केंद्र सरकार ने आज पेट्रोल और डीजल पर एक्साइज ड्यूटी में बड़ी कटौती का ऐलान किया है। यह फैसला ग्लोबल स्तर पर कच्चे तेल की सप्लाई में आई संकट के बीच लिया गया है, जिससे ऑयल कंपनियों को महंगे दाम पर तेल खरीदना पड़ रहा था। सरकार ने आम लोगों और कंपनियों को कुछ राहत देने के लिए यह कदम उठाया है।
एक्साइज ड्यूटी में कितनी कटौती हुई?
पेट्रोल पर एक्साइज ड्यूटी पहले 13 रुपये प्रति लीटर थी, जिसे अब घटाकर सिर्फ 3 रुपये प्रति लीटर कर दिया गया है। यानी 10 रुपये की कमी हुई। डीजल पर पहले 10 रुपये प्रति लीटर एक्साइज ड्यूटी थी, जिसे अब पूरी तरह जीरो कर दिया गया है। यानी यहां भी 10 रुपये की कटौती हुई। यह बदलाव 27 मार्च 2026 से ही लागू हो गया है।
आम आदमी पर क्या असर पड़ेगा?
अगर ऑयल मार्केटिंग कंपनियां इस कटौती का पूरा फायदा उपभोक्ताओं तक पहुंचाती हैं, तो पेट्रोल और डीजल दोनों की कीमतें प्रति लीटर 10 रुपये तक कम हो सकती हैं। हालांकि, अभी सिर्फ केंद्र सरकार की एक्साइज ड्यूटी में बदलाव हुआ है। राज्य सरकारों का वैट (VAT) पहले जैसा ही रहेगा, उसमें कोई बदलाव नहीं बताया गया।
फिलहाल कुछ शहरों में पेट्रोल-डीजल के दाम इस प्रकार हैं:
- दिल्ली में पेट्रोल ₹94.77 प्रति लीटर और डीजल ₹87.67 प्रति लीटर
- नोएडा में पेट्रोल ₹94.85 और डीजल ₹87.98
- मुंबई में पेट्रोल ₹103.54 और डीजल ₹90.03
क्या कहना है सरकार का
सरकार का कहना है कि यह राहत इसलिए दी गई है ताकि तेल कंपनियों को महंगे क्रूड ऑयल के बीच कुछ सुविधा मिले और बाजार में दबाव कम हो। अभी तक कोई मंत्री का अलग से बयान नहीं आया है, लेकिन यह फैसला फ्यूल संकट के बीच आया है। केंद्र ने पेट्रोल पर 10 रुपये और डीजल पर 10 रुपये एक्साइज ड्यूटी घटाकर तुरंत असर वाले कदम उठाए हैं।















