नई दिल्ली (हि.स.) । राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने झारखंड के कोडरमा जिले में अवैध विस्फोटकों के भंडारण और परिवहन से जुड़े मामले में चार स्थानों पर छापेमारी कर दो आरोपितों को गिरफ्तार किया है। कार्रवाई के दौरान 1,662 अवैध गैर-विद्युत (नॉन-इलेक्ट्रिक) डेटोनेटर, पांच डिजिटल उपकरण और 16 लाख रुपये नकद बरामद किए गए।
एनआईए ने दो आरोपितों को किया गिरफ्तार
एनआईए ने गुरुवार को बताया कि गिरफ्तार आरोपितों की पहचान महेश मेहता और शंकर यादव के रूप में हुई है। जांच में दोनों की भूमिका अवैध रूप से विस्फोटकों का भंडारण करने और उन्हें सह-आरोपितों तक पहुंचाने की साजिश में सक्रिय रूप से शामिल होने की सामने आई है। एजेंसी के अनुसार, उनकी गतिविधियों से लोगों के जीवन और संपत्ति को गंभीर खतरा उत्पन्न हुआ।
2024 की विस्फोट घटना से जुड़ा है मामला
यह कार्रवाई वर्ष 2024 में झारखंड के सालतोरा क्षेत्र में मोटरसाइकिल पर विस्फोट की घटना से जुड़े मामले में की गई।
एजेंसी ने बताया कि इससे पहले इस मामले में तीन अन्य आरोपितों को गिरफ्तार कर उनके खिलाफ आरोपपत्र दाखिल किया जा चुका है।
जांच में सामने आया अवैध विस्फोटक नेटवर्क
जांच के अनुसार, यह मामला उस विस्फोट से जुड़ा है, जिसमें अवैध रूप से विस्फोटक ले जाते समय जॉयदेब मंडल उर्फ बबलू मंडल नामक आरोपित की मौत हो गई थी। बाद की जांच में एनआईए ने अवैध रूप से बिना वैध लाइसेंस के विस्फोटकों की खरीद, भंडारण और परिवहन से जुड़े आपराधिक षड्यंत्र का खुलासा किया।
विस्फोटकों के स्रोत और गंतव्य की जांच जारी
एनआईए के अनुसार, जांच में विस्फोटकों के भंडारण और परिवहन के लिए संचालित एक गुप्त नेटवर्क का भी पता चला है। एजेंसी अब यह पता लगाने में जुटी है कि ये विस्फोटक कहां से लाए गए थे और इन्हें किस स्थान तक पहुंचाया जाना था।












