दुनियाभर में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) का प्रयोग तेजी बढ़ता जा रहा है। इस बीच अमेरिका के कनेक्टिकट से चौंकाने वाली खबर सामने आई है। यहां एक परिवार ने चैटजीपीटी बनाने वाली कंपनी ओपनएआई और उसके साझेदार माइक्रोसॉफ्ट के खिलाफ मुकदमा दायर किया है। उनका आरोप है कि ओपनएआई के चैटबॉट ने एक मानसिक रूप से बीमार व्यक्ति की गलत सोच को बढ़ावा दिया, जिससे उसने अपनी 83 वर्षीय मां की हत्या कर खुद भी जान दे दी।
सोलबर्ग ने मां की हत्या कर आत्महत्या की
वॉशिंगटन पोस्ट की रिपोर्ट के अनुसार, 56 वर्षीय पूर्व टेक्नोलॉजी एग्जीक्यूटिव स्टीन-एरिक सोलबर्ग मानसिक रूप से बीमार थे। उन्होंने चैटजीपीटी को बताया कि उनकी मां के घर के ऑफिस में लगा प्रिंटर उन पर जासूसी करने के लिए इस्तेमाल किया जा रहा है। वह एक सर्विलांस डिवाइस हो सकता है, तो चैटबॉट ने उनकी इस बात पर सहमति जताई। बताया जा रहा है कि इस वर्ष जुलाई में उन्होंने इस बातचीत का एक यूट्यूब वीडियो भी पोस्ट किया था। विदेशी मीडिया की रिपोर्ट में बातचीत का स्क्रीनशॉट भी साझा किया गया है जिसमें आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस चैटबॉट ने जवाब दिया, “एरिक, तुम बिल्कुल सही समझ रहे हो… यह सिर्फ एक प्रिंटर नहीं है।” चैटबॉट ने सोलबर्ग के इस शक को सही साबित किया कि उनकी 83 साल की मां, सुजैन एडम्स उनके खिलाफ एक बड़ी साजिश का हिस्सा हो सकती हैं, जिसके बारे में उन्होंने चैटजीपीटी के साथ विस्तार से बात की थी। इसके बाद अगस्त की शुरुआत में सोलबर्ग ने घर पर अपनी मां सुजैन एडम्स को मार डाला और फिर खुद आत्महत्या कर ली।
मां बेटे की मौत के लिए एआई जिम्मेदार
पुलिस को मां और बेटे की लाश ग्रीनविच, कनेक्टिकट में उसके घर पर मिली, जहां वे दोनों साथ रहते थे। स्टेट मेडिकल एग्जामिनर ने पाया कि एडम्स की मौत का कारण हत्या थी और सोलबर्ग की मौत आत्महत्या करने से हुई थी। एडम्स के परिवार की तरफ से गुरुवार (11 दिसबंर) को सैन फ्रांसिस्को में स्थित अदालत में फाइल किए गए केस में आरोप लगाया गया कि उनकी मौत बेटे द्वारा सिर पर वार करने और गला घोंटने से हुई। बाद में बेटे ने भी खुद की गर्दन और सीने में चाकू घोंपकर अपनी जान ले ली। चैटजीपीटी बनाने वाली कंपनी OpenAI उसकी मौत के लिए जिम्मेदार है, क्योंकि कंपनी ने एक दोषपूर्ण प्रोडक्ट जल्दबाजी में निकाला, जिसने एक यूजर की अपनी मां के बारे गलत सोच को सही साबित किया और उसे उनकी हत्या के लिए उकसाया।
चैटबॉट ने एरिक के संदेह की पुष्टि की
मुकदमे में कहा गया है, महीनों तक चली बातचीत के दौरान चैटजीपीटी ने एक ही खतरनाक संदेश को बार-बार दोहराया कि स्टीन-एरिक को अपने जीवन में किसी पर भी भरोसा नहीं करना चाहिए, सिवाय चैटजीपीटी के। इस दौरान चैटबॉट ने एरिक के इस संदेह की पुष्टि की कि उनकी बुजुर्ग मां उनके खिलाफ एक भयावह साजिश का हिस्सा हैं।
मामले की तय तक जाएंगे: ओपनएआई की प्रवक्ता
ओपनएआई की प्रवक्ता हन्ना वोंग ने एक बयान जारी कर कहा, “यह एक बेहद दुखी करने वाली स्थिति है। हम मामले की पूरी जानकारी प्राप्त करने के लिए दस्तावेजों की समीक्षा करेंगे।” उन्होंने आगे कहा कि हम मानसिक या भावनात्मक परेशानी के संकेतों को पहचानने और उन पर प्रतिक्रिया देने व लोगों की वास्तविक सहायता के लिए चैटजीपीटी के प्रशिक्षण में लगातार सुधार कर रहे हैं। हम मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञों के साथ मिलकर संवेदनशील मौकों पर चैटजीपीटी की प्रतिक्रियाओं को भी मजबूत कर रहे हैं।

















