हल्द्वानी: विवादों में रहने वाले पूर्व क्रिकेटर मनोज प्रभाकर पर एक और मामला पुलिस में दर्ज हुआ है। मामला धोखाधड़ी का है और इसमें उनके पुत्र रोहन प्रभाकर पर भी आरोप लगे हैं।
हल्द्वानी कोतवाली में दर्ज किए मुकदमे में हल्द्वानी की फर्म गुरुनानक इंटरप्राइजेज के स्वामी जसविंदर सिंह ने आरोप लगाया है कि वे प्रभाकर की कंपनी नेचुरेंस हर्बल प्रोडक्ट्स का काम करते थे। इस काम के शुरू करने से पहले कंपनी द्वारा उनसे ढाई लाख की धरोहर राशि और ब्लैंक चेक लिया गया, माल आता रहा भुगतान होता रहा। एकाएक फैक्ट्री कंपनी बंद कर दी गई, बाजार में जो उधर फंसा था उसे कंपनी के प्रतिनिधि ने उगाह लिया जिसकी जानकारी उन्हें नहीं दी गई।
अब न तो कंपनी द्वारा उनकी धरोहर राशि वापिस दी जा रही है और न ही बाजार से उगाहा गया पैसा। जानकारी के अनुसार, पीड़ित ने इस मामले में हल्द्वानी कोतवाली में तहरीर दी, किन्तु मामला दर्ज नहीं किया गया। जिसके बाद कोर्ट की शरण ली गई, जिसके बाद मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट श्री अखिल पांडेय के निर्देश पर हल्द्वानी कोतवाली में मामला दर्ज किया गया है।
कोतवाल राजेश यादव ने बताया कि मामला दर्ज होने के बाद जांच पड़ताल शुरू की गई है। इससे पूर्व 2024 में भी लखनऊ निवासी नीरज शुक्ला द्वारा भी इसी तरह का मामला हल्द्वानी कोतवाली में दर्ज कराते हुए 11.44 लाख रु की बेईमानी का आरोप लगाया था।
मनोज प्रभाकर और उसके परिजन पिछले कुछ समय से लगातार विवादों की वजह से चर्चा में रहे हैं।

















