5 जून का दिन इतिहास, विज्ञान, राष्ट्रनिर्माण और पर्यावरण जागरूकता के दृष्टिकोण से विशेष महत्व रखता है। इस दिन देश ने अनेक महत्वपूर्ण उपलब्धियों और प्रेरणादायक घटनाओं का साक्षी बनकर प्रगति के नए आयाम स्थापित किए। राष्ट्रीय जीवन, रक्षा विज्ञान, अंतरिक्ष अनुसंधान तथा प्रकृति संरक्षण से जुड़ी ये घटनाएँ जून को एक यादगार तिथि बनाती हैं। आइए, जानते हैं 5 जून की प्रमुख ऐतिहासिक घटनाओं के बारे में।
1973 – नागपुर, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के द्वितीय सरसंघचालक श्री माधव सदाशिवराव गोलवलकर जी का गोलोक गमन।
1972 -विश्व पर्यावरण दिवस।
5 जून 1972 को स्वीडन की राजधानी स्टॉकहोम में आयोजित संयुक्त राष्ट्र मानव पर्यावरण सम्मेलन के उद्घाटन दिवस की स्मृति में विश्व पर्यावरण दिवस मनाने की शुरुआत की गई। इसका उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण के प्रति लोगों में जागरूकता बढ़ाना और प्रकृति के संरक्षण के लिए सामूहिक प्रयासों को प्रोत्साहित करना है। प्रत्येक वर्ष 5 जून को विश्वभर में विभिन्न कार्यक्रमों और अभियानों के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया जाता है।
1989 – त्रिशूल मिसाइल का सफल परीक्षण।
5 जून 1989 को भारत ने स्वदेशी रूप से विकसित त्रिशूल मिसाइल का सफल परीक्षण किया। यह एक कम दूरी की सतह से हवा में मार करने वाली मिसाइल थी, जिसे भारतीय रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन ने विकसित किया था।
2017 – श्रीहरिकोटा, इसरो ने ‘जी.एस.एल.वी. मार्क-3’ रॉकेट का सफल प्रक्षेपण किया।
















