केंद्र सरकार के द्वारा परिसीमन बिल पारित किए जाने के बाद पश्चिम बंगाल में सीटों की संख्या बढ़ने जा रही है। इसे देखते हुए राज्य के मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने केंद्र सरकार के प्रस्तावित डेलिमिटेशन बिल के बाद विधानसभा सीटों की संख्या बढ़ने का संकेत दिया है। उन्होंने स्पीकर रथिंद्र बोस से नई विधानसभा इमारत के लिए जमीन ढूंढने को कहा है।
क्या कहा अधिकारी ने
सीएम अधिकारी बजट सत्र में धन्यवाद प्रस्ताव पर बोल रहे थे। उसी दौरान उन्होंने ये बातें कहीं। मुख्यमंत्री ने कहा कि लोकसभा की तरह नई विधानसभा भवन बनाना पड़ेगा। वजह यह है कि अगर केंद्र का डेलिमिटेशन (निर्वाचन क्षेत्रों की नई सीमाएं तय करना) और महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत आरक्षण लागू होता है, तो मौजूदा इमारत में विधायकों के बैठने की जगह कम पड़ जाएगी।
सीटें 294 से 400 के पार हो सकती हैं
मुख्यमंत्री ने बताया कि फिलहाल विधानसभा में 294 सीटें हैं। डेलिमिटेशन और महिला आरक्षण लागू होने पर यह संख्या 400 से ज्यादा हो जाएगी। उन्होंने स्पीकर से सभी पार्टियों के साथ मिलकर संभावित जगहों का निरीक्षण करने को कहा। PWD और अन्य विभागों को साथ लेकर प्रारंभिक प्लान अभी से तैयार करना चाहिए। सुवेंदु अधिकारी ने कहा, “मैं वित्त मंत्री की मौजूदगी में कह रहा हूं कि पैसे की कोई समस्या नहीं होगी।” उन्होंने कोविड के समय का उदाहरण देते हुए याद दिलाया कि जब सोशल डिस्टेंसिंग के कारण सीटें गैलरी तक बढ़ा दी गई थीं।
न्यू टाउन में पहले से 40 एकड़ जमीन आवंटित
पिछली सरकार ने न्यू टाउन में 40 एकड़ जमीन पहले ही आवंटित कर दी थी। उसी कैंपस में नई विधानसभा इमारत, विधायकों के आवास और विधानसभा सचिवालय बनाने की कुछ तैयारियां हो चुकी हैं। नई इमारत आधुनिक स्टैंडर्ड के अनुसार बनेगी। मौजूदा विधानसभा भवन एक हेरिटेज स्ट्रक्चर है। मुख्यमंत्री ने कहा कि इसका आगे क्या उपयोग होगा, समय बताएगा, लेकिन यह इमारत हेरिटेज है।
इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने विधायकों के भवन और विधानसभा कैंटीन की क्वालिटी सुधारने की बात की। नए विधायकों को सलाह दी कि वे लाइब्रेरी जाएं और खुद को ज्ञान से समृद्ध करें। उन्होंने एक नई वेबसाइट बनाने की भी घोषणा की, जिसमें विधायकों की उपस्थिति और उनके कामकाज की जानकारी दी जाएगी। इससे पारदर्शिता बढ़ेगी।















