मिडिल ईस्ट संकट पर भारत सतर्क, एस जयशंकर बोले- भारतीयों की सुरक्षा हमारी पहली प्राथमिकता
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मिडिल ईस्ट संकट पर भारत सतर्क, एस जयशंकर बोले- भारतीयों की सुरक्षा हमारी पहली प्राथमिकता

विदेश मंत्री के अनुसार मिडिल ईस्ट भारत के लिए बहुत महत्वपूर्ण क्षेत्र है, क्योंकि यहां एक करोड़ से ज्यादा भारतीय लोग रहते और काम करते हैं। इसलिए वहां की स्थिति भारत के लिए चिंता का विषय बन जाती है।

Written byMahak SinghMahak Singh
Mar 9, 2026, 03:21 pm IST
in भारत
विदेश मंत्री एस जयशंकर

विदेश मंत्री एस जयशंकर

मिडिल ईस्ट में बढ़ते संघर्ष और अस्थिरता को लेकर पूरी दुनिया चिंतित है। इसी मुद्दे पर भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर ने राज्यसभा में सरकार का पक्ष रखा और कहा कि भारत इस स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है। उन्होंने बताया कि वहां रह रहे भारतीय नागरिकों की सुरक्षा सरकार की सबसे बड़ी प्राथमिकता है।

विदेश मंत्री ने कहा कि पश्चिम एशिया में हालात धीरे-धीरे और गंभीर होते जा रहे हैं। उन्होंने यह भी बताया कि स्थिति इतनी जटिल हो गई है कि ईरान की नेतृत्व व्यवस्था से संपर्क करना भी मुश्किल हो गया है। इसके बावजूद भारत लगातार बातचीत और कूटनीति के जरिए तनाव कम करने की अपील कर रहा है। भारत की विदेश नीति का मुख्य उद्देश्य क्षेत्र में शांति और स्थिरता बनाए रखना है। जयशंकर ने यह भी कहा कि भारत इस संकट को लेकर दुनिया के कई देशों से लगातार संपर्क में है। भारत चाहता है कि इस समस्या का समाधान युद्ध से नहीं बल्कि बातचीत और समझौते से निकाला जाए। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री  नरेंद्र मोदी भी इस पूरे घटनाक्रम पर नजर रखे हुए हैं और सरकार लगातार हालात की समीक्षा कर रही है।

मिडिल ईस्ट में भारतीयों की सुरक्षा और ऊर्जा आपूर्ति पर भारत की नजर

विदेश मंत्री के अनुसार मिडिल ईस्ट भारत के लिए बहुत महत्वपूर्ण क्षेत्र है, क्योंकि यहां एक करोड़ से ज्यादा भारतीय लोग रहते और काम करते हैं। इसलिए वहां की स्थिति भारत के लिए चिंता का विषय बन जाती है। सरकार की कोशिश है कि किसी भी हालत में भारतीय नागरिक सुरक्षित रहें। उन्होंने यह भी बताया कि यह क्षेत्र भारत की ऊर्जा जरूरतों के लिए भी बहुत अहम है। भारत को तेल और गैस की बड़ी आपूर्ति इसी इलाके से होती है। अगर वहां अस्थिरता बढ़ती है तो इसका असर पूरी दुनिया के तेल बाजार पर पड़ सकता है और भारत की अर्थव्यवस्था भी प्रभावित हो सकती है। जयशंकर ने कहा कि तेहरान में स्थित भारतीय दूतावास पूरी तरह सतर्क है और वहां रह रहे भारतीयों के संपर्क में है। जरूरत पड़ने पर उन्हें सुरक्षित जगहों पर पहुंचाने की तैयारी भी की गई है। उन्होंने बताया कि कुछ भारतीय नागरिकों को सुरक्षित रूप से बाहर निकालकर आर्मेनिया के रास्ते भारत वापस लाने में मदद भी की गई है।

Topics: Rajya SabhaIndia DiplomacyMiddle East ConflictEnergy SecurityIran leadershipIndian diaspora safetyembassy alertdialogue diplomacyS Jaishankargulf countries
Mahak Singh
Mahak Singh
2022 में ज़ी न्यूज़ से पत्रकारिता की शुरुआत की। उसके बाद न्यूज़ नेशन, दैनिक जागरण और न्यूज़ 24 जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में कार्य करते हुए पत्रकारिता के विभिन्न आयामों का अनुभव प्राप्त किया। वर्तमान में पाञ्चजन्य में सब एडिटर के रूप में कार्यरत हूं। ज़िमा ज़ी इंस्टीट्यूट ऑफ मीडिया आर्ट्स से मैने पत्रकारिता की है। [Read more]
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