नई दिल्ली: विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने अमेरिका दौरे के दौरान भारत-अमेरिका संबंधों में पिछले डेढ़ वर्षों से चले आ रहे तनाव पर खुलकर बात की है। उन्होंने एक कार्यक्रम में कहा कि व्यापार मतभेद और पाकिस्तान-पोषित आतंकवाद, ये दोनों मुद्दे भारत के लिए महत्वपूर्ण हैं।
साथ ही यह संकेत दिया कि अगर साझेदार देश भारत की प्रमुख संवेदनाओं का ख्याल नहीं रखते तो उसका असर द्विपक्षीय संबंधों पर पड़ेगा। उन्होंने यह बात न्यूयार्क में एशिया सोसायटी की ओर से आयोजित एक कार्यक्रम में कही।
एस. जयशंकर ने कहा कि एक-दूसरे की संवेदनाओं का ख्याल रखना महत्वपूर्ण मुद्दा है। भारत के लिए खास तौर पर आतंकवाद का मुद्दा काफी संवेदनशील है। हमें लगता है कि दुनिया में बहुत कम देश हैं जिन्होंने अपने पड़ोसी देश की तरफ से जान-बूझकर पोषित आतंकवाद को उस तरह से झेला है जैसा हमने झेला है। जो मुद्दा हमारे लिए इतना महत्वपूर्ण है, अगर कोई हमारा साझेदार हमारी प्रमुख चिंताओं का ख्याल नहीं रखता है तो इसका असर द्विपक्षीय संबंधों पर पड़ेगा। जयशंकर ने कहा कि भारत अपने हितों से पीछे नहीं हट सकता। अगर कारोबारी समझौता पूरा होता है तो द्विपक्षीय रिश्ते बेहतर होंगे।

















