कभी अचानक घर में किसी की तबीयत खराब हो जाए, बच्चों की फीस भरनी हो या परिवार में शादी का खर्च आ जाए, तो पैसों की जरूरत पड़ ही जाती है। ऐसी स्थिति में नौकरीपेशा लोगों को अपने PF खाते की याद आती है। हर महीने सैलरी से कटकर जमा होने वाली यह रकम सिर्फ बुढ़ापे का सहारा नहीं, बल्कि जरूरत के समय आर्थिक मदद का जरिया भी है। ऐसे में अगर आपके PF खाते में 2 लाख रुपये जमा हैं, तो सवाल है कि आप इसमें से कितना पैसा निकाल सकते हैं और कितना बैलेंस खाते में बचा रहेगा?
2 लाख रुपये में से कितना निकाल पाएंगे?
PF निकासी के नियमों के तहत कुछ पात्र परिस्थितियों में 75 प्रतिशत तक रकम निकालने का उदाहरण समझा जा सकता है। अगर आपके खाते में 2 लाख रुपये जमा हैं, तो इसका हिसाब इस तरह होगा।
- कुल PF बैलेंस: 2,00,000 रुपये
- 75% निकासी: 1,50,000 रुपये
- बाकी रकम: 50,000 रुपये
यानी पात्रता और संबंधित नियमों की शर्तें पूरी होने पर 1.50 लाख रुपये निकालने पर खाते में 50 हजार रुपये बचेंगे। हालांकि, हर तरह की निकासी में 75 प्रतिशत की सीमा लागू हो, यह जरूरी नहीं है।
पढ़ाई, शादी और इलाज के लिए भी सुविधा
PF खाते से पात्र कर्मचारी बच्चों की पढ़ाई, अपनी या परिवार के सदस्यों की शादी और इलाज जैसी जरूरतों के लिए एडवांस ले सकते हैं। घर खरीदने, मकान बनवाने, होम लोन चुकाने और घर की मरम्मत के लिए भी निर्धारित शर्तों के तहत निकासी की सुविधा मिल सकती है। नए नियमों के तहत 12 महीने की सदस्यता पूरी करने के बाद कई श्रेणियों में निकासी की सुविधा का प्रावधान बताया गया है। हालांकि, वास्तविक पात्रता और निकासी की सीमा उद्देश्य के अनुसार अलग हो सकती है।
नौकरी छूटने पर क्या हैं नियम?
नौकरी छूटने की स्थिति में भी PF निकालने के नियम लागू होते हैं। निर्धारित शर्तों के तहत बेरोजगारी में 75 प्रतिशत तक रकम निकालने की सुविधा मिल सकती है। पूरी रकम निकालने के लिए लागू नियमों और बेरोजगारी की अवधि की शर्तों को समझना जरूरी है। PF से पैसा निकालने से पहले EPFO की आधिकारिक वेबसाइट पर मौजूदा नियमों और अपनी पात्रता की पुष्टि जरूर करें।












