इजरायल और हमास के बीच युद्ध को खत्म कर बंधकों की रिहाई को लेकर ट्रंप के 20 सूत्रीय प्लान पर बातचीत के बीच एक बार फिर से इजरायल ने गाजा पर बमबारी की। इसकी वजह हमास का रुख बताया जा रहा है। क्योंकि हमास ने ट्रंप के पीस प्लान के कुछ हिस्सों को तो मान लिया है,लेकिन कुछ पर वो राजी नहीं है।
द गॉर्जियन की रिपोर्ट के अनुसार, ट्रंप के प्लान पर चर्चा के लिए इस बार मिस्र की राजधानी काहिरा को चुना गया है। वहां हमास और इजरायल के नेगोशिएटर्स भी पहुंच चुके हैं। हालांकि, पिछले 24 घंटे में इजरायली हमले में दर्जनों की संख्या में लोगों के मारे जाने की खबर है।
ट्रंप का 20-सूत्री प्लान क्या कहता है?
ट्रंप का ये प्लान गाजा की जंग को खत्म करने का एक बड़ी कोशिश है, जो अमेरिका की अगुवाई में एक ट्रांसनेशनल अथॉरिटी बनाएगा। इसमें हमास को साफ कहा गया है कि वो 72 घंटों के अंदर सभी बंधकों को रिहा कर दे, और अपनी सत्ता एक नई अंतरराष्ट्रीय बॉडी को सौंप दे। हमास ने इस प्लान के कुछ हिस्सों को मान लिया है, लेकिन पूरी तरह से हामी भरने से इनकार कर दिया। ट्रंप ने चेतावनी दी है कि अगर हमास ने ये नहीं माना, तो ‘कम्पलीट’ तबाही का सामना करना पड़ेगा। इज़रायल के पीएम बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा है कि वो प्लान के पहले चरण को तुरंत लागू करने को तैयार हैं। लेकिन हकीकत ये है कि इज़रायल की एयर स्ट्राइक्स रुकने का नाम नहीं ले रही। कल रात ही गाजा के उत्तरी इलाकों में कई हवाई हमले हुए, जिसमें कम से कम 15 लोग मारे गए।
काहिरा पर नजर
मिस्र की राजधानी काहिरा नेगोशिएटर्स का हॉटस्पॉट बन गई है। इज़रायल, हमास, फिलिस्तीनी ग्रुप्स और अमेरिका के प्रतिनिधि यहां आज से बातचीत शुरू करेंगे। मिस्र, कतर और अमेरिका के मीडिएटर्स इसमें बीच-बचाव कर रहे हैं। हमास के पास अभी 48 बंधक बाकी हैं, जिनमें से करीब 20 के मर चुके होने की आशंका है। इज़रायल के लोग थक चुके हैं, कई परिवार ट्रंप को अपना ‘सेवियर’ मान रहे हैं। एक इज़रायली मां ने कहा, “हमारे बच्चे घर लौटें, बस यही चाहते हैं।” लेकिन हमास की तरफ से साफ शर्तें हैं – इज़राइल को पहले बमबारी रोकनी होगी।
इज़राइल-हमास के बीच तनाव के बावजूद उम्मीद
जंग के करीब दो साल हो चुके हैं, और गाजा में हालात बदतर हो गए हैं। ट्रंप ने इज़रायल को बमबारी रोकने का आदेश दिया था, लेकिन रिपोर्ट्स कहती हैं कि हवाई हमले जारी हैं। मार्को रुबियो जैसे अमेरिकी सीनेटर कह रहे हैं कि जंग अभी खत्म नहीं हुई। हमास ने प्लान के कुछ पार्ट्स एक्सेप्ट किए हैं, लेकिन पावर सरेंडर पर अड़े हैं।

















