हरियाणा के नूंह जिले में स्थित गांव मुंडाका और राजस्थान सीमा पर हाजीपुर गांव के बीच मंगलवार को दो समुदायों के बीच हिंसक झड़प हुई। एक छोटी सी बात पर शुरू हुए इस विवाद ने सांप्रदायिक रूप ले लिया, जिसके बाद पथराव, आगजनी और तोड़फोड़ की घटनाएं हुईं। इस हिंसा में दोनों पक्षों के करीब 10 लोग घायल हुए हैं।
क्यों शुरू हुआ विवाद?
जानकारी के मुताबिक, फिरोजपुर झिरका के मुंडाका गांव में इसरा अपनी गाड़ी सड़क के बीच में खड़ी करके कोल्ड ड्रिंक पी रहा था। जब गांव के समय सिंह ने उसे गाड़ी हटाने को कहा, तो इसरा ने कोल्ड ड्रिंक की बोतल समय सिंह के सिर पर दे मारी, जिससे वह घायल हो गए।
इस घटना के बाद, जब समय सिंह के भाई मौके पर पहुंचे तो विवाद और बढ़ गया। धीरे-धीरे यह खबर पूरे इलाके में फैल गई और दोनों पक्षों के लोग इकट्ठा हो गए।
हिंसा और आगजनी की घटना
देखते ही देखते, स्थिति बिगड़ गई। दोनों समुदायों के लोग छतों पर चढ़ गए और एक-दूसरे पर पथराव करने लगे। इस दौरान, कांच की बोतलें भी फेंकी गईं। एक पक्ष ने इसरा के घर में घुसकर बाइक को आग लगा दी। दूसरे पक्ष ने भी हिंदू समुदाय की दुकानों में आग लगा दी। इस हिंसा में चुन्नीलाल, गोपाल, लेखराज, वीर सिंह, फूलचंद, हंसराज, खुर्शीद, फरहान और शाहबाज समेत कुल 10 लोग घायल हुए। घायलों का इलाज फिरोजपुर झिरका के स्थानीय अस्पताल में चल रहा है।
मौके पर भारी पुलिस बल तैनात
हालात बिगड़ने की सूचना मिलते ही हरियाणा और राजस्थान की पुलिस मौके पर पहुंची। पांच थानों के पुलिसकर्मियों ने मिलकर स्थिति को काबू में किया। पुलिस ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है। फिलहाल क्षेत्र में माहौल तनावपूर्ण बना हुआ है और भारी पुलिस बल तैनात है। पुलिस ने अभी तक इस घटना पर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है।
(इनपुट- हिंदुस्थान समाचार)

















