविद मनोज खंडा, तथा कार्यक्रम संयोजक युगल किशोर राठी मंच पर उपस्थित थे। इस अवसर पर रामेश्वर मंदिर से कलश शोभायात्रा भीमपुरा ग्राम परिक्रमा करते हुए कार्यक्रम स्थल तक पहुंची। इसके बाद यज्ञ, सांस्कृतिक कार्यक्रम एवं प्रसाद वितरण के साथ सम्मेलन का समापन हुआ । भुवनेश्वर के शैलश्री विहार में विशाल हिंदू सम्मेलन का आयोजन धर्म और संस्कृति के संरक्षण व संवर्धन के लिए करें कार्य इसी तरह भुवनेश्वर के शैलश्री विहार स्थित दुर्गा पूजा मैदान में एक विशाल हिंदू सम्मेलन का आयोजन किया गया। इस सम्मेलन का आयोजन शैलश्री विहार के समग्र हिंदू समाज द्वारा किया गया था।
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सौ वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर यह कार्यक्रम आयोजित किया गया । सम्मेलन के दौरान हनुमान चालीसा पाठ, सुंदरकांड पाठ, धर्मसभा तथा एक भव्य बाइक रैली का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में आदित्य वाहिनी, पुरी के अध्यक्ष पंडित मातृ प्रसाद मिश्र और सिद्धिगिरि पीठ के बाबा विश्वनाथ दास ने सम्मानित अतिथि के रूप में मार्गदर्शन प्रदान किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता सेवानिवृत्त भारतीय प्रशासनिक अधिकारी श्री सुदर्शन नायक ने की, जबकि मुख्य वक्ता के रूप में सेवानिवृत्त प्रधान शिक्षक श्री विश्वंभर पाणि ने अपने विचार रखे। इस अवसर पर पंडित मातृ प्रसाद मिश्र ने नागरिक कर्तव्य, आत्मबोध, पर्यावरण संरक्षण, सामाजिक समरसता और कुटुंब प्रबोधन जैसे पंच परिवर्तन विषयों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि हिंदुओं के संगठित रहने से ही भारत एक सशक्त राष्ट्र बन सकता है। मुख्य वक्ता विश्वंभर पाणि ने हिंदुत्व और राष्ट्रीयता के संबंध पर अपने विचार व्यक्त करते हुए धर्म और संस्कृति के संरक्षण एवं पालन पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि हिंदू समाज का जीवन मूल्यों पर आधारित होना आवश्यक है। कार्यक्रम के समापन पर बाबा विश्वनाथ दास ने उपस्थित जनसमूह को आशीर्वचन प्रदान किया। उनके बौद्धिक संबोधन के पश्चात ओडिशी नृत्य की प्रस्तुति भी दी गई। सम्मेलन में सभी प्रतिभागियों के लिए प्रसाद वितरण की व्यवस्था की गई थी। कैप्सन – 11. सुंदरगढ में आयोजित हिन्दू सम्मेलन को संबोधित करते हुए संघ के अखिल भारतीय सह प्रचार प्रमुख प्रदीप जोशी 12- बालेश्वर में आयोजित हिन्दू सम्मेलन को संबोधित करते हुए संघ के ओडिशा(पूर्व) प्रांत के कार्यवाह डा अनील मिश्र

















