दिल्ली में जंतर-मंतर से कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के कार्यकर्ता और उनके साथ वामपंथी कार्यकर्ता संसद की ओर कूच कर रहे हैं। जंतर-मंतर से संसद मार्ग थाने तक करीब 12,000 के करीब प्रदर्शनकारियों के जुटने का दावा किया जा रहा है। वहीं हालात को देखते हुए 5000 से अधिक पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया है। इस बीच प्रदर्शनकारियों ने हुड़दंगई करते हुए तीन जगहों पर पुलिस की बैरिकेडिंग को तोड़ दिया है और दो कारों को भी क्षतिग्रस्त कर दिया है।
जंतर-मंतर लगाए गए इंटरनेट जैमर
हालात को बिगड़ते देख दिल्ली पुलिस ने जंतर-मंतर औऱ उसके आसपास सैकड़ों की संख्या में इंटरनेट जैमर लगा दिया है। दावा किया जा रहा है कि यह पहली बार है कि इतनी बड़ी संख्या में दिल्ली पुलिस ने इंटरनेट जैमर लगा दिए हैं। तनावपूर्ण स्थिति को देखते हुए कहा है कि पुलिस ने तनावपूर्ण स्थिति को देखते हुए मल्टी लेयर्ड बैरिकेडिंग की गई है। हर व्यक्ति की तलाशी ली जा रही है। प्रदर्शन स्थल पर दंगा नियंत्रण वाहन लगाए गए हैं। एंबुलेंस और आंसू गैस के गोले दागने वाली टीमें मुस्तैद रखी गई हैं। इस बीच दिल्ली पुलिस ने पड़ोसी राज्यों की पुलिस को अलर्ट किया है।
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पुलिस की इजाजत के बिना मार्च पर कार्रवाई
दिल्ली पुलिस के एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी का कहना है कि सीजेपी ने संसद तक मार्च के लिए किसी भी तरह की अनुमति प्रशासन से नहीं ली है। नई दिल्ली जिले में पहले से ही भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 163 लागू कर दिया है। इसके तहत पांच या उससे अधिक लोगों के एक जगह इकट्ठा होने पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। पुलिस ने किसी भी तरह के जुलूस निकालने पर पाबंदी लगा रखी है।
आरपीएफ कर्मियों से भिड़े कॉकरोच कार्यकर्ता
इस बीच कॉकरोच पार्टी के कार्यकर्ताओं और समर्थकों और आरपीएफ कर्मियों के बीच झड़प हुई है। बाद में भीड़ को काबू करने के लिए आरपीएफ और पुलिसकर्मियों को लाठी चार्ज करना पड़ा। हालांकि, दिल्ली पुलिस ने किसी भी तरह के लाठी चार्ज से इंकार किया है।















