सनातन परंपरा में पंचांग केवल तिथि और वार का विवरण नहीं है, बल्कि यह ग्रहों, नक्षत्रों और शुभ-अशुभ समय का दर्पण माना जाता है। 25 जून गुरुवार का दिन ज्येष्ठ मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि के साथ विशेष आध्यात्मिक महत्व रखता है। आज चंद्रमा तुला राशि में स्थित होकर संतुलन, सामंजस्य और संबंधों में मधुरता का संकेत दे रहा है, जबकि सूर्य और बुध मिथुन राशि में रहकर बुद्धि, संवाद और नई योजनाओं को बल प्रदान कर रहे हैं। गुरु और शुक्र का कर्क राशि में संयोग भावनात्मक मजबूती, पारिवारिक सुख तथा शुभ कार्यों के लिए अनुकूल वातावरण बना रहा है।
स्वाती नक्षत्र और शिव योग के प्रभाव से आज का दिन आत्मविश्वास, परिश्रम और सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ने का संदेश देता है। धार्मिक कार्यों, व्रत-पूजन, दान-पुण्य तथा महत्वपूर्ण निर्णयों के लिए भी यह दिन विशेष माना जा सकता है। आइए जानते हैं 25 जून के पंचांग, ग्रह-स्थिति और शुभ समय से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी।
25 जून 2026 को सूर्योदय के समय की ग्रह स्थिति
ग्रह स्थिति
- सूर्य मिथुन में
- चंद्र तुला में
- मंगल वृष में
- बुध मिथुन में
- गुरु कर्क में
- शुक्र कर्क में
- शनि मीन में
- राहु कुंभ में
- केतु सिंह में
- लग्नारंभ समय
- कर्क 06.53 बजे से
- सिंह 09.09 बजे से
- कन्या 11.21 बजे से
- तुला 13.32 बजे से
- वृश्चिक 15.47 बजे से
- धनु 18.03 बजे से
- मकर 20.08 बजे से
- कुंभ 21.54 बजे से
- मीन 23.27 बजेे से
- मेष 00.58 बजे से
- वृष 02.38 बजे से
- मिथुन 04.36 बजे से
- गुरुवार 2026 वर्ष का 176वां दिन
- दिशाशूल दक्षिण ऋतु वर्षा।
- विक्रम संवत् 2083 शक संवत् 1948
- मास ज्येष्ठ पक्ष शुक्ल
- तिथि एकादशी 20.10 बजे को समाप्त।
- नक्षत्र स्वाती 16.29 बजे को समाप्त।
- योग शिव 10.54 बजे को समाप्त।
- करण वणिज 07.09 बजे तदनन्तर विष्टि 20.10 बजे को समाप्त।
- चन्द्रायु 9.9 घण्टे
- रवि क्रान्ति उत्तर 230 24Ó
- सूर्य उत्तरायन












