5 साल बाद हुई मोदी और जिनपिंग की वार्ता : सीमा विवाद पर रहा फोकस, विशेष प्रतिनिधि वार्ता से निकलेगा समाधान
October 13, 2026
  • Read Ecopy
  • Circulation
  • Advertise
  • Careers
  • About Us
  • Contact Us
Android appiPhone AppArattai
Panchjanya
  • ‌
  • भारत
    • अंडमान और निकोबार द्वीप
    • दादरा और नगर हवेली एवं दमन और दीव
    • अरूणाचल प्रदेश
    • असम
    • आंध्र प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • ओडिशा
    • कर्नाटक
    • केरल
    • गुजरात
    • गोवा
    • चण्‍डीगढ़
    • छत्तीसगढ़
    • जम्‍मू एवं कश्‍मीर
    • झारखण्‍ड
    • तमिलनाडु
    • तेलंगाना
    • त्रिपुरा
    • दिल्ली
    • नागालैण्‍ड
    • पंजाब
    • पश्चिम बंगाल
    • पुडुचेरी
    • बिहार
    • मणिपुर
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • मिजोरम
    • मेघालय
    • राजस्थान
    • लक्षद्वीप
    • लद्दाख
    • सिक्किम
    • हरियाणा
    • हिमाचल प्रदेश
  • विश्व
  • संघ @100
    • संघ को जानें
    • पंच परिवर्तन
      • स्वदेशी
      • कुटुम्ब प्रबोधन
      • सामाजिक समरसता
      • नागरिक कर्तव्य
      • पर्यावरण
    • संघ गीत
  • सम्पादकीय
  • काम की खबरें
  • स्वदेशी
  • जीवनशैली
  • अधिक
    • विभाजन-विभीषिका
    • पाञ्चजन्य इवेंट
      • सुशासन संवाद
      • सागर मंथन
      • मुंबई संकल्प
      • अष्टायाम
      • गुरुकुलम
      • साबरमती संवाद
      • आधार इन्फ्रा
    • वेब स्टोरी
    • ऑपरेशन सिंदूर
    • विश्लेषण
    • लव जिहाद
    • खेल
    • मनोरंजन
    • यात्रा
    • स्वास्थ्य
    • धर्म-संस्कृति
    • पर्यावरण
    • बिजनेस
    • साक्षात्कार
    • शिक्षा
    • रक्षा
    • कला-साहित्य
      • पुस्तकें
      • पुस्तक समीक्षा
    • सोशल मीडिया
    • विज्ञान और तकनीक
    • मत अभिमत
    • श्रद्धांजलि
    • संविधान
    • आजादी का अमृत महोत्सव
    • मानस के मोती
    • जनजातीय नायक
    • पॉडकास्ट
    • पत्रिका
    • हमारे लेखक
  • Subscribe
    • Subscribe Print Edition
    • Subscribe Ecopy
    • Read Ecopy
  • ‌
  • भारत
    • अंडमान और निकोबार द्वीप
    • दादरा और नगर हवेली एवं दमन और दीव
    • अरूणाचल प्रदेश
    • असम
    • आंध्र प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • ओडिशा
    • कर्नाटक
    • केरल
    • गुजरात
    • गोवा
    • चण्‍डीगढ़
    • छत्तीसगढ़
    • जम्‍मू एवं कश्‍मीर
    • झारखण्‍ड
    • तमिलनाडु
    • तेलंगाना
    • त्रिपुरा
    • दिल्ली
    • नागालैण्‍ड
    • पंजाब
    • पश्चिम बंगाल
    • पुडुचेरी
    • बिहार
    • मणिपुर
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • मिजोरम
    • मेघालय
    • राजस्थान
    • लक्षद्वीप
    • लद्दाख
    • सिक्किम
    • हरियाणा
    • हिमाचल प्रदेश
  • विश्व
  • संघ @100
    • संघ को जानें
    • पंच परिवर्तन
      • स्वदेशी
      • कुटुम्ब प्रबोधन
      • सामाजिक समरसता
      • नागरिक कर्तव्य
      • पर्यावरण
    • संघ गीत
  • सम्पादकीय
  • काम की खबरें
  • स्वदेशी
  • जीवनशैली
  • अधिक
    • विभाजन-विभीषिका
    • पाञ्चजन्य इवेंट
      • सुशासन संवाद
      • सागर मंथन
      • मुंबई संकल्प
      • अष्टायाम
      • गुरुकुलम
      • साबरमती संवाद
      • आधार इन्फ्रा
    • वेब स्टोरी
    • ऑपरेशन सिंदूर
    • विश्लेषण
    • लव जिहाद
    • खेल
    • मनोरंजन
    • यात्रा
    • स्वास्थ्य
    • धर्म-संस्कृति
    • पर्यावरण
    • बिजनेस
    • साक्षात्कार
    • शिक्षा
    • रक्षा
    • कला-साहित्य
      • पुस्तकें
      • पुस्तक समीक्षा
    • सोशल मीडिया
    • विज्ञान और तकनीक
    • मत अभिमत
    • श्रद्धांजलि
    • संविधान
    • आजादी का अमृत महोत्सव
    • मानस के मोती
    • जनजातीय नायक
    • पॉडकास्ट
    • पत्रिका
    • हमारे लेखक
  • Subscribe
    • Subscribe Print Edition
    • Subscribe Ecopy
    • Read Ecopy
Panchjanya
panchjanya android mobile app
  • होम
  • भारत
  • विश्व
  • संघ @100
  • सम्पादकीय
  • काम की खबरें
  • स्वदेशी
  • जीवनशैली
  • विश्लेषण
  • मत अभिमत
  • रक्षा
  • धर्म-संस्कृति
  • पत्रिका
  • पाञ्चजन्य इवेंट
  • Print Edition
  • Ecopy
होम भारत

5 साल बाद हुई मोदी और जिनपिंग की वार्ता : सीमा विवाद पर रहा फोकस, विशेष प्रतिनिधि वार्ता से निकलेगा समाधान

मोदी-शी की यह वार्ता दोनों देशों के लिए एक महत्वपूर्ण अवसर था। आने वाले समय में दोनों देशों के बीच कूटनीतिक संबंधों में और सुधार की संभावनाएं देखी जा रही हैं।

Written byShivam DixitShivam Dixit
Oct 23, 2024, 09:30 pm IST
inभारत, विश्व

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग के बीच पांच वर्षों बाद आयोजित हुई महत्वपूर्ण शिखर वार्ता ने भारत-चीन संबंधों में एक नया अध्याय शुरू किया है। दोनों देशों के बीच लंबे समय से लंबित सीमा विवाद को हल करने के उद्देश्य से विशेष प्रतिनिधि वार्ता प्रक्रिया को पुनः सक्रिय करने का निर्णय लिया गया है।

विशेष प्रतिनिधि वार्ता फिर से होगी सक्रिय

दिसंबर 2019 में हुई आखिरी विशेष प्रतिनिधि वार्ता के बाद, गलवान घाटी की घटना ने दोनों देशों के बीच संबंधों को तनावपूर्ण बना दिया था। हाल ही में हुई शिखर वार्ता के बाद, विदेश सचिव विक्रम मिस्त्री ने जानकारी दी कि प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति शी ने दोनों देशों के अधिकारियों को विशेष प्रतिनिधि वार्ता फिर से शुरू करने का निर्देश दिया है।

इस वार्ता में सीमा विवाद, विश्वास बहाली के उपायों और कैलाश मानसरोवर यात्रा जैसे मुद्दों पर चर्चा की जाएगी। राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल और चीन के विदेश मंत्री वांग यी, जो अपने-अपने देशों के विशेष प्रतिनिधि हैं, इस वार्ता का नेतृत्व करेंगे।

सीमा विवाद पर शांति बहाली के प्रयास

मोदी और शी की वार्ता में यह स्पष्ट किया गया कि दोनों देशों के संबंधों को शांतिपूर्ण और स्थिर बनाने के लिए सीमा क्षेत्र में शांति आवश्यक है। दोनों नेताओं ने इस बात पर जोर दिया कि परिपक्वता और एक-दूसरे के हितों, चिंताओं और अपेक्षाओं को समझते हुए द्विपक्षीय संबंधों को और बेहतर बनाया जा सकता है।

डेपसांग और डेमचोक मुद्दे पर चर्चा

भारत-चीन सीमा विवाद के प्रमुख बिंदुओं में शामिल डेपसांग और डेमचोक के सवाल पर विदेश सचिव ने कहा कि हाल के बयानों में स्थिति स्पष्ट की गई है। पिछले वर्ष सितंबर 2022 में दोनों देशों के बीच आखिरी समझौता हुआ था, जिसमें इन क्षेत्रों में विवादित मुद्दों को हल करने के प्रयास किए गए थे।

भारत का समर्थन शंघाई सहयोग संगठन में

प्रधानमंत्री मोदी ने शंघाई सहयोग संगठन (SCO) में चीन की अगले वर्ष की अध्यक्षता के लिए भारत के पूर्ण समर्थन का भी वादा किया। यह कदम दोनों देशों के बीच कूटनीतिक संबंधों को और मजबूती प्रदान करने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

कूटनीतिक संबंधों को बेहतर बनाने की दिशा में कदम

मोदी-शी की यह वार्ता दोनों देशों के लिए एक महत्वपूर्ण अवसर था, जिसमें दोनों ने द्विपक्षीय संबंधों को सामान्य करने और सीमावर्ती क्षेत्रों में शांति बहाल करने की बात कही। विदेश सचिव ने कहा कि विभिन्न प्रक्रियाओं के माध्यम से दोनों पक्ष अब विश्वास बहाली के उपायों पर चर्चा करेंगे और कूटनीतिक प्रयासों को और आगे बढ़ाएंगे।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राष्ट्रपति शी जिनपिंग के बीच हुई शिखर वार्ता भारत-चीन संबंधों के लिए एक नई उम्मीद लेकर आई है। दोनों देशों ने विशेष प्रतिनिधि वार्ता प्रक्रिया को फिर से सक्रिय करने का निर्णय लिया है, जो लंबे समय से लंबित सीमा विवादों को हल करने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है। आने वाले समय में दोनों देशों के बीच कूटनीतिक संबंधों में और सुधार की संभावनाएं देखी जा रही हैं।

Topics: डेपसांग और डेमचोक विवादभारत चीन सीमा विवादगलवान घाटी घटनाIndia China border disputeSpecial Representative Talksकैलाश मानसरोवर यात्राModi Xi TalksKailash Mansarovar YatraDepsang and Demchok disputeभारत चीन संबंधGalwan Valley incidentशंघाई सहयोग संगठनShanghai Cooperation OrganisationIndia-China relationsविशेष प्रतिनिधि वार्तामोदी शी वार्ता
Shivam Dixit
Shivam Dixit
अनुभवी भारतीय पत्रकार, मीडिया एवं सोशल मीडिया विशेषज्ञ, राष्ट्रीय स्तर के पुरस्कार विजेता, और डिजिटल रणनीतिकार। वर्ष 2015 में पत्रकारिता की शुरुआत। प्रिंट, TV और डिजिटल मीडिया संस्थानों में विभिन्न भूमिकाओं में कार्य किया। भारत की प्रथम SMS समाचार एजेंसी "न्यूज़ नेटवर्क ऑफ इंडिया" (NNI) में रिपोर्टर कोऑर्डिनेटर के रूप में काम किया, डिजिटल मीडिया के अनोखे प्रोजेक्ट "इंडियाज़ पेपर" का नेतृत्व करते हुए 500 समाचार वेबसाइटों का प्रबंधन किया। भारत के अलग अलग राज्यों के लगभग 1000 स्थानीय पत्रकारों से जुड़ा यह प्रोजेक्ट "लिम्का बुक ऑफ रिकॉर्ड्स" में दर्ज है। वर्ष 2022 से राष्ट्रीय साप्ताहिक पत्रिका पाञ्चजन्य (1948 में स्थापित) में उपसंपादक के रूप में कार्यरत हैं। शिवम् की पत्रकारिता में राष्ट्रीयता, सामाजिक मुद्दों और तथ्यपरक रिपोर्टिंग पर जोर रहा है। उनकी कई रिपोर्ट्स, जैसे- नूंह (मेवात) हिंसा, हल्द्वानी वनभूलपुरा हिंसा, जम्मू-कश्मीर पर "बदलता कश्मीर", "नए भारत का नया कश्मीर", "370 के बाद कश्मीर", "टेररिज्म से टूरिज्म", और अयोध्या राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा से पहले के बदलाव जैसे "कितनी बदली अयोध्या", "अयोध्या का विकास", और "अयोध्या का अर्थ चक्र", कई राष्ट्रीय मंचों पर सराही गई हैं। उपलब्धियों में देवऋषि नारद पत्रकार सम्मान (2023) शामिल है, जिसे उन्होंने जहांगीरपुरी हिंसा के मुख्य आरोपी "अंसार खान" की साजिश को उजागर करने के लिए प्राप्त किया। [Read more]
Share
Tweet
SendShareSend
Subscribe Panchjanya YouTube Channel
Download Panchjanya mobile apps: Google Play Store  / App Store

संबंधित समाचार

बढ़ता प्रभाव, बढ़ती जिम्मेदारी

श्री अभिजीत अय्यर मित्रा जी- लेखक एवं टिप्पणीकार

‘BRICS में पाकिस्तान को जगह क्यों नहीं?’ अभिजीत अय्यर मित्रा ने बताया भारत का पूरा गेमप्लान

ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग (बाएं)।

प्रधानमंत्री मोदी की चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग के साथ बैठक, सीमा सहित कई मुद्दों पर हुई बात

नेपाल में बाढ़

नेपाल के रसुवा में भयानक बाढ़, कैलाश मानसरोवर जा रहे करीब 400 तीर्थयात्रियों से संपर्क टूटा

नेपाल में आई अचानक बाढ़

नेपाल में बाढ़ : कैलाश मानसरोवर और गोसाईंकुंड जा रहे 250 से अधिक लोगों का संपर्क टूटा, अधिकांश भारतीय होने का अनुमान

Amarnath yatra

टनकपुर से कैलाश मानसरोवर यात्रा के प्रथम दल को मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने हरी झंडी दिखाकर किया रवाना

Load More

ताज़ा समाचार

गुरुद्वारा बंगला साहिब

दिल्ली गुरुद्वारा घटना की शिकायत करने गए AAP विधायकों को श्री अकाल तख्त ने कर लिया तलब

एचएस फूलका

पंजाब के गुरुद्वारे में घुसी थी पुलिस, सिख विरोधी दंगा पीड़ितों के लिए लड़ने वाले एचएस फूलका ने केजरीवाल को दिलाया याद

पुष्कर सिंह धामी, मुख्यमंत्री, उत्तराखंड

सरकारी सेवा में अग्निवीरों की सीधी भर्ती, न परीक्षा न मेडिकल, सीधे नौकरी, उत्तराखंड कैबिनेट के महत्वपूर्ण निर्णय

दुबई से तेल अवीव जा रहे फ्लाईदुबई के विमान

कॉकपिट में कुल्हाड़ी और सभ्यता की बंद आंखें

Gold Rate Today

Gold Price Today: नवरात्रि में सस्ता हुआ सोना, खरीदारी से पहले जानें दिल्ली से मुंबई तक के भाव

कल का पंचांग

कल का पंचांग: नवरात्रि के तीसरे दिन इस समय करें मां चंद्रघंटा की पूजा, राहुकाल में भूलकर भी न करें ये काम

कार्यक्रम में गिरिराज सिंह के साथ लघु उद्योग भारती के वरिष्ठ कार्यकर्ता

‘वस्त्र उद्योग से मिलता है सबसे अधिक रोजगार’

वरिष्ठ वकील और भारत के पूर्व सॉलिसिटर जनरल हरीश साल्वे

‘भारत में नेपाल-बांग्लादेश जैसे हालात की तैयारी?’ CJP आंदोलन की फंडिंग पर हरीश साल्वे ने उठाए सवाल

रवनीत सिंह बिट्टू

राजीव गांधी को श्रद्धांजलि, इंदिरा गाँधी और बेअंत सिंह की अनदेखी क्यों? रवनीत सिंह बिट्टू ने कांग्रेस को घेरा

परवेज परवाज

गोरखपुर: सामूहिक दुष्कर्म के दोषी परवेज परवाज की जिला अस्पताल में मौत, आजीवन कारावास की काट रहा था सजा

Load More
  • Privacy
  • Terms
  • Cookie Policy
  • Refund and Cancellation
  • Delivery and Shipping

© Bharat Prakashan (Delhi) Limited.
Tech-enabled by Ananthapuri Technologies

  • Search Panchjanya
  • होम
  • भारत
    • अंडमान और निकोबार द्वीप
    • दादरा और नगर हवेली एवं दमन और दीव
    • अरूणाचल प्रदेश
    • असम
    • आंध्र प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • उत्तर प्रदेश
    • ओडिशा
    • कर्नाटक
    • केरल
    • गुजरात
    • गोवा
    • चण्‍डीगढ़
    • छत्तीसगढ़
    • जम्‍मू एवं कश्‍मीर
    • झारखण्‍ड
    • तमिलनाडु
    • तेलंगाना
    • त्रिपुरा
    • दिल्ली
    • नागालैण्‍ड
    • पंजाब
    • पश्चिम बंगाल
    • पुडुचेरी
    • बिहार
    • मणिपुर
    • मध्य प्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • मिजोरम
    • मेघालय
    • राजस्थान
    • लक्षद्वीप
    • लद्दाख
    • सिक्किम
    • हरियाणा
    • हिमाचल प्रदेश
  • विश्व
  • संघ @100
    • संघ को जानें
    • पंच परिवर्तन
      • स्वदेशी
      • सामाजिक समरसता
      • कुटुम्ब प्रबोधन
      • पर्यावरण
      • नागरिक कर्तव्य
    • संघ गीत
  • सम्पादकीय
  • काम की खबरें
  • स्वदेशी
  • जीवनशैली
  • विभाजन-विभीषिका
  • पाञ्चजन्य इवेंट
    • सुशासन संवाद
    • सागर मंथन
    • मुंबई संकल्प
    • अष्टायाम
    • गुरुकुलम
    • साबरमती संवाद
    • आधार इन्फ्रा
  • वेब स्टोरी
  • ऑपरेशन सिंदूर
  • विश्लेषण
  • लव जिहाद
  • खेल
  • मनोरंजन
  • यात्रा
  • स्वास्थ्य
  • धर्म-संस्कृति
  • पर्यावरण
  • बिजनेस
  • साक्षात्कार
  • शिक्षा
  • रक्षा
  • कला-साहित्य
    • पुस्तकें
    • पुस्तक समीक्षा
  • सोशल मीडिया
  • विज्ञान और तकनीक
  • मत अभिमत
  • श्रद्धांजलि
  • संविधान
  • आजादी का अमृत महोत्सव
  • पॉडकास्ट
  • पत्रिका
  • हमारे लेखक
  • Read Ecopy
  • प्रसार विभाग – Circulation
  • About Us
  • Contact Us
  • Careers @ BPDL
  • Advertise
  • Privacy Policy

© Bharat Prakashan (Delhi) Limited.
Tech-enabled by Ananthapuri Technologies