नई दिल्ली: कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बड़ा दावा किया है। उनका कहना है कि ईरान के साथ सैन्य टकराव खत्म होते ही तेल की कीमतें तेजी से गिरेंगी। उन्होंने कहा कि मुझे नहीं लगता कि यह टकराव ज्यादा लंबा चलेगा। उन्होंने अमेरिका में कीमतों में बढ़ोतरी के लिए बाइडेन प्रशासन को भी जिम्मेदार ठहराया।
ट्रंप का कहना है कि तेल कीमतें तेजी से नीचे आने वाली हैं। होर्मूज में ईरान के पहरे और लाल सागर में हूतियों के हमले के बीच सऊदी अरब ने भी क्रूड ऑयल की अपनी ईस्ट-वेस्ट पाइपलाइन बंद कर दिया है। जिससे ब्रेंट क्रूड की कीमतें 108 डॉलर प्रति बैरल के करीब पहुंच गई हैं। ऐसे में ट्रंप ने तेल की कीमतें कम होने को लेकर बड़ा बयान दिया है।
उन्होंने कहा कि बाइडेन के समय तेल की कीमतें अभी की तुलना में ज्यादा थीं। ट्रंप का कहना है कि पूरे अमेरिका में कीमतों में बढ़ोतरी ‘स्लीपी जो बाइडेन’ और बाइडेन प्रशासन के कारण हुई, न कि ‘ट्रंप’ के कारण’। बता दें कि गुरुवार को इराक से छोड़े गए ड्रोन ने ईस्ट-वेस्ट पाइपलाइन को नुकसान पहुंचाया। इसके बाद सऊदी सरकार को कच्चे तेल की इस अहम पाइपलाइन को बंद करना पड़ा।

















