आजमगढ़: मुबारकपुर स्थित मदरसा अशरफिया मिस्बाहुल उलूम में नेपाली नागरिक मौलवी मोहम्मद रजा की वर्ष 2016 में हुई नियुक्ति को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। मुबारकपुर निवासी मुहम्मद अरबी ने शिकायत दर्ज कर आरोप लगाया है कि मदरसा प्रबंध समिति ने शिक्षक की विदेशी नागरिकता की जानकारी छिपाकर नियुक्ति की और इसके आधार पर उसे सरकारी सुविधाओं का लाभ भी दिलाया।
जांच रिपोर्ट शासन को भेजी
शिकायत के बाद जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी वर्षा अग्रवाल ने मामले की जांच की। जांच पूरी होने के बाद संबंधित अभिलेखों और तथ्यों के आधार पर तैयार रिपोर्ट शासन को भेज दी गई है। अब इस मामले में आगे की कार्रवाई और अंतिम निर्णय शासन स्तर से लिया जाएगा। शिकायतकर्ता की ओर से नियुक्ति की वैधता पर सवाल उठाए गए हैं, जबकि मदरसा प्रबंधन का कहना है कि भारत और नेपाल के बीच वर्ष 1950 में हुई मैत्री संधि के प्रावधानों के तहत नेपाली नागरिक की नियुक्ति वैध है। प्रबंधन ने इसी आधार पर नियुक्ति को नियमों के अनुरूप बताया है। मामले को लेकर अब शासन के निर्णय पर नजर है। जांच रिपोर्ट भेजे जाने के बाद यह स्पष्ट होगा कि नियुक्ति के समय लागू नियमों और भारत-नेपाल मैत्री संधि के प्रावधानों के तहत शिक्षक की नियुक्ति को किस तरह देखा जाता है। इस निर्णय के आधार पर मदरसे के संबंध में आगे की प्रशासनिक कार्रवाई भी तय हो सकती है।

















