नई दिल्ली। फ्रीज खातों से संबंधित मामले में तृणमूल कांग्रेस को सुप्रीम कोर्ट से कोई राहत नहीं मिली है। न्यायालय ने फ्रीज खातों से दैनिक खर्चों के लिए सीमित राशि की निकासी करने का आदेश देने से इनकार कर दिया है। जस्टिस एमएम सुंदरेश की अध्यक्षता वाली बेंच ने कहा कि अभी ये मामला उच्च न्यायालय में लंबित है और ऐसे में कोई भी आदेश पारित करने से उच्च न्यायालय के आदेश पर असर पड़ सकता है।
इसके पहले कोर्ट ने प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) से पूछा था कि क्या तृणमूल कांग्रेस के फ्रीज खातों से सीमित राशि दैनिक खर्चों के लिए कोर्ट की ओर से नियुक्त प्रशासक को जारी की जा सकती है। सुनवाई के दौरान उच्चतम न्यायालय ने ईडी को सुझाव दिया था कि प्रशासन को कुछ राशि जारी कर दीजिए, ताकि वो पार्टी रोजमर्रा के कामकाज का संचालन कर सके। इस पर ईडी की ओर से पेश एएसजी एसवी राजू ने कहा था कि यह राशि पहले से उपलब्ध है। 164 करोड़ रुपये जब्त नहीं किए गए हैं। इसका तृणमूल की ओर से पेश वकील कपिल सिब्बल ने विरोध किया और पार्टी को राहत देने की मांग की थी।
ईडी ने जांच के दौरान पार्टी के बैंक खातों को फ्रीज कर दिया था। इसके बाद ममता बनर्जी के नेतृत्व वाले तृणमूल कांग्रेस के गुट ने कलकत्ता उच्च न्यायालय में याचिका दायर की थी। कलकत्ता उच्च न्यायालय ने ममता बनर्जी की याचिका खारिज कर दी थी। इसके बाद ममता बनर्जी ने उच्चतम न्यायालय का दरवाजा खटखटाया है।














