सिद्धारमैया सनातन धर्म नफरत: कांग्रेसियों और कथित सेक्युलरों को सनातन धर्म से इतनी नफरत क्यों है? नफरत ऐसी कि हिन्दुओं को आपस में बांटने के लिए पूरी ताकत लगा देते हैं। ताजा मामला कर्नाटक के मुख्यमंत्री बसवराज सिद्धारमैया से जुड़ा है। उन्होंने हाल ही में एक कार्यक्रम में लोगों से अपील की कि वे अपनी संगत का खास ध्यान रखें। उन्होंने कहा कि समाज के लिए खड़े होने वाले लोगों के साथ जुड़ें, न कि उनसे जो बदलाव के खिलाफ हैं। खासतौर पर सनातनियों की संगति से बचने की सलाह दी। ये बातें उन्होंने मैसूर यूनिवर्सिटी के रजत जयंती समारोह के दौरान कही।
सिद्धारमैया का कहना है कि लोगों को उनके जैसे लोगों के साथ जुड़ना चाहिए, न कि सनातन धर्म को मानने वालों के साथ। सिद्धारमैया ने चीफ जस्टिस बीआर गवई की तरफ जूता फेंके जाने की घटना को आधार बनाते हुए सनातन धर्म को मानने वालों पर हमला किया। उन्होंने कहा, “एक सनातनी ने प्रधान न्यायाधीश पर जूता फेंका, ये दिखाता है कि समाज में अभी भी रूढ़िवादी तत्व बाकी हैं।” उनका मानना है कि ऐसी घटनाओं की निंदा सबको करनी चाहिए, चाहे कोई भी हो। तभी समाज असल में आगे बढ़ेगा। सिद्धारमैया जो खुद एक हिन्दू हैं, लेकिन तुष्टिकरण की चाह में इतने अंधे हो गए हैं कि अब उन्हें सनातन धर्म शत्रु की तरह लगने लगा है।
अंबेडकर के नाम पर परोसा झूठ
इतना ही नहीं सिद्धारमैया यहीं नहीं रुके उन्होंने एक अलग ही प्रकार का झूठ फैलाते हुए बाबा साहब भीमराव अंबेडकर का जिक्र किया और कहा कि उन्होंने समाज को समझने के लिए ज्ञान इकट्ठा किया और जिंदगी भर उसी से बदलाव लाए। लेकिन, इसी के साथ सिद्धारमैया ने एक झूठ भी परोसा कि अंबेडकर ने खुद लिखा था – चुनाव में उन्हें ‘सावरकर और डांगे’ ने हराया था।
क्या है सच
जबकि सच्चाई ये है कि अंबेडकर ने अपनी किताब Dr. Babasaheb Ambedkar: Writings and Speeches के वॉल्यूम 17, भाग 1 में वर्ष 1952 में अपनी हार के कारणों का जिक्र करते हुए डांगे को प्रतिवादी नंबर 1 करार दिया था। इसके साथ ही उन्होंने उन (डांगे) पर भ्रष्ट प्रथाओं के पालन करने का आरोप लगाया था। उन्होंने वीर सावरकर का कभी नाम नहीं लिया।
हालांकि, जयराम रमेश ने अपनी एक किताब में संघ के प्रति दुर्भावना के कारण अवश्य बाबा साहब का नाम लेकर डांगे और सावरकर को जिम्मेदार ठहराया था। ये स्पष्ट है कि जयराम रमेश कांग्रेस के नेता है। ऐसे में उनके तथ्यों पर भरोसा नहीं किया जा सकता है।

















