
मध्य प्रदेश में मानसून फिर से सक्रिय हो गया है। पूर्वी हिस्से में भारी से अति भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। छतरपुर जिले में पिछले 24 घंटे में 556.2 मिमी बारिश हुई है। इससे कई जगह बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं और आवागमन प्रभावित हुआ है।
रिपोर्ट के अनुसार, उत्तर-पूर्वी मध्य प्रदेश और आसपास निम्न दबाव का क्षेत्र बना हुआ है। यह लगातार नमी खींच रहा है। ऊपरी हवा का चक्रवाती परिसंचरण करीब 7.6 किलोमीटर ऊंचाई तक फैला है। मानसून द्रोणिका भी इसी सिस्टम से होकर गुजर रही है। मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश के ज्यादातर हिस्सों में बारिश जारी रहेगी। शुक्रवार को पूर्वी मध्य प्रदेश में भारी से अति भारी वर्षा की संभावना है। पश्चिमी हिस्से में भी कई जगह बारिश होगी, कुछ स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है। शनिवार को पश्चिमी मध्य प्रदेश में बारिश थोड़ी कम हो सकती है, लेकिन कुछ जगह भारी वर्षा जारी रह सकती है।
लगातार तेज बारिश के कारण रीवा, शहडोल और जबलपुर संभाग के जिलों में नदी-नाले उफान पर हैं। सतना, पन्ना, दमोह, सागर, छतरपुर और टीकमगढ़, विदिशा, रायसेन, अशोकनगर, दतिया, भिंड, रीवा, डिंडोरी, कटनी, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, बालाघाट, निवाड़ी और मैहर में भी भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।
छतरपुर में लगातार दूसरे दिन बारिश ने जनजीवन प्रभावित किया। जिला भू-अभिलेख कार्यालय के अनुसार पिछले 24 घंटे में 556.2 मिमी वर्षा दर्ज हुई। नदी-नाले उफान पर हैं। कई रपटों और पुलियों के ऊपर पानी बह रहा है। चंदला, पवई, सरवई, गौरिहार, बकस्वाहा, बड़ामलहरा और छतरपुर जनपद क्षेत्र में कई ग्रामीण मार्ग जलमग्न हो गए। सरवई क्षेत्र में बिजासिन-पड़रिया और सरवई-गौरिहार मार्ग पर कोशियार नदी की रपट पर पानी बह रहा है। चंदला के बंजारी और पवई क्षेत्र के कई गांवों में रास्ते बंद हैं। गौरिहार बस स्टैंड परिसर में भी जलभराव हो गया। बकस्वाहा के सगारिया, दरदौनिया समेत कई गांवों और बड़ामलहरा क्षेत्र के करीब दर्जनभर गांवों के रास्ते प्रभावित हैं। ईशानगर-नौगांव मार्ग समेत कई ग्रामीण रास्ते भी पानी में डूबे हैं।
रीवा, सतना, मैहर और सीधी में लगातार बारिश से स्थिति चुनौतीपूर्ण है। सतना के चित्रकूट में मंदाकिनी नदी उफान पर है। तटवर्ती मोहल्लों में पानी बढ़ने से नाव चलाने की नौबत आ गई है। रीवा में शहर से लेकर गांवों तक बाढ़ जैसे हालात हैं। बिछिया, टोंस, टमस, बेलन, बीहर और महाना नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं। तराई क्षेत्र के 12 से अधिक गांवों का जिला मुख्यालय से संपर्क टूटा हुआ है।
डिंडोरी में लगातार तीसरे दिन तेज बारिश हुई। नर्मदा और उसकी सहायक नदियों का जलस्तर बढ़ने से गुरुवार को स्कूल, कॉलेज और आंगनबाड़ी केंद्र बंद रखे गए। रीवा और पन्ना में शुक्रवार व शनिवार को स्कूल-कॉलेज और आंगनबाड़ी केंद्र बंद रखने की घोषणा की गई है।
रीवा में 187.4 मिमी, डिंडोरी में 149 मिमी, सीधी में 66.3 मिमी और सतना में 66 मिमी बारिश हुई। प्रशासन ने नदी-नालों और जलभराव वाले इलाकों में सतर्क रहने की सलाह दी है।