ये कैसा भारत निर्माण? दिंनाक: 20 Oct 2012 13:34:39 घमंडीलाल अग्रवाल भ्रष्टाचार चरम पर आया, गली-गली आतंकी-साया, मानवता की जर्जर काया, ये कैसा भारत निर्माण? राजनीति का खेल अनोखा, वादों का खुल गया झरोखा, मांगों को मिलता है धोखा, ये कैसा भारत निर्माण? मृत्यु कोख में कन्या पाए, नारी को अपमान सताए, खून अपहरण रंग दिखाए, ये कैसा भारत निर्माण? सुरसा-सी फैली महंगाई, बेकारी ने टांग अड़ाई, नौकरियों के पांव बिवाई ये कैसा भारत निर्माण? फिक्सिंग का लफड़ा खेलों में, जेबों का कटना मेलों में, सफर असुरक्षित है रेलों में, ये कैसा भारत निर्माण? सच्चाई के मुख पर ताले, हर दिन नए-नए घोटाले, कपड़े-उजले, करतब काले, ये कैसा भारत निर्माण? थोड़ा काम, अधिकतम पैसा, हुआ कर्मियों का रुख ऐसा, दिखता समय नहीं कल जैसा, ये कैसा भारत निर्माण? अनशन, बन्द और बरबादी अधिकारों की हुई मुनादी, दिशा-दिशा अद्भुत आजादी, ये कैसा भारत निर्माण?