कोलकाता, (हि.स.)। पश्चिम बंगाल के राज्यपाल डॉ. सीवी आनंद बोस ने दुर्गापुर में एक दलित छात्रा के साथ कथित सामूहिक बलात्कार के मामले में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और केंद्रीय गृह मंत्रालय को एक विस्तृत रिपोर्ट सौंपी है, राजभवन के एक अधिकारी ने गुरुवार सुबह इसकी पुष्टि की।
राजभवन के इस अधिकारी के अनुसार, यह रिपोर्ट राज्यपाल के दुर्गापुर दौरे पर आधारित है, जहां उन्होंने पीड़ित परिवार से मुलाकात की। राज्यपाल बोस ने बुधवार को कोलकाता में एक व्यावसायिक कार्यक्रम में महिलाओं के खिलाफ बढ़ती हिंसा पर गहरी चिंता व्यक्त की थी। उन्होंने कहा था, “दुर्गापुर की घटना हाल के दिनों में महिलाओं के खिलाफ अपराध की जो घटनाएं सामने आई हैं, उनमें से एक है। अब यह कहना मुश्किल है कि पश्चिम बंगाल महिलाओं के लिए सुरक्षित राज्य है।” यह घटना 10 अक्टूबर की रात को घटी। दुर्गापुर के एक निजी मेडिकल कॉलेज में पढ़ने वाली द्वितीय वर्ष की ओडिशा की छात्रा के साथ उस समय सामूहिक बलात्कार किया गया जब वह अपने पुरुष साथी के साथ बाहर गई थी।
पुलिस ने इस मामले में अब तक छह लोगों को गिरफ्तार किया है और सभी न्यायिक हिरासत में हैं। राज्यपाल ने भी इस घटना को लेकर सरकार की आलोचना की। उन्होंने कहा, “हम जो देख रहे हैं, वह केवल हिमशैल का ऊपरी हिस्सा है। इसके नीचे प्रशासन की अक्षमता छिपी हुई है, जो व्यवस्था चलाने के लिए जिम्मेदार है।” उन्होंने राज्य के पुलिस प्रशासन पर भी सवाल उठाए। बोस ने कहा, “राज्य में कानून-व्यवस्था बनाए रखना पुलिस की प्रमुख जिम्मेदारी है। लेकिन वर्तमान हालात को देखते हुए यह कहना मुश्किल है कि पुलिस अपनी भूमिका सही ढंग से निभा रही है। बंगाल एक ‘सॉफ्ट स्टेट’ बन गया है, जहां कानून का सही तरीके से पालन और उसका प्रवर्तन नहीं हो रहा।”

















