Grooming Gangs in Britain : 1955 से ब्रिटेन की बेटियों को निशाना बना रहा मुस्लिम ग्रूमिंग गैंग, जानिए इसका पूरा इतिहास
June 5, 2026
  • Read Ecopy
  • Circulation
  • Advertise
  • Careers
  • About Us
  • Contact Us
Android appiPhone AppArattai
Panchjanya
  • ‌
  • भारत
    • अंडमान और निकोबार द्वीप
    • दादरा और नगर हवेली एवं दमन और दीव
    • अरूणाचल प्रदेश
    • असम
    • आंध्र प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • ओडिशा
    • कर्नाटक
    • केरल
    • गुजरात
    • गोवा
    • चण्‍डीगढ़
    • छत्तीसगढ़
    • जम्‍मू एवं कश्‍मीर
    • झारखण्‍ड
    • तमिलनाडु
    • तेलंगाना
    • त्रिपुरा
    • दिल्ली
    • नागालैण्‍ड
    • पंजाब
    • पश्चिम बंगाल
    • पुडुचेरी
    • बिहार
    • मणिपुर
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • मिजोरम
    • मेघालय
    • राजस्थान
    • लक्षद्वीप
    • लद्दाख
    • सिक्किम
    • हरियाणा
    • हिमाचल प्रदेश
  • विश्व
  • संघ @100
    • संघ को जानें
    • पंच परिवर्तन
      • स्वदेशी
      • कुटुम्ब प्रबोधन
      • सामाजिक समरसता
      • नागरिक कर्तव्य
      • पर्यावरण
    • संघ गीत
  • सम्पादकीय
  • काम की खबरें
  • स्वदेशी
  • जीवनशैली
  • अधिक
    • विभाजन-विभीषिका
    • पाञ्चजन्य इवेंट
      • सुशासन संवाद
      • सागर मंथन
      • मुंबई संकल्प
      • अष्टायाम
      • गुरुकुलम
      • साबरमती संवाद
      • आधार इन्फ्रा
    • वेब स्टोरी
    • ऑपरेशन सिंदूर
    • विश्लेषण
    • लव जिहाद
    • खेल
    • मनोरंजन
    • यात्रा
    • स्वास्थ्य
    • धर्म-संस्कृति
    • पर्यावरण
    • बिजनेस
    • साक्षात्कार
    • शिक्षा
    • रक्षा
    • कला-साहित्य
      • पुस्तकें
      • पुस्तक समीक्षा
    • सोशल मीडिया
    • विज्ञान और तकनीक
    • मत अभिमत
    • श्रद्धांजलि
    • संविधान
    • आजादी का अमृत महोत्सव
    • मानस के मोती
    • जनजातीय नायक
    • पॉडकास्ट
    • पत्रिका
    • हमारे लेखक
  • Subscribe
    • Subscribe Print Edition
    • Subscribe Ecopy
    • Read Ecopy
  • ‌
  • भारत
    • अंडमान और निकोबार द्वीप
    • दादरा और नगर हवेली एवं दमन और दीव
    • अरूणाचल प्रदेश
    • असम
    • आंध्र प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • ओडिशा
    • कर्नाटक
    • केरल
    • गुजरात
    • गोवा
    • चण्‍डीगढ़
    • छत्तीसगढ़
    • जम्‍मू एवं कश्‍मीर
    • झारखण्‍ड
    • तमिलनाडु
    • तेलंगाना
    • त्रिपुरा
    • दिल्ली
    • नागालैण्‍ड
    • पंजाब
    • पश्चिम बंगाल
    • पुडुचेरी
    • बिहार
    • मणिपुर
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • मिजोरम
    • मेघालय
    • राजस्थान
    • लक्षद्वीप
    • लद्दाख
    • सिक्किम
    • हरियाणा
    • हिमाचल प्रदेश
  • विश्व
  • संघ @100
    • संघ को जानें
    • पंच परिवर्तन
      • स्वदेशी
      • कुटुम्ब प्रबोधन
      • सामाजिक समरसता
      • नागरिक कर्तव्य
      • पर्यावरण
    • संघ गीत
  • सम्पादकीय
  • काम की खबरें
  • स्वदेशी
  • जीवनशैली
  • अधिक
    • विभाजन-विभीषिका
    • पाञ्चजन्य इवेंट
      • सुशासन संवाद
      • सागर मंथन
      • मुंबई संकल्प
      • अष्टायाम
      • गुरुकुलम
      • साबरमती संवाद
      • आधार इन्फ्रा
    • वेब स्टोरी
    • ऑपरेशन सिंदूर
    • विश्लेषण
    • लव जिहाद
    • खेल
    • मनोरंजन
    • यात्रा
    • स्वास्थ्य
    • धर्म-संस्कृति
    • पर्यावरण
    • बिजनेस
    • साक्षात्कार
    • शिक्षा
    • रक्षा
    • कला-साहित्य
      • पुस्तकें
      • पुस्तक समीक्षा
    • सोशल मीडिया
    • विज्ञान और तकनीक
    • मत अभिमत
    • श्रद्धांजलि
    • संविधान
    • आजादी का अमृत महोत्सव
    • मानस के मोती
    • जनजातीय नायक
    • पॉडकास्ट
    • पत्रिका
    • हमारे लेखक
  • Subscribe
    • Subscribe Print Edition
    • Subscribe Ecopy
    • Read Ecopy
Panchjanya
panchjanya android mobile app
  • होम
  • भारत
  • विश्व
  • संघ @100
  • सम्पादकीय
  • काम की खबरें
  • स्वदेशी
  • जीवनशैली
  • विश्लेषण
  • मत अभिमत
  • रक्षा
  • धर्म-संस्कृति
  • पत्रिका
  • पाञ्चजन्य इवेंट
  • Print Edition
  • Ecopy
होम विश्व

Grooming Gangs in Britain : 1955 से ब्रिटेन की बेटियों को निशाना बना रहा मुस्लिम ग्रूमिंग गैंग, जानिए इसका पूरा इतिहास

ब्रिटेन में पाकिस्तानी मूल के मुस्लिम पुरुषों द्वारा दशकों से चल रहे ग्रूमिंग गैंग के सच पर खुलासे—1950 से लेकर 2000 तक सामने आए दर्जनों मामले

Written byसोनाली मिश्रासोनाली मिश्रा
Jun 24, 2025, 08:00 pm IST
in विश्व

ब्रिटेन में पाकिस्तानी मुस्लिम आदमियों द्वारा श्वेत लड़कियों को जाल में फँसाकर बलात्कार, शरीर बेचने और ड्रग आदि का शिकार बनाने वाले ग्रूमिंग गैंग की कहानी इन दिनों बहुत वायरल है और लोग अब इस पर बात कर रहे हैं। इस गिरोह के लोगों के पाप दक्षिण एशियाई पुरुषों पर थोपे जा रहे हैं, मगर लोगों का कहना है कि जो लोग पकड़े गए हैं वे न ही जापान के हैं, न ही वियतनाम के, न ही मलेशिया के और न ही भारत के। जो भी लोग पकड़े गए हैं, उनकी पहचान पाकिस्तानी मूल के मुस्लिमों के रूप में हुई है। और यह अस्सी और नब्बे के दशक की घटनाएं बताई जाती हैं।

मगर अब यह भी सामने आ रहा है कि ये घटनाएं अस्सी या नब्बे के दशक से आरंभ नहीं हुई थीं, बल्कि यह और भी पहले से चल रही थीं। jaccusepaper.co.uk में यह बताया गया है कि ये घटनाएं कहीं से भी सत्तर, अस्सी या नब्बे के दशक में नहीं आरंभ हुई थीं, बल्कि ये उससे भी कहीं पहले की थीं। घटनाएं होने लगी थीं और उन्हें छिपाया जाना भी आरंभ हो चुका था।

इसमें बताया गया है कि कैसे ब्रिटेन में पाकिस्तानी जनसंख्या बहुत तेजी से बढ़ी और उसमें से भी पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर के मीरपुर के आप्रवासी हैं। इसमें लिखा है कि 1951 और 2001 के बीच ब्रिटेन में पाकिस्तानी आबादी में उल्लेखनीय वृद्धि हुई, जो 1951 में 10,000 से बढ़कर 1971 में 119,000 हो गयी तथा 2001 तक 747,000 तक पहुंच गयी।

इसमें बताया गया है कि कैसे पाकिस्तानी मूल के लोग ब्रिटेन में रहते हुए भी अपनी मजहबी जड़ों से जुड़े हुए हैं। इसका एक उदाहरण उन्होनें ग्लोसगो में एक अहमदिया मुस्लिम के कत्ल का दिया, जो केवल अपनी अहमदी पहचान के चलते एक सुन्नी मुस्लिम के हाथों मारा गया था।

इसमें लिखा है कि ब्रिटिश न्यूजपेपर आर्काइव में पाकिस्तानी ग्रूमिंग गैंग की कहानियाँ हैं और वे पचास के दशक से आरंभ हुई थीं। 1945 से लेकर 1975 तक ब्रिटिश न्यूजपेपर आर्काइव में जो मामले पाए गए हैं, वे हैं:

1955 का ब्रैडफोर्ड ग्रूमिंग गैंग

पहला स्पष्ट ग्रूमिंग गैंग का मामला सामने आया था, जिसमें चार ब्रैडफोर्ड-स्थित पाकिस्तानी पुरुष ब्रैडफोर्ड सिटी कोर्ट में पेश हुए, जिन पर मिडिल्सब्रो की 15 वर्षीय लड़की के साथ शारीरिक संबंध बनाने का आरोप था। 2025 में ब्रैडफोर्ड काउंसिल ने फिर से रॉबी मूर एमपी की जाँच की माँग को अस्वीकार कर दिया।

1957 में पाकिस्तानियों से ‘बुरी संगत’ वाली केंट की लड़कियाँ

यह मामला था “कैमडेन रोड की 13 वर्षीय पॉलीन बीच और फ़ॉरेस्ट रोड की 14 वर्षीय एन लॉरेंस का, जो अपने घर से गायब हो गई थीं। उनकी माताओं को संदेह था कि लड़कियाँ लंदन गई होंगी, संभवतः किसी पाकिस्तानी परिचित से मिलने। हालाँकि एन पहले भी भाग चुकी है लेकिन यह सबसे लंबे समय तक वह घर से गायब थी।

1959 में केघली वेस्ट यॉर्कशायर में ग्रूमिंग

“एक महिला पुलिसकर्मी को दिए गए बयान में 16 वर्षीय कोलने लड़की ने स्वीकार किया कि उसने केघली होटल में छह जिन और ऑरेंज पिया था। इसके बाद वह 30 वर्षीय पाकिस्तानी के साथ बाहर गई और उस रात घर वापस नहीं लौटी। लड़की को किशोर पैनल के सामने पेश किया गया और अध्यक्ष, श्री आर. जे. वाकर ने इस मामले के बारे में कहा कि वह उनके 20 वर्षों के अनुभव में सबसे खराब था। इस बच्ची के लिए तीन वर्ष के लिए सुपरवीजन के आदेश दिए गए और कहा गया कि वह शराब और उन लोगों से दूर रहे!

1959 हेलिफ़ैक्स, यॉर्कशायर में ग्रूमिंग

“15 वर्षीय लड़की हैलिफ़ैक्स जुवेनाइल कोर्ट के समक्ष पेश हुई, जहाँ अधीक्षक एल. मैसेस, एम.बी.ई. ने साक्ष्य दिए कि उसके माता-पिता को पता था कि वह एक पाकिस्तानी व्यक्ति (जिसे अदालत में “मिस्टर एक्स” के रूप में संदर्भित किया गया था) के साथ संबंध बना रही थी। इसके बाद उसे तीन सप्ताह के लिए रिमांड होम भेज दिया गया। इसमें अभिभावकों द्वारा संरक्षण के अभाव की बात की गई थी।

1960-नेल्सन, लंकाशायर में ग्रूमिंग गैंग

यह दावा किया जाता है कि नेल्सन के एक घर में 13 वर्षीय लड़की और उसकी 17 वर्षीय दोस्त के साथ अभद्र व्यवहार किया गया था। इस मामले में भी पाकिस्तानी पुरुष ही आरोपी थे और उन्हें पर्याप्त सबूत के बाद जेल में डाल दिया गया था और इसमें लड़की की तस्करी के सबूत भी हैं, क्योंकि लड़कियों को ब्रैडफ़ोर्ड के एक घर में ले जाया गया था।

1962 14 वर्षीय लड़की ‘पाकिस्तानी के साथ रहती थी’

एक 14 वर्षीय लड़की, जो घर से भाग गई थी और दो सप्ताह तक एक पाकिस्तानी व्यक्ति के साथ रही थी, को वेस्ट हार्टलपूल जुवेनाइल कोर्ट ने उसके माता-पिता को लौटा दिया था। उसे पुलिस महिला सिल्विया वार्ड ने वेस्ट हार्टलपूल के एक घर में पाया, जिसमें कई पाकिस्तानी पुरुष रहते थे। यह पता चला कि लड़की कॉफी बार में उस व्यक्ति से मिलने के बाद वहां गई थी और उसे अपनी असली उम्र न बताने का निर्देश दिया गया था।

1962 – फेवरशाम ग्रूमिंग गैंग

तीन पाकिस्तानी पुरुषों को उनके अपने ‘समुदाय’ द्वारा एक 15 वर्षीय लड़की के बलात्कार के लिए सजा सुनाई गई, जिसके पास पुरुषों का अनुभव था”।

1964- नेल्सन ग्रूमिंग गैंग

नेल्सन की एक 14 वर्षीय लड़की, जो “संदिग्ध चरित्र” वाले पाकिस्तानी पुरुषों और महिलाओं के साथ मिलती-जुलती थी, को एक किशोर पैनल के सामने पेश किया गया। एक शिक्षक ने पाया कि लड़की घर पर खुश नहीं थी और पाकिस्तानी समुदाय की ओर आकर्षित थी, और उनके स्वामित्व वाले और अक्सर आने वाले एक कैफ़े में समय बिताती थी। अदालत ने उसे दो साल के लिए सुपरवीजन में भेजा था।

1964 कोल्ने, नेल्सन ग्रूमिंग गैंग

कोल्ने की 15 और 16 साल की दो लड़कियों ने घर से भागने के बाद ब्लैकबर्न में पाकिस्तानी पुरुषों के साथ रहने की बात स्वीकार की। पैडीहम जुवेनाइल कोर्ट ने उन्हें देखभाल और सुरक्षा की ज़रूरत मानते हुए दोनों पर दो साल की निगरानी के आदेश दिए। उनके माता-पिता को भी उचित नियंत्रण रखने के लिए कहा गया।

1966 हैलीफ़ैक्स, यॉर्कशायर में ग्रूमिंग गैंग

13 और 11 साल की दो बहनों हैलीफ़ैक्स कोर्ट ने अस्थायी देखभाल में रखा था। बड़ी लड़की, जिसे पहले अपनी माँ की सहमति से लिवरपूल में एक पाकिस्तानी व्यक्ति के घर पर पाया गया था, को अतिरिक्त देखभाल की आवश्यकता थी, जबकि छोटी लड़की को मध्य अक्टूबर तक स्थानीय अथॉरिटी केयर में रखा गया था। उनके पिता ने माँ के खराब स्वास्थ्य का हवाला देते हुए कहा कि वह छोटी बच्ची को घर पर रखना चाहते हैं, लेकिन इस बात पर सहमत थे कि बड़ी बेटी को अतिरिक्त सहायता की आवश्यकता है। पुलिस रिपोर्टों से संकेत मिलता है कि बच्चों को कई बार बिना देखरेख के छोड़ दिया गया था, और जब वे लापता हुईं थी तो ब्रैडफोर्ड में पाई गईं थीं।

1966 ओल्डहम ग्रूमिंग गैंग

30 वर्षीय पाकिस्तानी व्यक्ति, मोहम्मद हबीब पर ओल्डहम, लंकाशायर में दो लड़कों और दो लड़कियों को शराब (जिन और वोदका) देने के बाद 13 वर्षीय लड़की पर हमला करने का आरोप लगाया गया था। हबीब को निर्वासन की सिफारिश के साथ रिमांड पर लिया गया था।

ये मामले बताते हैं कि सत्तर के दशक से पहले से ही ब्रिटिश श्वेत लड़कियों के साथ ग्रूमिंग गैंग अपनी हरकतें आरंभ कर चुका था। इसमें और भी मामले दिए गए हैं, जिनमें पाकिस्तानियों द्वारा किशोरों और युवा महिलाओं के खिलाफ गंभीर यौन हिंसा के कई उदाहरण सामने आए हैं।

  • 1950 में वेल्स में हत्या का प्रयास
  • 1960 – एक पाकिस्तानी व्यक्ति नेल्सन, लिंकनशायर में एक 16 वर्षीय लड़की का पीछा करता है, उसे पीछे की गली में खींचता है और उस पर हमला करता है।
  • 1961 – “ट्राफलगर स्क्वायर में पाकिस्तानी द्वारा लड़की को पीटा गया”
  • 1961 – नेल्सन में पाकिस्तानी आप्रवासी ने दो लड़कियों और एक डरी हुई महिला को परेशान करने का प्रयास किया।
  • 1962 – “लीसेस्टर में 11 वर्षीय लड़की पर पाकिस्तानी द्वारा अभद्र हमला”।
  • 1966 – रीडिंग में पाकिस्तानी ने बच्ची का बलात्कार किया
  • 1970 – चार पाकिस्तानी पुरुषों पर अपहरण और सामूहिक बलात्कार का आरोप लगाया गया
  • 1972 – बकिंघमशायर में दो पाकिस्तानी युवकों से लिफ्ट लेकर घर जाने के बाद पाकिस्तानी पुरुषों द्वारा दो लड़कियों का बलात्कार। हाई वायकॉम्ब, 11.8% पाकिस्तानी, में अभी तक जांच नहीं हुई है।
  • 1973 – लिफ्ट लेने के बाद चार पाकिस्तानी पुरुषों द्वारा दो बीस वर्षीय लड़कियों का बलात्कार किया गया।
  • 1973 – रीडिंग में चाकू की नोंक पर पाकिस्तानी द्वारा 17 वर्षीय लड़की का बलात्कार किया गया।
  • 1975 – 18 वर्षीय लड़की के साथ न्यूकैसल के एक फ्लैट में मोहम्मद रियास (20) और मोहम्मद रियास (19) के रूप में पहचाने जाने वाले दो पाकिस्तानी पुरुषों द्वारा कई बार बलात्कार किया गया। उसे एक टैक्सी में उठाया गया था।
  • 1975 – 18 वर्षीय लड़की को पाकिस्तानी द्वारा बंदी बनाकर बलात्कार किया गया।

इस पोर्टल में दिए गए उदाहरणों से यह पता चलता है कि ब्रिटेन में पाकिस्तानी ग्रूमिंग गैंग बहुत पहले से जारी था और अब आकर लोग न्याय की बात कर रहे हैं।

स्रोत – https://www.jaccusepaper.co.uk/p/the-historical-context-of-pakistani?s=08

Topics: Rotherham grooming historyपाकिस्तानी ग्रूमिंग गैंगMirpur Pakistani immigrantsब्रिटेन सेक्स स्कैंडलमुस्लिम ग्रूमिंगयूके पाकिस्तानी अपराधब्रिटिश हिंदू लड़कियां टारगेटjaccusepaper रिपोर्टPakistani Grooming Gangs UKMuslim sex crimes UKBritish grooming scandalsjaccusepaper report
Share1TweetSendShareSend
Subscribe Panchjanya YouTube Channel
Download Panchjanya mobile apps: Google Play Store  / App Store

संबंधित समाचार

UK Grooming Gang

ब्रिटेन की घटना और न्याय की पुकार: अपराध के विरुद्ध साझा आक्रोश

ब्रिटेन में ग्रूमिंग गैंग विवाद : पाकिस्तानी मुस्लिम गैंग को एशियाई पुरुषों का गैंग कहने पर भड़के लोग

ब्रिटेन में रॉदरहैम ग्रूमिंग गैंग का आतंक : हजारों श्वेत लड़कियां पीड़ित, कहा- गोरी लड़कियां इसीलिए होती हैं…

Britain Grooming gangs

रोथेरहम ग्रूमिंग गैंग के सदस्यों को मिली 6,00,000 यूरो की कानूनी सहायता: जीबी न्यूज़ का दावा

British PM Keir starmer resignation

ब्रिटेन में ग्रूमिंग जिहाद पर चुप्पी: कीर स्टार्मर मुस्लिमों को बता रहे ‘उदार’, कहा-यही ला रहे रहे सकारात्मक बदलाव

Islamophobia council in UK

इस्लामोफोबिया केवल मुस्लिम ग्रूमिंग गैंग्स की रिपोर्टिंग को दबाने के लिए बनाया गया?: थिंक टैंक की रिपोर्ट में दावा

Load More

ताज़ा समाचार

पर्यावरण दिवस पर विशेष : प्रकृति ही परमात्मा

rss karyakarta vikas varg nagpur concludes kumar mangalam birla speech

“संघ का कार्य अभूतपूर्व है” : नागपुर में बोले कुमार मंगलम बिरला, ‘कार्यकर्ता विकास वर्ग’ के समापन पर दिया बड़ा मंत्र

rss karyakarta vikas varg nagpur mohan-bhagwat speech kumar mangalam birla

“दुनिया को भारत की आवश्यकता है” : डॉ. मोहन भागवत जी

rss path sanchalan karyakarta vikas varg nirala nagar lucknow

लखनऊ: RSS के ‘कार्यकर्ता विकास वर्ग’ का भव्य पथ संचलन, घोष की धुन और कदमताल से दिखा अनुशासन का अद्भुत नजारा

विश्व पर्यावरण दिवस :- स्वस्थ पर्यावरण, स्वस्थ जीवन : आज की सबसे बड़ी आवश्यकता

5 जून का पंचांग

5 जून पंचांग: किस समय करें शुभ कार्य, क्या कहती है ग्रहों की स्थिति?

Constitution expert Dr Subhash Kashyap passes away

संविधान विशेषज्ञ और पद्म भूषण डॉ. सुभाष कश्यप का 97 वर्ष की उम्र में निधन, संसदीय जगत में शोक की लहर

ऑपरेशन ब्लू स्टार की बरसी: बड़े मंदिरों को बम से उड़ाने की धमकी, लिखा- बदला, बदला, बदला

bijnor umar international meat factory-sealed 168 crore assets attached in cow smuggling

बिजनौर: ‘फिश फूड’ की आड़ में गोतस्करी, अतीक अहमद की 168 करोड़ की मीट फैक्ट्री सील

बशीर बद्र (फाइल फोटो)

असली जमींदार कौन? भारत की मिट्टी पर अधिकार: कब्रों से या कर्तव्यों से?

Load More
  • Privacy
  • Terms
  • Cookie Policy
  • Refund and Cancellation
  • Delivery and Shipping

© Bharat Prakashan (Delhi) Limited.
Tech-enabled by Ananthapuri Technologies

  • Search Panchjanya
  • होम
  • भारत
    • अंडमान और निकोबार द्वीप
    • दादरा और नगर हवेली एवं दमन और दीव
    • अरूणाचल प्रदेश
    • असम
    • आंध्र प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • ओडिशा
    • कर्नाटक
    • केरल
    • गुजरात
    • गोवा
    • चण्‍डीगढ़
    • छत्तीसगढ़
    • जम्‍मू एवं कश्‍मीर
    • झारखण्‍ड
    • तमिलनाडु
    • तेलंगाना
    • त्रिपुरा
    • दिल्ली
    • नागालैण्‍ड
    • पंजाब
    • पश्चिम बंगाल
    • पुडुचेरी
    • बिहार
    • मणिपुर
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • मिजोरम
    • मेघालय
    • राजस्थान
    • लक्षद्वीप
    • लद्दाख
    • सिक्किम
    • हरियाणा
    • हिमाचल प्रदेश
  • विश्व
  • संघ @100
    • संघ को जानें
    • पंच परिवर्तन
      • स्वदेशी
      • सामाजिक समरसता
      • कुटुम्ब प्रबोधन
      • पर्यावरण
      • नागरिक कर्तव्य
    • संघ गीत
  • सम्पादकीय
  • काम की खबरें
  • स्वदेशी
  • जीवनशैली
  • विभाजन-विभीषिका
  • पाञ्चजन्य इवेंट
    • सुशासन संवाद
    • सागर मंथन
    • मुंबई संकल्प
    • अष्टायाम
    • गुरुकुलम
    • साबरमती संवाद
    • आधार इन्फ्रा
  • वेब स्टोरी
  • ऑपरेशन सिंदूर
  • विश्लेषण
  • लव जिहाद
  • खेल
  • मनोरंजन
  • यात्रा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म-संस्कृति
  • पर्यावरण
  • बिजनेस
  • साक्षात्कार
  • शिक्षा
  • रक्षा
  • कला-साहित्य
    • पुस्तकें
    • पुस्तक समीक्षा
  • सोशल मीडिया
  • विज्ञान और तकनीक
  • मत अभिमत
  • श्रद्धांजलि
  • संविधान
  • आजादी का अमृत महोत्सव
  • पॉडकास्ट
  • पत्रिका
  • हमारे लेखक
  • Read Ecopy
  • प्रसार विभाग – Circulation
  • About Us
  • Contact Us
  • Careers @ BPDL
  • Advertise
  • Privacy Policy

© Bharat Prakashan (Delhi) Limited.
Tech-enabled by Ananthapuri Technologies