भारत का इतिहास संघर्ष का है, पराजय का नहीं : डॉ. मोहन भागवत जी
October 8, 2026
  • Read Ecopy
  • Circulation
  • Advertise
  • Careers
  • About Us
  • Contact Us
Android appiPhone AppArattai
Panchjanya
  • ‌
  • भारत
    • अंडमान और निकोबार द्वीप
    • दादरा और नगर हवेली एवं दमन और दीव
    • अरूणाचल प्रदेश
    • असम
    • आंध्र प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • ओडिशा
    • कर्नाटक
    • केरल
    • गुजरात
    • गोवा
    • चण्‍डीगढ़
    • छत्तीसगढ़
    • जम्‍मू एवं कश्‍मीर
    • झारखण्‍ड
    • तमिलनाडु
    • तेलंगाना
    • त्रिपुरा
    • दिल्ली
    • नागालैण्‍ड
    • पंजाब
    • पश्चिम बंगाल
    • पुडुचेरी
    • बिहार
    • मणिपुर
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • मिजोरम
    • मेघालय
    • राजस्थान
    • लक्षद्वीप
    • लद्दाख
    • सिक्किम
    • हरियाणा
    • हिमाचल प्रदेश
  • विश्व
  • संघ @100
    • संघ को जानें
    • पंच परिवर्तन
      • स्वदेशी
      • कुटुम्ब प्रबोधन
      • सामाजिक समरसता
      • नागरिक कर्तव्य
      • पर्यावरण
    • संघ गीत
  • सम्पादकीय
  • काम की खबरें
  • स्वदेशी
  • जीवनशैली
  • अधिक
    • विभाजन-विभीषिका
    • पाञ्चजन्य इवेंट
      • सुशासन संवाद
      • सागर मंथन
      • मुंबई संकल्प
      • अष्टायाम
      • गुरुकुलम
      • साबरमती संवाद
      • आधार इन्फ्रा
    • वेब स्टोरी
    • ऑपरेशन सिंदूर
    • विश्लेषण
    • लव जिहाद
    • खेल
    • मनोरंजन
    • यात्रा
    • स्वास्थ्य
    • धर्म-संस्कृति
    • पर्यावरण
    • बिजनेस
    • साक्षात्कार
    • शिक्षा
    • रक्षा
    • कला-साहित्य
      • पुस्तकें
      • पुस्तक समीक्षा
    • सोशल मीडिया
    • विज्ञान और तकनीक
    • मत अभिमत
    • श्रद्धांजलि
    • संविधान
    • आजादी का अमृत महोत्सव
    • मानस के मोती
    • जनजातीय नायक
    • पॉडकास्ट
    • पत्रिका
    • हमारे लेखक
  • Subscribe
    • Subscribe Print Edition
    • Subscribe Ecopy
    • Read Ecopy
  • ‌
  • भारत
    • अंडमान और निकोबार द्वीप
    • दादरा और नगर हवेली एवं दमन और दीव
    • अरूणाचल प्रदेश
    • असम
    • आंध्र प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • ओडिशा
    • कर्नाटक
    • केरल
    • गुजरात
    • गोवा
    • चण्‍डीगढ़
    • छत्तीसगढ़
    • जम्‍मू एवं कश्‍मीर
    • झारखण्‍ड
    • तमिलनाडु
    • तेलंगाना
    • त्रिपुरा
    • दिल्ली
    • नागालैण्‍ड
    • पंजाब
    • पश्चिम बंगाल
    • पुडुचेरी
    • बिहार
    • मणिपुर
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • मिजोरम
    • मेघालय
    • राजस्थान
    • लक्षद्वीप
    • लद्दाख
    • सिक्किम
    • हरियाणा
    • हिमाचल प्रदेश
  • विश्व
  • संघ @100
    • संघ को जानें
    • पंच परिवर्तन
      • स्वदेशी
      • कुटुम्ब प्रबोधन
      • सामाजिक समरसता
      • नागरिक कर्तव्य
      • पर्यावरण
    • संघ गीत
  • सम्पादकीय
  • काम की खबरें
  • स्वदेशी
  • जीवनशैली
  • अधिक
    • विभाजन-विभीषिका
    • पाञ्चजन्य इवेंट
      • सुशासन संवाद
      • सागर मंथन
      • मुंबई संकल्प
      • अष्टायाम
      • गुरुकुलम
      • साबरमती संवाद
      • आधार इन्फ्रा
    • वेब स्टोरी
    • ऑपरेशन सिंदूर
    • विश्लेषण
    • लव जिहाद
    • खेल
    • मनोरंजन
    • यात्रा
    • स्वास्थ्य
    • धर्म-संस्कृति
    • पर्यावरण
    • बिजनेस
    • साक्षात्कार
    • शिक्षा
    • रक्षा
    • कला-साहित्य
      • पुस्तकें
      • पुस्तक समीक्षा
    • सोशल मीडिया
    • विज्ञान और तकनीक
    • मत अभिमत
    • श्रद्धांजलि
    • संविधान
    • आजादी का अमृत महोत्सव
    • मानस के मोती
    • जनजातीय नायक
    • पॉडकास्ट
    • पत्रिका
    • हमारे लेखक
  • Subscribe
    • Subscribe Print Edition
    • Subscribe Ecopy
    • Read Ecopy
Panchjanya
panchjanya android mobile app
  • होम
  • भारत
  • विश्व
  • संघ @100
  • सम्पादकीय
  • काम की खबरें
  • स्वदेशी
  • जीवनशैली
  • विश्लेषण
  • मत अभिमत
  • रक्षा
  • धर्म-संस्कृति
  • पत्रिका
  • पाञ्चजन्य इवेंट
  • Print Edition
  • Ecopy
होम भारत

भारत का इतिहास संघर्ष का है, पराजय का नहीं : डॉ. मोहन भागवत जी

नागपुर में सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत जी ने कहा कि भारत का इतिहास संघर्ष और वीरता का है। शिवाजी महाराज ने विदेशी आक्रांताओं को निर्णायक उत्तर दिया।

Written byPanchjanyaPanchjanya
Oct 10, 2025, 11:19 pm IST
inभारत, संघ @100, महाराष्ट्र

नागपुर । राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत जी ने कहा कि भारत इतिहास पराजय का नहीं बल्कि संघर्ष का है। भारत पर प्राचीन काल से निरंतर आक्रमण होते रहे हैं, लेकिन कोई भी विदेशी आक्रांता एक रात भी चैन की नींद नहीं सो सका क्योंकि भारतीयों ने हर आक्रमण का डटकर मुकाबला किया और उन्हें करारा जवाब दिया।

भोसले राजघराने पर आधारित पुस्तकों का लोकार्पण

सरसंघचालक जी शुक्रवार को नागपुर में भोसले राजघराने पर आधारित चार पुस्तकों के लोकार्पण समारोह में बोल रहे थे।

भारत में शौर्य की कभी कमी नहीं रही

नागपुर के सीनियर भोसला पैलेस में आयोजित इस कार्यक्रम में सरसंघचालक जी ने कहा कि भारत में कभी भी शौर्य की कमी नहीं रही। इसके बावजूद देश पर बार-बार विदेशी आक्रमण होते रहे। छत्रपति शिवाजी महाराज ऐसे आक्रांताओं के लिए एक निर्णायक उत्तर सिद्ध हुए। शिवाजी महाराज ने अपने साथ मित्रों को जोड़कर ईश्वर, देश और धर्म की रक्षा के लिए विदेशी सत्ता से संघर्ष किया।

लोगों को जोड़ने की भावना से मिली विजय

उन्होंने आगे कहा कि परिस्थिति कैसी भी हो, जब तक लोगों को जोड़ने की भावना और उसके पीछे की प्रेरणा बनी रही, तब तक हमारा इतिहास विजय से ही भरा रहा है। यह संघर्ष केवल छत्रपति शिवाजी महाराज और उनके द्वारा स्थापित मराठा साम्राज्य तक सीमित नहीं रहा, बल्कि अनेक अन्य राजाओं ने भी उनसे प्रेरणा लेकर संघर्ष को गति और बल दिया।

राजस्थान और पूर्वोत्तर भारत के शूरवीरों का योगदान

राजस्थान में दुर्गा प्रसाद राठौड़ ने राजपूतों को एकत्र कर मुगलों से संघर्ष किया, जिसके बाद मुगलों की राजपुताना में फिर कभी वापसी नहीं हो सकी। इसी तरह कूचबिहार के राजा चक्रधर सिंह पर भी शिवाजी महाराज का गहरा प्रभाव था। चक्रधर सिंह ने एक अन्य राजा को पत्र लिखते हुए कहा था, “अब हम भी शिवाजी महाराज की भांति विदेशी आक्रमणकारियों को बंगाल की खाड़ी में डुबोकर नष्ट कर सकते हैं।”

राष्ट्रहित के लिए स्वार्थ का त्याग आवश्यक

सरसंघचालक जी ने कहा कि राष्ट्रहित के लिए स्वार्थ का त्याग कर देश की सेवा के लिए तैयार रहना आवश्यक है। उन्होंने कान्होजी आंग्रे का उल्लेख करते हुए कहा कि उन्होंने अपने वतन का त्याग कर अपने चार पुत्रों के साथ शिवाजी महाराज का साथ दिया। इसके पीछे “राज्य की स्थापना ईश्वर की इच्छा है” यह प्रेरणा थी। यही भावना नागपुर के भोसले राजघराने में भी जीवित रही। अप्पासाहेब भोसले ने काबुल और कंधार तक संधियाँ स्थापित कर अंग्रेजों के विरुद्ध संघर्ष किया, जो इस प्रेरणा का परिचायक है।

भोसले राजघराने का इतिहास जनसामान्य तक पहुँचाना आवश्यक

सरसंघचालक जी ने यह भी कहा कि नागपुर के भोसले राजघराने का यह इतिहास जनसामान्य तक पहुँचाना और अगली पीढ़ियों तक हस्तांतरित करना अत्यंत आवश्यक है।

कार्यक्रम का समापन पसायदान के साथ

इस अवसर पर कार्यक्रम के मुख्यातिथि जितेंद्रनाथ महाराज और पुस्तकों के लेखकों ने भी समयानुकूल उद्बोधन दिया। कार्यक्रम का समापन पसायदान के साथ हुआ।

Topics: छत्रपति शिवाजी महाराजभारत विजयनागपुरमराठा इतिहासRSSमराठा साम्राज्यहिन्दू धर्म रक्षाMohan Bhagwat speechभारत गौरवभोसले राजघरानाकान्होजी आंग्रेविदेशी आक्रमणराष्ट्रीय स्वयंसेवक संघसंघर्ष का इतिहासमोहन भागवतहिंदू शौर्यRSS Newsशिवाजी प्रेरणा
Share
Tweet
SendShareSend
Subscribe Panchjanya YouTube Channel
Download Panchjanya mobile apps: Google Play Store  / App Store

संबंधित समाचार

राम मंदिर से लेकर राष्ट्रसेवा तक… अशोक सिंहल जी की तपस्या

Veteran Actor Nana Patekar Passes Away RSS Chief Mohan Bhagwat Condolence Panchjanya

अभिनेता नाना पाटेकर का निधन: सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत जी व सरकार्यवाह जी ने जताया शोक, RSS ने जारी किया संदेश

RSS Chief Mohan Bhagwat Kanpur Visit VVIP Security

पश्चिम बंगाल में तीन दिवसीय प्रवास पर बर्दवान पहुंचे सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत जी

नाना पाटेकर का निधन।

नाना पाटेकर के निधन से देश में शोक: राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ ने दी श्रद्धांजलि

छात्रसंघ चुनाव, वोट चोरी, केरल की जीत से CJP तक

संकल्प से सिद्धि तक… छवि, शक्ति और स्वराज!

Load More

ताज़ा समाचार

World Hindu Congress 2026 Mumbai RSS Dr Mohan Bhagwat Panchjanya

वर्ल्ड हिंदू कांग्रेस 2026: मुंबई में जुटेगा विश्वभर का हिंदू नेतृत्व, डॉ. मोहन भागवत जी करेंगे उद्घाटन सत्र को संबोधित

Bajrang Dal 42 Years Journey History Ayodhya

42 वर्ष का हुआ बजरंग दल: जानिए कब और क्यों हुई इसकी स्थापना, सेवा कार्यों से लेकर धर्म रक्षा तक का पूरा इतिहास

कल का पंचांग

कल का पंचांग: 9 अक्टूबर को होगा चतुर्दशी श्राद्ध, जानें शुभ मुहूर्त और राहुकाल

आरोपी हिफजुर्रहमान गिरफ्तार

बिजनौर: बच्ची के साथ दुष्कर्म का आरोपी हिफजुर्रहमान गिरफ्तार

फर्जी डॉक्टर गिरफ्तार

बरेली: यूट्यूब पर आयुर्वेदिक दवा बेचता था फर्जी डाक्टर, दो गिरफ्तार, इलियास फरार

उत्तराखंड में 29 हजार से अधिक MSME इकाइयां स्थापित, 1.27 लाख युवाओं को मिला रोजगार: CM धामी

शरजील इमाम

सोरोस के गुरु की कसौटी पर शरजील इमाम फेल: तिहाड़ से लिखे पत्र, ‘खुले समाज’ व संवैधानिक इतिहास का पूरा सच

कुंभ 2027 की तैयारियों पर चीफ सेक्रेटरी का बड़ा एक्शन, नवंबर तक पूरे होंगे ये अहम काम; QR कोड से मिलेगी हर जानकारी

Mama Manikchandra Vajpayee 107th Birth Anniversary VSK Madhya Pradesh Special Lecture Panchjanya

Manikchandra Vajpayee Birth Anniversary : भोपाल में मामाजी माणिकचंद्र वाजपेयी जयंती पर व्याख्यान, विशेषांक विमोचित

भारतीय वायुसेना

भारतीय वायुसेना के बढ़ते कदम और परमवीर निर्मल जीत सिंह सेखों

Load More
  • Privacy
  • Terms
  • Cookie Policy
  • Refund and Cancellation
  • Delivery and Shipping

© Bharat Prakashan (Delhi) Limited.
Tech-enabled by Ananthapuri Technologies

  • Search Panchjanya
  • होम
  • भारत
    • अंडमान और निकोबार द्वीप
    • दादरा और नगर हवेली एवं दमन और दीव
    • अरूणाचल प्रदेश
    • असम
    • आंध्र प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • ओडिशा
    • कर्नाटक
    • केरल
    • गुजरात
    • गोवा
    • चण्‍डीगढ़
    • छत्तीसगढ़
    • जम्‍मू एवं कश्‍मीर
    • झारखण्‍ड
    • तमिलनाडु
    • तेलंगाना
    • त्रिपुरा
    • दिल्ली
    • नागालैण्‍ड
    • पंजाब
    • पश्चिम बंगाल
    • पुडुचेरी
    • बिहार
    • मणिपुर
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • मिजोरम
    • मेघालय
    • राजस्थान
    • लक्षद्वीप
    • लद्दाख
    • सिक्किम
    • हरियाणा
    • हिमाचल प्रदेश
  • विश्व
  • संघ @100
    • संघ को जानें
    • पंच परिवर्तन
      • स्वदेशी
      • सामाजिक समरसता
      • कुटुम्ब प्रबोधन
      • पर्यावरण
      • नागरिक कर्तव्य
    • संघ गीत
  • सम्पादकीय
  • काम की खबरें
  • स्वदेशी
  • जीवनशैली
  • विभाजन-विभीषिका
  • पाञ्चजन्य इवेंट
    • सुशासन संवाद
    • सागर मंथन
    • मुंबई संकल्प
    • अष्टायाम
    • गुरुकुलम
    • साबरमती संवाद
    • आधार इन्फ्रा
  • वेब स्टोरी
  • ऑपरेशन सिंदूर
  • विश्लेषण
  • लव जिहाद
  • खेल
  • मनोरंजन
  • यात्रा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म-संस्कृति
  • पर्यावरण
  • बिजनेस
  • साक्षात्कार
  • शिक्षा
  • रक्षा
  • कला-साहित्य
    • पुस्तकें
    • पुस्तक समीक्षा
  • सोशल मीडिया
  • विज्ञान और तकनीक
  • मत अभिमत
  • श्रद्धांजलि
  • संविधान
  • आजादी का अमृत महोत्सव
  • पॉडकास्ट
  • पत्रिका
  • हमारे लेखक
  • Read Ecopy
  • प्रसार विभाग – Circulation
  • About Us
  • Contact Us
  • Careers @ BPDL
  • Advertise
  • Privacy Policy

© Bharat Prakashan (Delhi) Limited.
Tech-enabled by Ananthapuri Technologies