चंगनास्सेरी (कोट्टायम, दक्षिण केरलम)। संघ के अखिल भारतीय प्रचार प्रमुख सुनील आंबेकर जी ने कहा कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) एक ऐसा संगठन है जो लगातार सांस्कृतिक मूल्यों को बढ़ाने और देश को फिर से खड़ा करने के लिए काम करता है। वे चंगनास्सेरी में संघ द्वारा आयोजित ‘वैभव भारतम प्रबुद्ध पूरा संगमम’ (प्रबुद्ध नागरिक संगम) में मुख्य वक्ता के रूप में उपस्थित लोगों को संबोधित कर रहे थे।
व्यक्तिगत चरित्र निर्माण से देश का परम वैभव
सुनील आंबेकर जी ने संघ के मूल उद्देश्यों पर प्रकाश डालते हुए स्पष्ट किया कि संगठन का मुख्य लक्ष्य व्यक्तिगत चरित्र निर्माण के ज़रिए देश को उसकी सबसे बड़ी शान (परम वैभव) तक ले जाना है। इस दौरान उन्होंने राम मंदिर आंदोलन का विशेष रूप से उल्लेख किया।
“राम जन्मभूमि आंदोलन सिर्फ़ एक आंदोलन नहीं था, बल्कि एक बहुत बड़ा सामाजिक आंदोलन था जिसने भारत की आत्मा को जगाया, जिससे देश में RSS की एक अलग पहचान बनाने में भी मदद मिली।” – सुनील आंबेकर
वैचारिक संवाद और खुले मंच पर चर्चा
नागरिकों की यह मीटिंग RSS की बौद्धिक नींव, कामकाज के इतिहास और भविष्य के मिशन के बारे में वैचारिक बातचीत के लिए एक एक्टिव प्लेटफ़ॉर्म बन गई। कार्यक्रम सिर्फ भाषण तक सीमित नहीं रहा; सुनील आंबेकर जी ने कार्यक्रम में शामिल हुए जाने-माने नागरिकों द्वारा संगठन की गतिविधियों के बारे में उठाए गए सवालों के बेबाकी से जवाब दिए और उनके संदेह भी दूर किए।
इन विशिष्ट हस्तियों की रही गरिमामयी उपस्थिति
कार्यक्रम में चंगनास्सेरी के अलग-अलग फील्ड के सैकड़ों सोशल और कल्चरल जाने-माने लोगों ने पूरी सक्रियता के साथ हिस्सा लिया। मंच पर उपस्थित प्रमुख गणमान्य व्यक्तियों में शामिल थे:
- एन.के. मैथ्यू (मशहूर नॉवेलिस्ट और कैथोलिक सीरियन बैंक के रिटायर्ड सीनियर मैनेजर) – कार्यक्रम के अध्यक्ष
- पी.एस. बालकृष्णन (RSS चंगनास्सेरी खंड संघचालक)
- बी. संतोष (करुकाचल खंड संघचालक)











