गोरक्षपीठाधीश्वर एवं उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लव जिहाद, कनवर्जन तथा राष्ट्रविरोधी षड्यंत्रों में लिप्त तत्वों को सख्त चेतावनी दी कि हमारी बेटियों के साथ किसी तरह का खिलवाड़ सहन नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि अवैध गतिविधियों के प्रति समाज को जागरूक रहना होगा तथा इनका प्रतिकार करने के लिए पूज्य साधु-संतों को भी आगे आना होगा। गोरक्षपीठाधीश्वर योगी आदित्यनाथ गुरुवार को हरियाणा के सोनीपत जिले में मुरथल स्थित बाबा नागे वाला धाम में आयोजित नाथ संप्रदाय के मूर्ति प्राण-प्रतिष्ठा एवं आठ मान के भव्य भंडारा कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे।
धर्म की आड़ में सनातन को नुकसान पहुंचाने वाले कालनेमियों पर चेतावनी
सीएम ने यह भी कहा कि कई कालनेमि धर्म की आड़ में सनातन धर्म को हानि पहुंचा रहे हैं, इनसे भी सतर्क रहना होगा। एक योगी के लिए, एक संत के लिए, एक सन्यासी के लिए, धर्म व राष्ट्र से बढ़कर कुछ नहीं होता। यही उसके जीवन का ध्येय होना चाहिए। उसकी व्यक्तिगत प्रॉपर्टी कुछ नही होती। धर्म ही उसकी प्रॉपर्टी है, राष्ट्र ही उसका स्वाभिमान होता है। अगर कोई राष्ट्रीय स्वाभिमान को चुनौती देता है तो हमें खुलकर उसके सामने आकर खड़े हो जाना चाहिए। ऐसे बहुत कालनेमि होंगे, जो धर्म की आड़ में सनातन धर्म को कमजोर करने की साज़िश रच रहे होंगे, हमें उनसे सतर्क रहना होगा।
कन्वर्जन, लव जिहाद और डेमोग्राफी बदलने की साजिश पर सरकार का रुख
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि कन्वर्जन और राष्ट्रविरोधी गतिविधियों को पूरी तरह नियंत्रित किया जाएगा। इसके साथ ही डेमोग्राफी बदलने की जो साजिश हो रही है, लव जिहाद के नाम पर हमारी बेटियों के साथ जो खिलवाड़ किया जा रहा है। हम उसे रोकेंगे, पूरी शक्ति से रोकेंगे, जागरूकता से रोकेंगे। समाज के जागरूक लोगों और पूज्य संतों को भी इसके लिए आगे बढ़ना होगा। परिवारों को सुसंस्कृत किया जाएगा। सीएम ने कहा कि याद करिए, वर्ष 2009 में केरल के माननीय उच्च न्यायालय ने कहा था कि ‘लव जिहाद’ केरल जैसे राज्य को इस्लामी राज्य बनाने की साजिश का हिस्सा है। आज जब मैं देखता हूं तो तमाम राज्यों में बड़े पैमाने पर ये षड्यंत्र हो रहे हैं। हमारी संयुक्त परिवारों की परंपरा पहले संस्कारित होकर आगे बढ़ने की प्रेरणा देती थी, लेकिन धीरे-धीरे यह परंपरा विखंडित होती दिखाई दे रही है। इसे पुनः जीवित करने की आवश्यकता है।
प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में ‘एक भारत-श्रेष्ठ भारत’
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश ‘एक भारत-श्रेष्ठ भारत’ को साकार होते हुए देख रहा है। यह हमारा सौभाग्य है कि लगभग एक हजार वर्षों तक विदेशी आक्रांताओं का सामना करते हुए गुलामी की जंजीरों को तोड़कर भारत पुनः अपने वैभव की ओर अग्रसर है। हालांकि, एक समय ऐसा भी आया, जब लोगों को लगने लगा था कि गुलामी हमारी नियति बन गई है, लेकिन भारत की चेतना ने अंगड़ाई ली और देश फिर उठ खड़ा हुआ। आजादी के अमृत काल में प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में जो अभियान आगे बढ़ाया जा रहा है, उसमें भारत और सनातन धर्म का कल्याण एक-दूसरे से जुड़ा हुआ है। दोनों को अलग-अलग करके नहीं देखा जा सकता। सनातन धर्म मजबूत होगा तो विश्व मानवता के कल्याण का मार्ग भी सुदृढ़ होगा। इसलिए भारत का सशक्त होना भी आवश्यक है।
अयोध्या, काशी और प्रयागराज में सनातन वैभव का विस्तार
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि अयोध्या में रामलला के भव्य मंदिर का निर्माण हुआ और आज सनातन धर्म की ध्वजा पूरे वैभव के साथ फहरा रही है। काशी में बाबा विश्वनाथ धाम का कायाकल्प भी इसका जीवंत उदाहरण है। पहले दस श्रद्धालुओं का एक साथ दर्शन कर पाना कठिन था, आज 50 हजार श्रद्धालु एक साथ और प्रतिदिन डेढ़ से दो लाख श्रद्धालु दर्शन कर रहे हैं। अयोध्या धाम में प्रतिदिन डेढ़ लाख से अधिक श्रद्धालु आ रहे हैं। कहीं कोई भय नहीं, कोई अफरा-तफरी नहीं। प्रयागराज में मौनी अमावस्या के दिन साढ़े चार करोड़ श्रद्धालुओं ने संगम में स्नान किया। दुनिया के कई देशों की आबादी इतनी नहीं है, जितनी संख्या में हमारे यहां एक दिन में श्रद्धालु आस्था की डुबकी लगाते हैं। 8वीं शताब्दी से लेकर 19वीं सदी तक भारत ने गुलामी और आक्रांताओं को झेला। अब अगले हजार वर्ष भारत के हैं। सनातन धर्म को परम वैभव तक ले जाने का यह कालखंड है। इसके लिए हम सबको मिलकर कार्य करना होगा, आने वाले हजार वर्षों तक दुनिया में भारत और उसके सनातन धर्म का डंका बजेगा।
नशे के खिलाफ चेतावनी और युवाओं की सुरक्षा का आह्वान
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमें युवा पीढ़ी को भी नशे से बचाना है। देश के दुश्मन हमारी सशक्त सरकार, सेना, अर्धसैनिक व पुलिस बल के आगे बेबस हैं। हमारे जवान दुश्मन को ऐसा मिट्टी में मिलाते हैं कि कब्र की जगह भी नहीं मिल पाती, इसलिए वह सामने से नहीं लड़ना चाहते। दुश्मन चोरी छुपे नशे के जरिये भारत की नौजवान पीढ़ी को खराब करना चाहता है। किसी को कोई अधिकार नहीं है कि युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ करे। सीमा पार से आने वाला ड्रग देश के दुश्मनों की साजिश का परिणाम है। कोई उसमें लिप्त है तो लोकल पुलिस को अवगत कराएं। समाज को और उसके परिवार को अवगत कराया जाए। इसके खिलाफ समाज संगठित होकर उसके विरोध में खड़ा हो जाए।
राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा और धाम विकास का आह्वान
उन्होंने कहा कि याद करिए जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अयोध्या में रामलला की भव्य मूर्ति की प्राण प्रतिष्ठा का कार्यक्रम संपन्न कराया था। इससे पहले 2020 में राम मंदिर के शिलान्यास का कार्यक्रम संपन्न हुआ था। तब से अब तक 45 करोड़ से अधिक श्रद्धालु अयोध्या धाम आ चुके हैं। श्रद्धालुओं की कमी नहीं, कमी हमारे प्रयासों में नहीं होनी चाहिए। हर मंदिर को एक धाम के रूप में विकसित करने की दिशा में कार्य होना चाहिए।

















