PFI को सुप्रीम कोर्ट से बड़ा झटका, सर्वोच्च न्यायालय ने रद्द की 8 सदस्यों की जमानत, कहा- 'देश की सुरक्षा सर्वोपरि'
October 10, 2026
  • Read Ecopy
  • Circulation
  • Advertise
  • Careers
  • About Us
  • Contact Us
Android appiPhone AppArattai
Panchjanya
  • ‌
  • भारत
    • अंडमान और निकोबार द्वीप
    • दादरा और नगर हवेली एवं दमन और दीव
    • अरूणाचल प्रदेश
    • असम
    • आंध्र प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • ओडिशा
    • कर्नाटक
    • केरल
    • गुजरात
    • गोवा
    • चण्‍डीगढ़
    • छत्तीसगढ़
    • जम्‍मू एवं कश्‍मीर
    • झारखण्‍ड
    • तमिलनाडु
    • तेलंगाना
    • त्रिपुरा
    • दिल्ली
    • नागालैण्‍ड
    • पंजाब
    • पश्चिम बंगाल
    • पुडुचेरी
    • बिहार
    • मणिपुर
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • मिजोरम
    • मेघालय
    • राजस्थान
    • लक्षद्वीप
    • लद्दाख
    • सिक्किम
    • हरियाणा
    • हिमाचल प्रदेश
  • विश्व
  • संघ @100
    • संघ को जानें
    • पंच परिवर्तन
      • स्वदेशी
      • कुटुम्ब प्रबोधन
      • सामाजिक समरसता
      • नागरिक कर्तव्य
      • पर्यावरण
    • संघ गीत
  • सम्पादकीय
  • काम की खबरें
  • स्वदेशी
  • जीवनशैली
  • अधिक
    • विभाजन-विभीषिका
    • पाञ्चजन्य इवेंट
      • सुशासन संवाद
      • सागर मंथन
      • मुंबई संकल्प
      • अष्टायाम
      • गुरुकुलम
      • साबरमती संवाद
      • आधार इन्फ्रा
    • वेब स्टोरी
    • ऑपरेशन सिंदूर
    • विश्लेषण
    • लव जिहाद
    • खेल
    • मनोरंजन
    • यात्रा
    • स्वास्थ्य
    • धर्म-संस्कृति
    • पर्यावरण
    • बिजनेस
    • साक्षात्कार
    • शिक्षा
    • रक्षा
    • कला-साहित्य
      • पुस्तकें
      • पुस्तक समीक्षा
    • सोशल मीडिया
    • विज्ञान और तकनीक
    • मत अभिमत
    • श्रद्धांजलि
    • संविधान
    • आजादी का अमृत महोत्सव
    • मानस के मोती
    • जनजातीय नायक
    • पॉडकास्ट
    • पत्रिका
    • हमारे लेखक
  • Subscribe
    • Subscribe Print Edition
    • Subscribe Ecopy
    • Read Ecopy
  • ‌
  • भारत
    • अंडमान और निकोबार द्वीप
    • दादरा और नगर हवेली एवं दमन और दीव
    • अरूणाचल प्रदेश
    • असम
    • आंध्र प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • ओडिशा
    • कर्नाटक
    • केरल
    • गुजरात
    • गोवा
    • चण्‍डीगढ़
    • छत्तीसगढ़
    • जम्‍मू एवं कश्‍मीर
    • झारखण्‍ड
    • तमिलनाडु
    • तेलंगाना
    • त्रिपुरा
    • दिल्ली
    • नागालैण्‍ड
    • पंजाब
    • पश्चिम बंगाल
    • पुडुचेरी
    • बिहार
    • मणिपुर
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • मिजोरम
    • मेघालय
    • राजस्थान
    • लक्षद्वीप
    • लद्दाख
    • सिक्किम
    • हरियाणा
    • हिमाचल प्रदेश
  • विश्व
  • संघ @100
    • संघ को जानें
    • पंच परिवर्तन
      • स्वदेशी
      • कुटुम्ब प्रबोधन
      • सामाजिक समरसता
      • नागरिक कर्तव्य
      • पर्यावरण
    • संघ गीत
  • सम्पादकीय
  • काम की खबरें
  • स्वदेशी
  • जीवनशैली
  • अधिक
    • विभाजन-विभीषिका
    • पाञ्चजन्य इवेंट
      • सुशासन संवाद
      • सागर मंथन
      • मुंबई संकल्प
      • अष्टायाम
      • गुरुकुलम
      • साबरमती संवाद
      • आधार इन्फ्रा
    • वेब स्टोरी
    • ऑपरेशन सिंदूर
    • विश्लेषण
    • लव जिहाद
    • खेल
    • मनोरंजन
    • यात्रा
    • स्वास्थ्य
    • धर्म-संस्कृति
    • पर्यावरण
    • बिजनेस
    • साक्षात्कार
    • शिक्षा
    • रक्षा
    • कला-साहित्य
      • पुस्तकें
      • पुस्तक समीक्षा
    • सोशल मीडिया
    • विज्ञान और तकनीक
    • मत अभिमत
    • श्रद्धांजलि
    • संविधान
    • आजादी का अमृत महोत्सव
    • मानस के मोती
    • जनजातीय नायक
    • पॉडकास्ट
    • पत्रिका
    • हमारे लेखक
  • Subscribe
    • Subscribe Print Edition
    • Subscribe Ecopy
    • Read Ecopy
Panchjanya
panchjanya android mobile app
  • होम
  • भारत
  • विश्व
  • संघ @100
  • सम्पादकीय
  • काम की खबरें
  • स्वदेशी
  • जीवनशैली
  • विश्लेषण
  • मत अभिमत
  • रक्षा
  • धर्म-संस्कृति
  • पत्रिका
  • पाञ्चजन्य इवेंट
  • Print Edition
  • Ecopy
होम भारत

PFI को सुप्रीम कोर्ट से बड़ा झटका, सर्वोच्च न्यायालय ने रद्द की 8 सदस्यों की जमानत, कहा- ‘देश की सुरक्षा सर्वोपरि’

सर्वोच्च न्यायलय ने अपने आदेश से पलटा मद्रास हाईकोर्ट का फैसला, अदालत ने आरोपितों को तुरंत सरेंडर करने का दिया निर्देश

Written byPanchjanyaPanchjanya
May 22, 2024, 09:51 pm IST
inभारत, दिल्ली
भारत का सुप्रीम कोर्ट

भारत का सुप्रीम कोर्ट

नई दिल्ली । सुप्रीम कोर्ट (SC) ने बुधवार को गैरकानूनी गतिविधि रोकथाम अधिनियम (UAPA) के तहत आरोपित प्रतिबंधित पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (PFI) से जुड़े आठ लोगों की जमानत रद्द कर दी। मद्रास उच्च न्यायालय द्वारा दिए गए जमानत आदेश को रद्द करते हुए, सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि इन लोगों के खिलाफ आतंकवादी कृत्यों को अंजाम देने के लिए पैसे इकट्ठा करने के आरोप ‘प्रथम दृष्टया सच’ प्रतीत होते हैं।

लाइव लॉ की रिपोर्ट के अनुसार, न्यायमूर्ति बेला त्रिवेदी और न्यायमूर्ति पंकज मिथल की पीठ ने 19 अक्टूबर, 2023 के उच्च न्यायालय के आदेश के खिलाफ राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) की याचिका पर यह फैसला सुनाया। पीठ ने कथित अपराधों की गंभीरता, कारावास की अवधि (1.5 वर्ष), और NIA द्वारा पेश किए गए मटेरियल पर विचार करते हुए उच्च न्यायालय के आदेश में हस्तक्षेप करने का निर्णय लिया।

सुप्रीम कोर्ट ने अपने आदेश में कहा कि “आरोपियों के खिलाफ आरोप प्रथम दृष्टया सत्य हैं और UAPA की धारा 43D(5) के तहत आरोपियों को जमानत पर रिहा नहीं किया जा सकता।” न्यायालय ने कहा कि अपराधों की गंभीरता को देखते हुए और आरोप पत्र में बताए गए आरोपियों के पिछले आपराधिक इतिहास को भी ध्यान में रखते हुए उच्च न्यायालय के आदेश को कायम नहीं रखा जा सकता।

कोर्ट ने यह भी कहा कि UAPA आतंकवादी गतिविधियों पर अंकुश लगाने और देश में राष्ट्रीय सुरक्षा को सर्वोपरि रखने का प्रयास करता है। इस प्रकार, UAPA के तहत आरोपी व्यक्तियों या संगठनों की नागरिक स्वतंत्रता पर लगाए गए प्रतिबंध भारत की संप्रभुता और अखंडता को बनाए रखने के व्यापक हित में किए गए हैं।

अदालत ने उच्च न्यायालय द्वारा पारित आदेश को रद्द करते हुए आरोपियों को NIA के सामने तुरंत सरेंडर करने का निर्देश दिया। न्यायालय ने विशेष अदालत को फैसले में किसी भी टिप्पणी से प्रभावित हुए बिना कानून का तेजी से पालन करने का भी निर्देश दिया।

मद्रास हाईकोर्ट के जस्टिस एसएस सुंदर और सुंदर मोहन द्वारा दिए गए आदेश में आरोपी को ‘आतंकवादी कार्य करने’ के लिए धन इकट्ठा करने के अपराध जैसी किसी भी आतंकवादी गतिविधियों से जोड़ने से इनकार कर दिया गया था। हालांकि, NIA ने अपनी जांच में एक ‘विजन डॉक्यूमेंट’ का खुलासा किया था, जिसमें कई RSS नेताओं के निशानों का कलेक्शन दिखाया गया था। आरोप था कि इस विजन डॉक्यूमेंट के मुताबिक, आरोपियों ने RSS और अन्य हिंदू संगठनों के नेताओं को PFI की ‘हिट लिस्ट’ में शामिल किया था।

इस निर्णय के साथ, सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट संदेश दिया है कि राष्ट्रीय सुरक्षा के मुद्दों पर कोई समझौता नहीं किया जाएगा और देश की संप्रभुता और अखंडता की रक्षा के लिए कठोर कदम उठाए जाएंगे।

Topics: पीएफआईpfiNational News In HindiIndia News In Hindiसुप्रीम कोर्टPopular Front of Indiaपॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडियाNews in hindiUnlawful Activities (Prevention) ActHindi newsगैरकानूनी गतिविधि रोकथाम अधिनियमSupreme Court
Share
Tweet
SendShareSend
Subscribe Panchjanya YouTube Channel
Download Panchjanya mobile apps: Google Play Store  / App Store

संबंधित समाचार

भगवंत मान, मुख्यमंत्री, पंजाब

भगवंत मान सरकार से जुड़े भ्रष्टाचार मामले में सुप्रीम कोर्ट में नया मोड़, जस्टिस शील नागू सुनवाई से हुए अलग; जानें वजह

Supreme Court

पंजाब निकाय चुनाव: विपक्षी उम्मीदवारों को नामांकन से रोकने पर SC ने 50 वार्डों के चुनाव निरस्त किए

supreme court

ऐसा माहौल बनाया जाए कि रात 10 बजे भी हर महिला सुरक्षित महसूस करे: सुप्रीम कोर्ट

Supreme Court

सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली पुलिस से कहा- रेप करने वालों के मन में डर पैदा करो, वरना हालात नहीं सुधरेंगे

Supreme Court

सुप्रीम कोर्ट आज CEC ज्ञानेश कुमार के खिलाफ याचिकाओं पर करेगा सुनवाई, निलंबन की मांग

कौन है मुल्ला अफरोज? संभल हिंसा से लेकर लग्जरी वाहनों की चोरी तक; लंबा है आपराधिक इतिहास

Load More

ताज़ा समाचार

हेमकुण्ड साहिब के कपाट शीतकाल के लिए बंद, 3.84 लाख श्रद्धालुओं ने किए दर्शन

पुष्कर सिंह धामी, मुख्यमंत्री, उत्तराखंड

SIR पर राहुल का विरोध राजनीतिक हताशा : मुख्यमंत्री धामी

हरिद्वार: शांतिकुंज में पितृमोक्ष अमावस्या पर देश-विदेश के श्रद्धालुओं ने किया श्राद्ध कर्म

मां विंध्यवासिनी

नवरात्र में मां विंध्यवासिनी के दर्शन होंगे आसान, 21 से बढ़ाकर 86 की गई बसों की संख्या

Gold Silver Price Today

Gold-Silver Price Today: वाराणसी में सस्ता हुआ सोना-चांदी, जानें 24, 22 और 18 कैरेट गोल्ड का ताजा भाव

आजिंक्य शिंदे

अब सीजेपी की जिम्मेदारी आम आदमी पार्टी से जुड़े आजिंक्य के पास

‘Shame on You!’ फ्लाइट में CJP नेताओं की हुई फजीहत? को-पैसेंजर्स ने क्यों जताया गुस्सा

बंगाल विभाजन की अनकही त्रासदी

बेंगलुरु में कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके, प्रवक्ता आशुतोष रांका और यूट्यूबर ध्रुव राठी।

राजनीति की रपटीली राहों में फिसली सीजेपी, छात्रहित से शुरू हुआ आंदोलन राजनीतिक भंवर में फंसा?

डीसीपी नारा चैतन्य

दिल्ली के इंडिया गेट पर क्या है माहौल? DCP नारा चैतन्य ने बताया कैसे हैं हालात?

Load More
  • Privacy
  • Terms
  • Cookie Policy
  • Refund and Cancellation
  • Delivery and Shipping

© Bharat Prakashan (Delhi) Limited.
Tech-enabled by Ananthapuri Technologies

  • Search Panchjanya
  • होम
  • भारत
    • अंडमान और निकोबार द्वीप
    • दादरा और नगर हवेली एवं दमन और दीव
    • अरूणाचल प्रदेश
    • असम
    • आंध्र प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • ओडिशा
    • कर्नाटक
    • केरल
    • गुजरात
    • गोवा
    • चण्‍डीगढ़
    • छत्तीसगढ़
    • जम्‍मू एवं कश्‍मीर
    • झारखण्‍ड
    • तमिलनाडु
    • तेलंगाना
    • त्रिपुरा
    • दिल्ली
    • नागालैण्‍ड
    • पंजाब
    • पश्चिम बंगाल
    • पुडुचेरी
    • बिहार
    • मणिपुर
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • मिजोरम
    • मेघालय
    • राजस्थान
    • लक्षद्वीप
    • लद्दाख
    • सिक्किम
    • हरियाणा
    • हिमाचल प्रदेश
  • विश्व
  • संघ @100
    • संघ को जानें
    • पंच परिवर्तन
      • स्वदेशी
      • सामाजिक समरसता
      • कुटुम्ब प्रबोधन
      • पर्यावरण
      • नागरिक कर्तव्य
    • संघ गीत
  • सम्पादकीय
  • काम की खबरें
  • स्वदेशी
  • जीवनशैली
  • विभाजन-विभीषिका
  • पाञ्चजन्य इवेंट
    • सुशासन संवाद
    • सागर मंथन
    • मुंबई संकल्प
    • अष्टायाम
    • गुरुकुलम
    • साबरमती संवाद
    • आधार इन्फ्रा
  • वेब स्टोरी
  • ऑपरेशन सिंदूर
  • विश्लेषण
  • लव जिहाद
  • खेल
  • मनोरंजन
  • यात्रा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म-संस्कृति
  • पर्यावरण
  • बिजनेस
  • साक्षात्कार
  • शिक्षा
  • रक्षा
  • कला-साहित्य
    • पुस्तकें
    • पुस्तक समीक्षा
  • सोशल मीडिया
  • विज्ञान और तकनीक
  • मत अभिमत
  • श्रद्धांजलि
  • संविधान
  • आजादी का अमृत महोत्सव
  • पॉडकास्ट
  • पत्रिका
  • हमारे लेखक
  • Read Ecopy
  • प्रसार विभाग – Circulation
  • About Us
  • Contact Us
  • Careers @ BPDL
  • Advertise
  • Privacy Policy

© Bharat Prakashan (Delhi) Limited.
Tech-enabled by Ananthapuri Technologies