चमोली: पीपलकोटी मायापुर में टिहरी हाइड्रो डेवलपमेंट कार्पोरशन द्वारा बनाई जा रही एक सुरंग में एकाएक भारी भूस्खलन होने के कारण 26 श्रमिक फंस गए। इसमें से 9 लोगों की मृत्यु हो गई है। जबकि, बचाव कार्य में लगी एजेंसियों ने 17 श्रमिकों को मलबे से सुरक्षित बाहर निकाल लिया है। फिलहाल 6 लोगों की तलाश की जा रही है।
क्या है पूरा मामला
जानकारी के अनुसार, विष्णुगाढ़ हाइड्रो पावर प्रोजेक्ट पर काम चल रहा था, बीती रात से भारी बारिश यहां हो रही थी, लेकिन टनल के भीतर श्रमिक अपना कार्य कर रहे थे कि अचानक मलबा आ गया, बताया गया है कि टनल के भीतर भूमि जल का लेवल भी मलबे के साथ ज्यादा हो गया।
खबर मिलते ही NDRF, SDRF और THDC के बचाव दल सुरंग के भीतर पहुंचे और श्रमिकों की खोज शुरू की। वहीं घटना की खबर मिलते ही डीएम गौरव सिंघल, एसपी सुरजीत पंवार और कुछ देर बाद कैबिनेट मंत्री भरत सिंह चौधरी भी मौके पर पहुंचे। घटना की जानकारी लगते ही मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी अपनी बैठक छोड़ कर आपदा प्रबंधन केंद्र पहुंचे जहां उन्होंने मुख्य सचिव आनंद वर्धन, आपदा प्रबंधन सचिव विनोद सुमन, गृह सचिव शैलेश बगौली, आयुक्त गढ़वाल मंडल के साथ हालात पर विचार विमर्श किया और तकनीक के माध्यम से घायलों के साथ बातचीत भी की। मुख्यमंत्री श्री धामी का आज सुबह घटना स्थल पर जायेंगे।
झारखंड, छत्तीसगढ के मुख्यमंत्रियों से धामी ने की बात
मुख्यमंत्री श्री धामी ने दोनों राज्यों के मुख्यमंत्रियों को टनल में फंसे उनके राज्यों के श्रमिकों की स्थिति से अवगत कराया और बताया कि उत्तराखंड सरकार द्वारा त्वरित कार्रवाई करते हुए युद्धस्तर पर राहत एवं बचाव अभियान संचालित किया गया, जिसके परिणामस्वरूप 16 श्रमिकों का सुरक्षित रेस्क्यू किया जा चुका है तथा शेष प्रभावित श्रमिकों के लिए भी सभी आवश्यक प्रयास निरंतर जारी हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि रेस्क्यू किए गए श्रमिकों के उपचार में किसी प्रकार की कोई कमी नहीं रखी जा रही है। उन्हें तत्काल चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई गई है तथा आवश्यकता के अनुरूप विशेषज्ञ उपचार, दवाइयों, आवास, भोजन और अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं भी सुनिश्चित की जा रही हैं। उन्होंने कहा कि यदि किसी श्रमिक को उच्च चिकित्सा संस्थान में रेफर करने की आवश्यकता होगी तो उसके लिए भी समुचित व्यवस्था की जाएगी।
दिया आश्वासन
मुख्यमंत्री श्री धामी ने झारखंड एवं छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्रियों को आश्वस्त किया कि उत्तराखंड सरकार उनके राज्यों के प्रत्येक प्रभावित श्रमिक और उनके परिवार के साथ पूरी संवेदनशीलता और प्रतिबद्धता के साथ खड़ी है तथा हरसंभव सहायता उपलब्ध कराई जा रही है। उन्होंने कहा कि दोनों राज्य सरकारों के साथ निरंतर समन्वय बनाए रखते हुए सभी आवश्यक सूचनाएं साझा की जा रही हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि मानव जीवन की सुरक्षा सर्वोपरि है और राज्य सरकार का पूरा तंत्र प्रभावित श्रमिकों की सुरक्षा, उपचार और सहायता सुनिश्चित करने के लिए पूरी तत्परता के साथ कार्य कर रहा है।
बेहद खराब मौसम के बीच भी पीपलकोटी पहुंचे मुख्यमंत्री धामी
पीपलकोटी। बेहद खराब मौसम के बीच मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी पीपलकोटी पहुंचे। प्रतिकूल मौसम के कारण हेलीकॉप्टर की लैंडिंग भी बेहद मुश्किल परिस्थितियों में हो सकी। मुख्यमंत्री टनल में फंसे श्रमिकों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए चलाए जा रहे रेस्क्यू ऑपरेशन का स्थलीय निरीक्षण करेंगे।
मुख्यमंत्री मौके पर मौजूद प्रशासन, पुलिस, एसडीआरएफ, एनडीआरएफ सहित सभी संबंधित एजेंसियों से रेस्क्यू ऑपरेशन की प्रगति की जानकारी लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश देंगे। इसके उपरांत मुख्यमंत्री रेस्क्यू किए गए घायल श्रमिकों से मुलाकात कर उनका कुशलक्षेम भी जानेंगे।
टनल में फंसे प्रत्येक श्रमिक को सुरक्षित बाहर निकालना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसके लिए सभी एजेंसियां युद्धस्तर पर जुटी हुई हैं।











