असम की राजनीति इन दिनों काफी गर्म है। मुख्यमंत्री हेमंत बिस्वा सरमा ने एक बार फिर कांग्रेस सांसद गौरव गोगोई पर गंभीर आरोप लगाए हैं। सरमा ने कहा है कि गोगोई “पाकिस्तानी एजेंट” हैं और उन्हें “विदेशी ताकतों ने भारत में अपने फायदे के लिए प्लांट किया है।” उन्होंने दावा किया कि उनके पास इस बात के ठोस सबूत हैं और वह सही समय आने पर इन्हें सामने लाएंगे।
सरमा ने कहा, “गौरव गोगोई पाकिस्तानी एजेंट हैं। मेरे पास इसके प्रमाण हैं। उन्हें हमारे देश में विदेशी ताकतों ने अपने हितों के लिए भेजा है। मैं यह बात तथ्यों के साथ कह रहा हूं और एक दिन इसे साबित करके दिखाऊंगा।” मुख्यमंत्री ने गौरव गोगोई को खुली चुनौती देते हुए कहा कि अगर उनमें हिम्मत है तो वे मानहानि का मुकदमा दर्ज करें। उन्होंने आगे कहा कि वे पहले गायक जुबिन गर्ग के परिवार को न्याय दिलाने का काम पूरा करेंगे, उसके बाद अपने इन आरोपों को भी सबूतों के साथ साबित करेंगे।
एलिजाबेथ कोलबर्न पर भी उठे सवाल- गौरव गोगोई पर पहले भी उनकी पत्नी एलिजाबेथ कोलबर्न को लेकर विवाद उठ चुका है। बीजेपी का आरोप है कि एलिजाबेथ के पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई से अप्रत्यक्ष संबंध हैं। एलिजाबेथ यूके (ब्रिटेन) में पैदा हुईं और उन्होंने लंदन स्कूल ऑफ इकोनॉमिक्स से अंतरराष्ट्रीय राजनीतिक अर्थव्यवस्था (International Political Economy) में स्नातकोत्तर की पढ़ाई की है। साल 2013 में उनकी शादी गौरव गोगोई से हुई थी। एलिजाबेथ जलवायु नीति और अंतरराष्ट्रीय विकास के मुद्दों पर काम करती हैं। बीजेपी ने आरोप लगाया है कि उनका संबंध अली तौकीर शेख नाम के व्यक्ति से है, जो पाकिस्तान के योजना आयोग के सलाहकार रहे हैं। बताया जाता है कि अली तौकीर शेख सीडीकेएन एशिया के डायरेक्टर भी रह चुके हैं, जिसे बीजेपी ने आईएसआई का मुखौटा संगठन बताया है।
सरमा बोले “एसआईटी ने रिपोर्ट सौंपी, अभी सार्वजनिक नहीं की गई” मुख्यमंत्री हेमंत बिस्वा सरमा ने यह भी बताया कि इस पूरे मामले की जांच स्पेशल इंवेस्टिगेशन टीम (SIT) ने की है। उन्होंने कहा कि, “एसआईटी ने जांच पूरी कर ली है और रिपोर्ट असम कैबिनेट को सौंप दी गई है।” हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि रिपोर्ट में संवेदनशील जानकारी है, इसलिए फिलहाल इसे सार्वजनिक नहीं किया जा रहा है।

















