कानपुर में डेयरी की आड़ में गोकशी की जा रही थी। एक अभियुक्त पुलिस मुठभेड़ में घायल हो गया। गोकशी के शेष तीन अभियुक्तों को गिरफ्तार करके जेल भेजा गया है।
पुलिस ने बताया कि सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची। तभी गोवंश के साथ चार लोग आते हुए दिखाई दिए। पुलिस को देख दो लोग मौके से फरार हो गए। इस दौरान पुलिस ने मो. अमीर और श्यामजी तिवारी को गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद पुलिस ने फरार अभियुक्तों भाई चांद आलम और रेहान उर्फ सद्दाम का पीछा किया।
इन दोनों को स्वदेशी मिल कंपाउंड में मुठभेड़ में गिरफ्तार किया गया। मुठभेड़ में रेहान घायल हो गया। घायल अवस्था में रेहान को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। शेष तीन अभियुक्तों मो. आमिर, श्याम और चांद आलम को जेल भेज दिया गया। रेहान उर्फ सद्दाम का हैलट में इलाज चल रहा है।
चांद और रेहान सगे भाई हैं। इसका एक और भाई महफूज हिस्ट्रीशीटर अपराधी है। महफूज, जूही में मीट की दुकान चलाता है। वह फरार है। जानकारी के अनुसार, मो. आमिर, श्याम जी तिवारी के यहां दूध दुहता था। गोकशी के काम में उसको 500 रुपये मिलते थे। श्याम जी तिवारी, अन्न प्रथा वाले सस्ते गोवंश को पकड़ कर चाँद और रेहान तक पहुंचाता था। चांद, रेहान और महफूज इन गोवंशों का जंगल में ले जा कर वध करते थे। इसके बाद गोमांस मीट की दुकान पर बेचा जाता था।

















