महाराष्ट्र विधानसभा में राज्यपाल के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव के दौरान मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने टीपू सुल्तान की तुलना छत्रपति शिवाजी महाराज से किए जाने पर कड़ी आपत्ति जताई। उन्होंने गुरुवार (26 फरवरी) को कहा कि शिवाजी महाराज का स्थान भारतीय इतिहास में अद्वितीय है। टीपू सुल्तान को उनसे बड़ा मानना गलत है। जब कोई यह कहता है कि टीपू सुल्तान छत्रपति शिवाजी महाराज जितने ही बड़े राजा थे तो इस पर हमें आपत्ति है। उन्होंने इतिहास में छेड़छाड़ का आरोप लगाते हुए कहा कि टीपू सुल्तान ने 75 हजार हिंदुओं का कत्ल किया था। यह हमें क्यों नहीं बताया गया?
टीपू सुल्तान से छत्रपति शिवाजी महाराज की तुलना करने पर एतराज
विपक्ष के सवालों का जवाब देते हुए सीएम फडणवीस ने कहा, “सबसे पहले मैं यह स्पष्ट कर दूं कि हमारी आपत्ति किस बात पर है। टीपू सुल्तान अच्छे थे या बुरे थे उस पर आपत्ति नहीं है। हम उस पर चाहे जितनी बहस कर सकते हैं। हमारी आपत्ति इस बात पर है कि जब कोई यह कहता है कि टीपू सुल्तान छत्रपति शिवाजी महाराज जितने ही बड़े राजा थे। जब यह कहा जाता है कि छत्रपति शिवाजी महाराज जितना गुणगान टीपू सुल्तान का भी किया जाना चाहिए, इस पर हमें आपत्ति है।”
टीपू ने 75000 हिंदुओ का कत्ल किया: फडणवीस
मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि छत्रपति शिवाजी महाराज केवल मराठा साम्राज्य के संस्थापक नहीं, बल्कि भारतीय स्वाभिमान, राष्ट्रवाद और सुशासन के प्रतीक हैं। टीपू सुल्तान को छत्रपति शिवाजी महाराज जितना बड़ा बताने पर हमें आपत्ति है। हमें यह तुलना अस्वीकार्य है। सीएम फडणवीस ने आगे कहा, “दुर्भाग्य से इतिहास के साथ जो छेड़छाड़ की गई उसमें हमें यह सिखाया गया कि टीपू सुल्तान महान राजा थे, लेकिन हमें यह नहीं बताया गया कि उन्होंने 75 हजार हिंदुओं का कत्ल किया। अंग्रेजों से वे क्यों लड़े, यह भी कभी नहीं बताया गया। वे अपना शासन बचाने के लिए अंग्रेजों से लड़े थे। अब सही इतिहास पता चल रहा है।”
NCERT पाठ्यक्रम में 70 सालों तक गलत इतिहास पढ़ाया गया
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने पहले की सरकारों द्वारा गलत इतिहास पढ़ाने पर उन्हें आड़े हाथों लिया। उनके शब्दों में, “पहले की सरकार ने 70 सालों तक एनसीईआरटी के पाठ्यक्रम में मुगल साम्राज्य के लिए 17 पृष्ठ दिए और छत्रपति शिवाजी महाराज के इतिहास को सिर्फ एक पैराग्राफ दिया गया। हालांकि अब मोदी सरकार ने छत्रपति शिवाजी महाराज के मराठा इतिहास के लिए 20 पृष्ठ एनसीईआरटी के पाठ्यक्रम में दिए है। अगर हमें सही समय पर सही इतिहास पढ़ाया होता, तो इस देश का कोई भी मुस्लिम औरंगजेब को अपना हीरो नहीं कहता। मैं उस इतिहास में नहीं जाना चाहता। अब वास्तविक इतिहास सामने आ रहा है और नई पीढ़ी को तथ्यों से अवगत कराना आवश्यक है। हमारे देश में बहुत से देशभक्त मुसलमान भी हैं। हमें उनसे कोई एतराज नहीं है। लेकिन जो लोग इस देश के खिलाफ रहे हैं और हमला करने वालों को अपना हीरो मानते हैं, हम ऐसे लोगों के खिलाफ जरूर लड़ेंगे। हम उन्हें छोड़ेंगे नहीं।”
महाराष्ट्र देश की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था
विधानसभा में सीएम फडणवीस ने यह भी कहा कि महाराष्ट्र देश की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है। राज्य हर साल 3 लाख 60 हजार करोड़ रुपये का जीएसटी संग्रह करता है। कृषि निर्यात और सेवा क्षेत्र में भी महाराष्ट्र की बड़ी हिस्सेदारी है। जल्द ही महाराष्ट्र देश की पहली सब-नेशनल ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था बनेगा।

















