ईटानगर। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) की राष्ट्रीय पदाधिकारी बैठक अरुणाचल प्रदेश के ईटानगर में संपन्न हुई। बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि देश के वीर पुत्र कैप्टन स्मित मच्छार, जिन्होंने अदम्य साहस एवं असाधारण वीरता का परिचय देते हुए विमान को हाईजैक होने से बचाया और 170 से अधिक यात्रियों की जान बचाई, उनके साहस एवं वीरता को सम्मानित किया जाना चाहिए।
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद भारत सरकार से मांग करती है कि कैप्टन स्मित मच्छार को उनके अदम्य साहस, वीरता एवं असाधारण कर्तव्यनिष्ठा के लिए अशोक चक्र से सम्मानित किया जाए तथा उनकी वीरता को देश के समक्ष एक प्रेरणादायी उदाहरण के रूप में प्रस्तुत किया जाए। यह बात अभाविप के राष्ट्रीय महामंत्री डॉ. वीरेंद्र सिंह सोलंकी द्वारा कही गई।
अशोक चक्र से सम्मानित हो स्मित मच्छार…
“देश के वीर पुत्र कैप्टन स्मित मच्छार को उनके अदम्य साहस, वीरता एवं असाधारण कर्तव्यनिष्ठा के लिए अशोक चक्र से सम्मानित किया जाए”
: अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद https://t.co/EnD3XWF6JP
— Panchjanya (@epanchjanya) October 4, 2026
ईटानगर में दो दिवसीय राष्ट्रीय पदाधिकारी बैठक संपन्न
ईटानगर में 2–3 अक्टूबर 2026 को अभाविप की दो दिवसीय अखिल भारतीय पदाधिकारी बैठक संपन्न हुई। इस महत्वपूर्ण बैठक में छात्रसंघ चुनावों की बहाली, छात्रावास एवं छात्रवृत्ति, शिक्षा से जुड़े विभिन्न विषयों और छात्र प्रतिनिधित्व को लेकर व्यापक चर्चा की गई।
“Gen-Z की राष्ट्रवादी सोच, लोकतांत्रिक भागीदारी और सामाजिक समरसता में विश्वास—अभाविप की बढ़ती छात्रशक्ति का स्पष्ट परिचायक है।”
बैठक में की गई प्रमुख चर्चाएं और समीक्षा
बैठक के मुख्य बिंदु:
- परिसर समीक्षा: पंजाब विश्वविद्यालय, दिल्ली विश्वविद्यालय, केरलम, उत्तराखंड, हरियाणा एवं गुवाहाटी विश्वविद्यालय सहित विभिन्न परिसरों में अभाविप की शानदार सफलता की समीक्षा की गई।
- राष्ट्रीय एकात्मता: SEIL@60 के माध्यम से पूर्वोत्तर में राष्ट्रीय एकात्मता के कार्य को गति देने तथा आगामी राष्ट्रीय एवं संगठनात्मक कार्यक्रमों की कार्ययोजना पर विचार हुआ।
- वीरता का सम्मान: बैठक में सर्वसम्मति से कैप्टन स्मित मच्छार को उनके अदम्य साहस के लिए देश के सर्वोच्च वीरता पुरस्कार ‘अशोक चक्र’ से सम्मानित किए जाने की मांग दोहराई गई।
अभाविप की इस उच्चस्तरीय बैठक से देश भर के छात्र संगठनों और युवाओं में राष्ट्रभक्ति और कर्तव्यनिष्ठा का एक नया संदेश गया है।
















