काठमांडू, (हि.स.)। नेपाल में 5 मार्च को होने वाले संसदीय चुनाव में अधिक से अधिक शामिल हो सकें, इसलिए सरकार ने तीन दिनों के राष्ट्रीय अवकाश की घोषणा की है। मतदान से एक दिन पूर्व और मतदान के दिन सहित कुल तीन दिन सार्वजनिक अवकाश रहेगा।
मंगलवार शाम को हुई कैबिनेट बैठक में निर्वाचन आयोग के प्रस्ताव पर सरकार ने मुहर लगा दी, जिसके बाद बुधवार को राजपत्र प्रकाशित कर तीन दिनों के राष्ट्रीय अवकाश की औपचारिक घोषणा की गई।
इन तीन दिनों के राष्ट्रीय अवकाश की घोषणा के साथ ही अब पूरे आठ दिन का अवकाश हो गया है। सरकार ने पहले ही 2 और 3 मार्च को होली के लिए राष्ट्रीय अवकाश की घोषणा की है। 4, 5 और 6 मार्च को मतदान के लिए राष्ट्रीय अवकाश दिया गया है। 7 मार्च को शनिवार होने से साप्ताहिक अवकाश रहता है। इसी तरह 8 मार्च को अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर सरकारी पूर्व घोषित अवकाश है।
सरकार का मानना है कि अवकाश की घोषणा से सरकारी तथा निजी क्षेत्र के कर्मचारी, श्रमिक, विद्यार्थी और अन्य वर्ग सहज रूप से अपने गृह क्षेत्र जाकर मतदान कर सकेंगे। हालांकि, अत्यावश्यक सेवाएं जैसे स्वास्थ्य, सुरक्षा, संचार तथा आपूर्ति संबंधी सेवाएं पूर्ववत संचालित रहेंगी। प्रशासन ने सभी नागरिकों से लोकतांत्रिक प्रक्रिया में सक्रिय भागीदारी निभाने और शांतिपूर्ण वातावरण में मतदान करने की अपील की है।
मतदान से 72 घंटे पहले भारत और चीन सीमा बंद करने का फैसला
नेपाल में संसदीय चुनावों को शांतिपूर्ण, निष्पक्ष और सुव्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के उद्देश्य से भारत और चीन से लगी सीमा को तीन दिनों के लिए पूर्णतः बंद रखने का निर्णय लिया है। प्रधानमंत्री सुशीला कार्की की अध्यक्षता में आज सिंहदरबार में हुई सुरक्षा परिषद की बैठक में 2 मार्च को रात 12 बजे से लेकर 5 मार्च को शाम 7 बजे तक भारत और चीन से जुड़ी सभी सीमाओं को सील करने का निर्णय लिया गया है।

















