राजस्थान के कोटा में हिंदू महिलाओं को निशाना बनाने, कन्वर्जन कराने और उनके आपत्तिजनक वीडियो पोस्ट करने वाले एक सोशल मीडिया नेटवर्क का खुलासा हुआ है। पुलिस ने इस मामले में मनीष शर्मा उर्फ मोइन खान को गिरफ्तार कर लिया है।
यह मामला तब सामने आया जब बजरंग दल के कार्यकर्ता योगेश रेनवाल ने 15 जून को विज्ञान नगर पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई। बजरंग दल का आरोप है कि टेलीग्राम पर हिंदू महिलाओं को सोची समझी साजिश के तहत निशाना बनाया गया।
एक ग्रुप पर 40,000 अश्लील वीडियो पोस्ट किए गए। इसके अलावा कन्वर्जन, यौन शोषण और ब्लैकमेलिंग से जुड़े हजारों आपत्तिजनक वीडियो पोस्ट किए गए थे।
मोइन खान पाकिस्तान में बैठे कुछ लोगों के लगातार संपर्क में था
हिंदू संगठन के अनुसार, कोटा के रहने वाले मनीष शर्मा ने पहले खतना करवाया, फिर अपना धर्म बदला और बाद में अपना नाम मोइन खान रख लिया। वह पिछले कई सालों से पाकिस्तान में बैठे कुछ लोगों के लगातार संपर्क में था। मोइन टेलीग्राम, स्नैपचैट और डिस्कॉर्ड जैसे कई सोशल मीडिया प्लैटफॉर्म पर काफी एक्टिव था। यहां वह कट्टरपंथी गतिविधियों में शामिल था, जिनका मकसद धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाना और कन्वर्जन को बढ़ावा देना था।
आरोपी को गिरफ्तार कर उसका मोबाइल फोन जब्त किया
शिकायत के बाद पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 196(1)(ए), 196(1)(बी), 299 और 352 के साथ-साथ आईटी एक्ट की धारा 66, 67 और 67ए के तहत मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है। जांच कर रहे अधिकारियों ने उसका मोबाइल फोन जब्त कर लिया है और वे सोशल मीडिया अकाउंट्स, चैट, ऑडियो क्लिप, वीडियो और तस्वीरों सहित अन्य डिजिटल सबूतों की बारीकी से जांच कर रहे हैं। अगर सबूतों से इसमें शामिल अन्य लोगों की संलिप्तता का पता चलता है, तो पुलिस आगे की कार्रवाई करेगी।
आरोप क्या हैं?
शिकायत के अनुसार, आरोपी टेलीग्राम, स्नैपचैट और डिस्कॉर्ड जैसे प्लेटफॉर्म पर पठान साहब, सनातनियों की नीलामी, मुस्लिम सांडों का वर्चस्व, टेलीग्राम इंटरफेथ व इंटर लव जोन जैसे नामों वाले ग्रुप से जुड़ा हुआ था।
इन ग्रुप का इस्तेमाल ऑनलाइन बातचीत के जरिए हिंदू महिलाओं-लड़कियों को टारगेट करने, उन्हें झूठे प्रेम जाल में फंसाने, आपत्तिजनक वीडियो रिकॉर्ड करने और बाद में उन पर कन्वर्जन का दबाव बनाने के लिए किया जा रहा था। इनमें से कुछ ग्रुप में जिहाद-अल-अकबर और गजवा-ए-हिंद जैसे शब्द भी सामने आए।
फोन से 40,000 से ज्यादा वीडियो और फोटो मिले
बजरंग दल के नेताओं ने दावा किया है कि जांच करने वालों को आरोपी के मोबाइल फोन से 40,000 से ज्यादा वीडियो और फोटो मिले हैं। कुछ वीडियो में महिलाओं के शरीर पर ओम और स्वास्तिक जैसे निशान दिखे, जबकि कुछ अन्य वीडियो में हिंदू देवी-देवताओं और शिवलिंग से जुड़ी आपत्तिजनक सामग्री थी।
कुछ ऑडियो क्लिप और चैट से पता चलता है कि पाकिस्तान से जुड़े लोग ऐसी गतिविधियों में शामिल लोगों को निर्देश दे रहे थे।
शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि सनातन धर्म और हिंदू संगठनों के खिलाफ प्रोपेगैंडा फैलाने के लिए नकली सोशल मीडिया प्रोफाइल बनाए गए थे। बजरंग दल इस मामले की राष्ट्रीय स्तर पर जांच की मांग कर रहा है, जबकि पुलिस का कहना है कि जांच में अभी तक कई आरोपों की पुष्टि नहीं हुई है।
मामला अश्लील कंटेंट से कहीं आगे का
इन दावों के बाद बजरंग दल ने प्रधानमंत्री कार्यालय, गृह मंत्रालय और मुख्यमंत्री को शिकायतें भेजकर राष्ट्रीय एजेंसियों से जांच की मांग की। संगठन का तर्क है कि यह मामला अश्लील कंटेंट से कहीं आगे का है और इसमें सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जरिए काम करने वाला एक बड़ा संगठित नेटवर्क में शामिल हो सकता है।
पुलिस की जांच जारी
कोटा के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सुभाष मिश्रा ने कहा कि आरोपी टेलीग्राम ग्रुप से जुड़ा था और अश्लील वीडियो और आपत्तिजनक कंटेंट देख रहा था। इन जानकारियों के आधार पर संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया गया है। वहीं जांच अधिकारी मांगीलाल ने इस बात कि पुष्टि की, विज्ञान नगर के रहने वाले मनीष शर्मा ने ब्रेनवॉश के बाद मोइन खान नाम रख लिया था।
मांगीलाल के अनुसार, आरोपी ने टेलीग्राम ग्रुप से वीडियो और तस्वीरें डाउनलोड की थीं और उन्हें अपने डिवाइस पर सेव किया था। उन्होंने कहा कि जांचकर्ताओं ने अभी तक यह पता नहीं लगाया है कि शर्मा का खतना हुआ था या नहीं। आरोपी अभी जेल में है और डिजिटल सबूत, मोबाइल डेटा और सोशल मीडिया गतिविधि के आधार पर जांच जारी है।












