गुजरात एटीएस ने मंगलवार को अलकायदा से जुड़े चार संदिग्धों में से एक, जीशान नामक युवक को नोएडा के छिजारसी इलाके से गिरफ्तार किया। जीशान मूल रूप से मेरठ के किठौर का रहने वाला है और इस समय छिजारसी में रह रहा था। वह पिछले एक महीने से नोएडा सेक्टर-63 की एफएनजी रोड पर स्थित “सैनिक कम्युनिकेशन” नाम की मोबाइल की दुकान में काम कर रहा था।
गिरफ्तारी के दौरान क्या हुआ- मंगलवार को जीशान रोज की तरह दुकान पर मौजूद था। तभी अचानक गुजरात एटीएस की टीम वहां पहुंची और उसे अपने साथ ले गई। उस समय किसी को समझ नहीं आया कि क्या हो रहा है। टीम ने कोई जानकारी नहीं दी। बाद में स्थानीय पुलिस और मीडिया से पता चला कि जीशान को आतंकी गतिविधियों में शामिल होने के शक में गिरफ्तार किया गया है।
दुकान के मालिक मोहम्मद असद ने बताया कि उसे जीशान के किसी आतंकी संगठन से जुड़े होने की कोई जानकारी नहीं थी। जीशान को उसने इसलिए काम पर रखा था क्योंकि वह उसके ननिहाल के बगल के गांव का रहने वाला था। असद के साले जान मोहम्मद ने बताया कि जीशान दुकान पर काम के बजाय ज्यादातर समय मोबाइल पर गेम खेलता था। जब भी उसके पास कोई फोन आता, वह बाहर जाकर बात करता था। हालांकि उसकी बातचीत से कभी ऐसा नहीं लगा कि वह किसी गलत गतिविधि में शामिल है।जीशान की दुकान नोएडा के सेक्टर-63 की कोतवाली से केवल 400 मीटर की दूरी पर थी। इसके बावजूद एक महीने तक वह वहीं काम करता रहा और स्थानीय पुलिस, एलआईयू और अन्य खुफिया एजेंसियों को इसकी भनक तक नहीं लगी। गुजरात एटीएस ने अपने स्तर पर रेकी कर जीशान की लोकेशन कंफर्म की और गिरफ्तारी से ठीक पहले नोएडा पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों को इसकी जानकारी दी। फिर एटीएस और नोएडा पुलिस की टीम ने मिलकर कार्रवाई की।
गिरफ्तारी के बाद एटीएस टीम दुकान के मालिक असद का मोबाइल फोन भी साथ ले गई है। वे मोबाइल और दुकान में लगे सीसीटीवी कैमरों की रिकॉर्डिंग की जांच कर रही है ताकि किसी और की संलिप्तता का पता लगाया जा सके।किसी को यकीन नहीं हुआ कि उनके पास से कोई आतंकी गतिविधियों में शामिल व्यक्ति पकड़ा गया है।

















