नई दिल्ली। विश्व हिंदू परिषद (VHP) के अंतरराष्ट्रीय संयुक्त महासचिव डॉ. सुरेंद्र जैन ने संसद भवन परिसर में विपक्षी सांसदों द्वारा संत वेश धारण कर किए गए प्रदर्शन पर अत्यंत तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की है. विहिप ने इसे सनातन धर्म, पूज्य साधु-संतों और संपूर्ण हिंदू समाज की धार्मिक भावनाओं का सीधा अपमान और अनादर करार दिया है.
डॉ. सुरेंद्र जैन ने कहा कि कांग्रेस समर्थित निर्दलीय सांसद पप्पू यादव, कांग्रेस नेता राहुल गांधी तथा समाजवादी पार्टी व कांग्रेस के अन्य सांसदों द्वारा संत वेश में किया गया यह प्रदर्शन एक बेहद निम्नस्तरीय राजनीतिक कृत्य है.
प्रेस वक्तव्य:
हमें भाषाई व संवैधानिक मर्यादाओं के दायरे से बाहर जाने पर मजबूर न किया जाए: डॉ सुरेन्द्र जैन
नई दिल्ली। जुलाई 31, 2026।
विश्व हिंदू परिषद के अंतरराष्ट्रीय संयुक्त महासचिव डॉ सुरेंद्र जैन ने आज संसद भवन परिसर में विपक्षी सांसदों द्वारा संत वेश धारण कर किए गए भोंडे… pic.twitter.com/0aUtUvIfPr— Vishva Hindu Parishad -VHP (@VHPDigital) July 31, 2026
“जैसे रावण ने छल के लिए संत वेश धारा, वैसे ही ये नेता कर रहे”: डॉ. सुरेंद्र जैन
विहिप के अंतरराष्ट्रीय संयुक्त महासचिव ने विपक्षी सांसदों के इस आचरण की तुलना पौराणिक प्रसंग से करते हुए कहा कि धार्मिक प्रतीकों का दुरुपयोग करके सनातनी आस्थाओं को आघात पहुँचाने की कोशिश की जा रही है.
“जिस प्रकार रावण ने छल-कपट करने के लिए संत का छद्म वेश धारण किया था, ठीक उसी प्रकार ये विपक्षी नेता धार्मिक प्रतीकों का दुरुपयोग कर हिंदू आस्था पर चोट करने का प्रयास कर रहे हैं। श्री राम जन्मभूमि मंदिर निर्माण में रोड़े अटकाने से लेकर आज तक, इनका हिंदू विरोधी रवैया जगजाहिर रहा है। भव्य राम मंदिर बनने के बाद उपजी बौखलाहट में यह सब किया जा रहा है।” – डॉ. सुरेंद्र जैन, अंतरराष्ट्रीय संयुक्त महासचिव, VHP
डॉ. जैन ने कहा कि हिंदू समाज अत्यंत धैर्यवान और सहिष्णु है, लेकिन राजनीतिक लाभ के लिए उसकी सहिष्णुता की परीक्षा न ली जाए और उसे अपनी भाषाई व संवैधानिक मर्यादाओं के दायरे से बाहर जाने पर मजबूर न किया जाए.
विपक्ष को खुली चुनौती और लोकसभा अध्यक्ष से कार्रवाई की मांग
डॉ. सुरेंद्र जैन ने विपक्षी नेताओं को खुली चुनौती देते हुए कहा कि यदि इन नेताओं में साहस है, तो वे किसी अन्य धर्म के धर्मगुरुओं या मौलवियों का वेश धारण कर उनके प्रतीकों का मजाक उड़ाकर दिखाएं. ऐसा करते ही सड़कों पर उग्र प्रदर्शन होने लगेंगे और उनका बाहर निकलना तक कठिन हो जाएगा.
विश्व हिंदू परिषद की मुख्य मांगें व चेतावनियां:
- कठोर अनुशासनात्मक कार्रवाई: विहिप ने माननीय लोकसभा अध्यक्ष से मांग की है कि संसद परिसर में पवित्र धार्मिक प्रतीकों का अनादर करने वाले सांसदों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाए.
- कानूनी कार्रवाई की तैयारी: धार्मिक भावनाओं को जानबूझकर ठेस पहुंचाने के इस कृत्य के खिलाफ विश्व हिंदू परिषद स्वयं भी कानूनी कदम उठाने पर विचार कर रही है.
- सड़कों पर उतरने की चेतावनी: यदि इस प्रकार के अमर्यादित कृत्यों पर तुरंत अंकुश नहीं लगाया गया, तो देश भर के साधु-संतों और संपूर्ण हिंदू समाज का आक्रोश बहुत जल्द सड़कों पर दिखाई देगा.
संसद भवन परिसर में हुए इस घटनाक्रम के बाद राजनीतिक और धार्मिक गलियारों में तीखी बहस छिड़ गई है.
















