बांग्लादेश में हिन्दुओं के उत्पीड़न के खिलाफ ओडिशा में विभिन्न स्थानों पर विरोध प्रदर्शन
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होम भारत ओडिशा

बांग्लादेश में हिन्दुओं के उत्पीड़न के खिलाफ ओडिशा में विभिन्न स्थानों पर विरोध प्रदर्शन

बांग्लादेश में इस्लामिस्ट सरकार द्वारा हिन्दुओं पर सुनियोजित बर्बर हमला व इस्कान के संत चिन्मय कृष्ण दास को गिरफ्तार किये जाने के खिलाफ विभिन्न हिन्दू संगठनों द्वारा ओडिशा में विभिन्न स्थानों पर विरोध प्रदर्शन, पदयात्राएं आयोजित की जा रही है ।

Written by गोपाल माहेश्वरी गोपाल माहेश्वरी
Dec 7, 2024, 01:06 pm IST
inओडिशा
बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचार के खिलाफ ओडिशा विरोध प्रदर्शन

बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचार के खिलाफ ओडिशा विरोध प्रदर्शन

बांग्लादेश में इस्लामिस्ट सरकार द्वारा हिन्दुओं पर सुनियोजित बर्बर हमला व इस्कान के संत चिन्मय कृष्ण दास को गिरफ्तार किये जाने के खिलाफ विभिन्न हिन्दू संगठनों द्वारा ओडिशा में विभिन्न स्थानों पर विरोध प्रदर्शन, पदयात्राएं आयोजित की जा रही है । राज्य के जिला मुख्यालयों के साथ साथ छोटे छोटे स्थानों पर भी लगतार बांग्लादेश के युनिस सरकार के खिलाफ लगातार आंदोलन देखने को मिल रहा है । इस दौरान प्रदर्शनकारी स्थानीय प्रशासन के अधिकारियों को प्रधानमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा जा रहा है ।

भद्रक में बांग्लादेश के हिन्दुओं के उत्पीडन के खिलाफ प्रदर्शन

शुक्रवार को भद्रक में हिंदू सुरक्षा मंच की ओर से प्रधानमंत्री को एक ज्ञापन सौंपा गया। यह ज्ञापन बांग्लादेश के हिंदू समाज पर हो रहे बर्बर हमलों और इस्कॉन के संत चिन्मय कृष्ण दास की गिरफ्तारी के विरोध में था।

दक्षिणेश्वरी काली मंदिर से एक विशाल मोटरसाइकिल रैली निकाली गई, जो चरमपा स्टेशन बाजार होते हुए बायपास कचहरी चौक से गुजरकर भद्रक जिला कलेक्टर कार्यालय के सामने पहुंची। वहां शशांक शेखर सामल की अध्यक्षता में एक सभा आयोजित की गई।

सभा में भद्रक के हिंदू संगठक मानस महांति, इस्कॉन के तेजस्वी गौर दास, दुर्गा वाहिनी की राज्य संयोजिका सिप्रा राउत, विश्व हिंदू परिषद के जिला सचिव बसंत राउत और समाजसेवी पूर्ण चंद्र पाणि ने अपने विचार रखे। उन्होंने कहा कि वर्षों से बांग्लादेश में हिंदू समाज पर अत्याचार हो रहा है। जहां 1947 में हिंदुओं की संख्या 24% थी, अब वह घटकर 6% रह गई है। जमात-ए-उल-मुजाहिदीन और जमात-ए-इस्लामी जैसे आतंकी संगठन हिंदुओं को निशाना बना रहे हैं। अगस्त में शेख हसीना की सत्ता से बेदखली के बाद हजारों हिंदुओं पर हमले, हत्या और बलात्कार हुए।

अब इस्कॉन के संत चिन्मय कृष्ण दास और उनके सचिव तथा पुजारी केशव दास और श्याम सुंदर दास को भी गिरफ्तार कर लिया गया है। इनके मामले में मीडिया और वकीलों को भी सहायता देने से रोका जा रहा है। भारत में आतंकवादी कसाब के लिए भी बड़े वकील मिल जाते हैं लेकिन बांग्लादेश में संतों को वकील नहीं मिल पा रहे हैं। इसलिए भारत सरकार पर दबाव बनाने और बांग्लादेश सरकार से हिंदुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के साथ-साथ इस्कॉन संतों की रिहाई की मांग की गई।

सभा के बाद वरिष्ठ संगठक विजय भूषण नायक के नेतृत्व में शरत परिहारी, संजय राउत, लक्ष्मीकांत मिश्रा, ज्योतिरंजन साहू, मधुस्मिता महापात्रा, सभा प्रमुख प्रसन्न षडंगी और मानस महांति जैसे प्रतिनिधियों का एक दल जिला कलेक्टर से मिला और प्रधानमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा।

केन्दुझर: बांग्लादेश में हिंदुओं की सुरक्षा के लिए हिंदू सुरक्षा मंच ने निकाली विशाल रैली

हिंदू सुरक्षा मंच के केन्दुझर जिला इकाई के आह्वान पर आज केन्दुझर शहर के काली पड़िया के निकट से एक विशाल विरोध रैली निकाली गई। हजारों हिंदू समर्थकों ने बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अमानवीय अत्याचारों के विरोध में नारे लगाए और बांग्लादेश सरकार को चेतावनी दी। मंच के जिला संयोजक घनश्याम महांत ने इसका नेतृत्व किया।
यह शोभायात्रा काली पड़िया से निकलकर नगर भ्रमण करते हुए जिला कलेक्टर कार्यालय के सामने समाप्त हुई। वहां प्रदर्शनकारियों ने बांग्लादेश में हिंदुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए भारत सरकार को कार्रवाई करने की मांग की । एक प्रतिनिधिमंडल ने जिला कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा।

वक्ताओं ने कहा कि विश्व में हिंदुओं की एकता की कमी और उनकी अत्यधिक सहनशीलता के कारण वे विधर्मियों के हमलों का शिकार हो रहे हैं। 50 साल पहले भारतीयों द्वारा स्वतंत्र हुआ बांग्लादेश आज हिंदू नरसंहार का गवाह बन रहा है। वहां अल्पसंख्यक हिंदुओं पर अत्याचार किए जा रहे हैं, मंदिर तोड़े जा रहे हैं और साधु-संतों को देशद्रोह जैसे आरोपों में कैद किया जा रहा है।

लेकिन खुशी की बात यह है कि अब बांग्लादेश के हिंदुओं की नींद टूट चुकी है। झूठे भाईचारे का त्याग कर इस्कॉन के संत स्वामी चिन्मय प्रभु के नेतृत्व में हिंदू संगठित होकर विरोध कर रहे हैं। इन्हें नैतिक समर्थन देने और पूरी दुनिया का ध्यान आकर्षित करने के लिए भारतभर में हिंदू सुरक्षा मंच द्वारा विरोध सभाओं का आयोजन किया जा रहा है।
इस कार्यक्रम में जिले के विभिन्न हिंदू संगठनों, हिंदू समर्थकों और अलग-अलग मतों के नेताओं ने भाग लिया। विश्व हिंदू परिषद, हिंदू जागृति मंच, इस्कॉन परिवार, गायत्री परिवार, महिमा समाज, बीएमएस, वनवासी कल्याण आश्रम, एबीवीपी और एकल विद्यालय जैसे कई संगठनों के के कार्यकर्ता इसमें शामिल हुए ।

कंधमाल : बांग्लादेश में हिंदुओं पर अत्याचार के विरोध में हिंदू सुरक्षा मंच ने सौंपा ज्ञापन

कंधमाल जिले के हिंदू सुरक्षा मंच की ओर से बांग्लादेश में हिंदू मंदिरों को तोड़ने और हिंदुओं पर हो रहे अत्याचारों के विरोध में एक विशाल शोभायात्रा आयोजित की गई। यह शोभायात्रा जिला मुख्यालय फुलबाणी के स्थानीय दधिबामन जीउ मंदिर से शुरू होकर जिला कलेक्टर कार्यालय तक पहुंची।

इस रैली के माध्यम से बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचारों को रोकने और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए एक ज्ञापन राज्यपाल के नाम जिला कलेक्टर को सौंपा गया। इस शोभायात्रा में विभिन्न संगठनों के पदाधिकारी शामिल हुए और लगभग सैकड़ों लोग इस विरोध प्रदर्शन का हिस्सा बने।

कटक : बांग्लादेश में हिंदुओं पर अत्याचार के विरोध में प्रदर्शन

बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचारों के खिलाफ हिंदू सुरक्षा मंच की ओर से जिला कलेक्टर कार्यालय के सामने विरोध प्रदर्शन किया गया। इस प्रदर्शन में साधु-संतों के साथ-साथ स्वयंसेवक संघ और अन्य संगठनों के कार्यकर्ता शामिल हुए। गौरी शंकर पार्क के पास एकत्रित होकर प्रदर्शनकारियों ने विशाल शोभायात्रा निकाली, जो जिला कलेक्टर कार्यालय तक पहुंची।

इस विरोध के दौरान, बांग्लादेश में हिंदुओं के मौलिक अधिकारों की रक्षा के लिए आंदोलनरत चिन्मय प्रभु को देशद्रोह के झूठे आरोप में गिरफ्तार कर जेल भेजने का भी विरोध किया गया। प्रदर्शनकारियों ने मांग की कि बांग्लादेश के ग्रामीण इलाकों में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचारों को तुरंत रोका जाए। हिंदू सुरक्षा मंच ने चेतावनी दी है कि जब तक दोषियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं की जाती, आंदोलन जारी रहेगा।

बारिपदा :बांग्लादेश में हिंदुओं पर अत्याचार के विरोध में में हिंदू सुरक्षा मंच की रैली

बांग्लादेश में हिंदुओं को निशाना बनाकर हाल ही में हो रही लूटपाट, आगजनी, हत्या, बलात्कार, मंदिरों पर हमले और भगवान जगन्नाथ की मूर्ति को जलाने जैसी घटनाओं के खिलाफ, साथ ही स्वामी चिन्मय कृष्ण दास की बिना कारण गिरफ्तारी के विरोध में, हिंदू सुरक्षा मंच की ओर से गुरुवार को मयुरभंज जिला मुख्यालय बारिपदा में एक बड़ी रैली आयोजित की गई।

इस रैली के बाद मंच ने जिला कलेक्टर कार्यालय के सामने एक सभा का आयोजन किया। सभा के उपरांत प्रधानमंत्री के नाम एक ज्ञापन अतिरिक्त जिला कलेक्टर विभूति भूषण नायक को सौंपा गया। इस सभा, शोभायात्रा और ज्ञापन सौंपने के कार्यक्रम में श्री नरेंद्र सिंह, कवि विष्णु सतपथी, निर्मल प्रकाश जेना, दयानिधि दास, कांद्रा सोरेन, विश्वजीत राणा, व अन्य गण्यमान्य लोगों नेतृत्व किया ।

खोरधा : बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचार के विरोध में हिंदू सुरक्षा मंच द्वारा जिलाधिकारी को ज्ञापन

बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचार के विरोध में खोरधा हिंदू सुरक्षा मंच ने खोरधा गीत भवन से रैली निकालकर जिलाधिकारी कार्यालय तक प्रदर्शन किया। इस रैली में हिंदू सुरक्षा मंच के सैकड़ों सदस्यों ने भाग लिया। हिंदुओं पर हो रहे अत्याचारों को रोकने के लिए महामहिम राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री के नाम ज्ञापन जिलाधिकारी के माध्यम से सौंपा गया।

हिंदू सुरक्षा मंच के सदस्यों के अनुसार, भारत से अलग होने के बाद बांग्लादेश ने अपनी प्रगति में भारत का सहयोग लिया है, लेकिन अब वहीं हिंदुओं पर हमले हो रहे हैं। वर्तमान में बांग्लादेश में हिंदू महिलाओं से लेकर मंदिरों तक पर हमले किए जा रहे हैं।

इस स्थिति में अल्पसंख्यक हिंदुओं पर अत्याचार, उनके व्यवसायों को लूटने, महिलाओं को असुरक्षित रखने और पूरे हिंदू समाज को निशाना बनाए जाने का विरोध किया गया। मंच ने हिंदू परंपराओं की रक्षा, मंदिरों की सुरक्षा, और बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचारों को रोकने के लिए सामाजिक और राजनीतिक स्तर पर कार्रवाई की मांग की।

इस ज्ञापन के माध्यम से प्रधानमंत्री से मांग की गई कि इस गंभीर समस्या का समाधान किया जाए और हिंदू समाज को सुरक्षा प्रदान की जाए।

राउरकेला : बांग्लादेश में हिंदुओं पर अत्याचार के खिलाफ पश्चिम ओडिशा हिंदू सुरक्षा मंच ने राष्ट्रपति को ज्ञापन सौंपा

हाल ही में बांग्लादेश में हिंदू और अन्य अल्पसंख्यक समुदायों पर हो रहे अमानवीय अत्याचार और प्रताड़ना के खिलाफ भारत में तीव्र विरोध किया जा रहा है। विभिन्न हिंदू संगठनों ने भारत सरकार से इस विषय में ठोस कदम उठाने की मांग करते हुए राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा है। इसी संदर्भ में राउरकेला में पश्चिम ओडिशा हिंदू सुरक्षा मंच के तत्वावधान में विरोध प्रदर्शन आयोजित किया गया।
बांग्लादेश की वर्तमान राजनीतिक स्थिति के तहत इस्कॉन मंदिर के प्रमुख पुजारी चिन्मय कृष्ण दास को देशद्रोह के आरोप में जेल में बंद रखा गया है।

इसके अलावा अल्पसंख्यक हिंदू समाज पर अत्याचार, महिलाओं पर अत्याचार, सामूहिक बलात्कार, हिंदू मंदिरों को तोड़ना, लूटपाट, हिंदुओं के व्यवसायों को बंद करने और उन्हें अपनी संपत्ति छोड़ने के लिए मजबूर किया जा रहा है। सरकारी पदों पर कार्यरत हिंदुओं को नौकरी छोड़ने और उनकी संपत्ति पर कब्जा करने जैसे मामलों से वहां का हिंदू समाज भयभीत है।

बांग्लादेश में उत्पीड़न की इन घटनाओं के कारण भारतीय निवेशक और उद्यमी भी देश लौटने के लिए मजबूर हो रहे हैं। ऐसी स्थिति में बांग्लादेश की यूनुस सरकार हिंदुओं को सुरक्षा प्रदान करने में असफल रही है। इसका प्रभाव भारत के सीमावर्ती राज्यों जैसे पश्चिम बंगाल, मणिपुर, असम, त्रिपुरा, मेघालय और नागालैंड पर पड़ रहा है, जो देश की आंतरिक सुरक्षा के लिए खतरा उत्पन्न कर सकता है।

ज्ञापन में बांग्लादेश में हिंदू समाज पर हो रहे अत्याचार और उत्पीड़न को तत्काल रोकने के लिए भारत सरकार और विश्व स्तर पर मानवाधिकार संगठनों से कड़ी कार्रवाई की मांग की गई है। साथ ही, संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार आयोग से हस्तक्षेप कर बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचारों को रोकने की अपील की गई है। ज्ञापन में यह भी मांग की गई कि बांग्लादेश की जेल में बंद इस्कॉन मंदिर के संत चिन्मय कृष्ण दास को रिहा किया जाए।

राउरकेला के बिरसा चौक से हिंदू सुरक्षा मंच द्वारा आयोजित एक विशाल शोभायात्रा में शिव प्रसाद महापात्र, प्रमोद कुमार साहू, निरंजन पात्र, संतोष राउत, बैष्णव चरण महापात्र, हेमंत जेना, सुजन पंडा, अखंडमंडल पंडा, पंकज दास, लिखन लोहार, विद्याप्रसाद, संदीप मुखर्जी, सुशील सेठी, हिमांशु शेखर कल्याण, अविनाश सामल सहित जिला बीजेपी नेता लतिका पटनायक, पद्मिनी पाणिग्राही, प्रमिला सुना, बीजेपी के राज्य प्रवक्ता धीरेन सेनापति, प्रमिला दास, सुब्रत पटनायक, विमल बिसी आदि शामिल हुए।राष्ट्रपति को ज्ञापन राउरकेला के अतिरिक्त जिलाधिकारी एवं महानगर निगम आयुक्त अशुतोष कुलकर्णी को सौंपा गया।

कोरापुट : बांग्लादेश में हिंदुओं पर अत्याचार के विरोध में ज्ञापन सौंपा गया

बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचार के विरोध में कोरापुट हिंदू जागरण मंच की ओर से राष्ट्रपति के नाम एक ज्ञापन जिला कलेक्टर के माध्यम से सौंपा गया। इस संदर्भ में एक शोभायात्रा कोरापुट के आरटीओ मैदान से निकलकर जिला कलेक्टर के कार्यालय तक पहुँची।

कोरापुट जिले में हजारों बांग्लादेशी घुसपैठिए रह रहे हैं। हिंदू जागरण मंच ने मांग की है कि उन्हें तुरंत चिन्हित कर उनके द्वारा प्राप्त विभिन्न सरकारी सुविधाओं और अवसरों को तुरंत बंद किया जाए। कोरापुट शहर में रह रहे बांग्लादेशी घुसपैठियों ने जिले के विभिन्न गाँवों में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई है। इनमें से अधिकांश चोरी, डकैती और हिंदू देवी-देवताओं की मूर्तियों की चोरी जैसे गतिविधियों में लिप्त पाए गए हैं।

हिंदू जागरण मंच ने बताया कि कुछ लोग अपने स्वार्थ के लिए ऐसे देशविरोधी तत्वों को प्रोत्साहित कर रहे हैं। इन लोगों के खिलाफ कड़े कदम उठाने की आवश्यकता है। मंच के एक प्रतिनिधि, बाबूभाई बजरंगी ने कहा कि प्रशासन को इन मुद्दों पर सख्त कार्रवाई करनी चाहिए।

इस शोभायात्रा में कोरापुट जिले के 14 ब्लॉकों से लगभग 2000 से अधिक लोगों ने भाग लिया। इसमें जिला संयोजक गणेश आचार्य, हरीश पारीडा, चिदानंद सतपथी, दुश्मंत पारीडा, एन. रमेश, महिपाल सिंह, नृपेंद्र बाघ, संतोष जेना, श्रीधर पटनायक, आर. लोकेश राव और अरुण साहू प्रमुख रूप से उपस्थित थे।

केन्द्रापडा : बांग्लादेश में हिंदुओं की सुरक्षा हेतु विशाल सभा और शोभायात्रा का आयोजन

हिंदू सुरक्षा मंच की ओर से बृहस्पतिवार को केन्द्रापडा शहर के तीनमुहानी स्थित राम मंदिर परिसर से ब्रह्मचारी विश्वचैतन्य महाराज की अध्यक्षता में हिंदुओं की सुरक्षा हेतु एक विशाल सभा और शोभायात्रा का आयोजन किया गया।

इस कार्यक्रम में कंतिया के संत सिद्धार्थ शंकर दास महाराज, इस्कॉन मठ के संत बाबाजी हरेकृष्ण दास, स्वामी विश्व स्वरूपा गिरी महाराज, कलाबुड़ा आश्रम के साधुबाबा गुंडुचि दास महाराज, छेदरा मठ के मठाधीश यशोवंत दास और राजनगर के महिमा आलेख दास महाराज ने भाग लिया। सभी ने बांग्लादेश में हिंदुओं के साथ हो रहे अन्याय, अत्याचार और विशेषकर हिंदू महिलाओं के प्रति अमानवीय और अत्यधिक बर्बर अत्याचारों की कड़ी निंदा की।

संतों ने सभा में कहा कि बांग्लादेशी हिंदू महिलाओं के साथ जिस प्रकार से बर्बरता और हत्या की जा रही है, हिंदू धर्मावलंबियों के मठ और मंदिरों को तोड़कर नष्ट किया जा रहा है, और बांग्लादेश से आकर भारत के विभिन्न क्षेत्रों में छुपे हुए लोग आतंकी गतिविधियों में लिप्त हैं, वह अत्यधिक चिंताजनक है। ये लोग बार-बार हिंदुओं पर हमले कर भारत में दंगों और हिंसात्मक घटनाओं जैसी स्थिति उत्पन्न कर रहे हैं।

हिंदू सुरक्षा मंच, केंद्रापाड़ा जिला ने बांग्लादेश में हो रहे उत्पीड़न के खिलाफ प्रदर्शन और विरोध सभा का आयोजन किया। इसके साथ ही, मंच ने मांग की कि हिंदू मठों और मंदिरों को तुरंत सुरक्षा प्रदान की जाए और हिंदुत्व को संरक्षित रखने के लिए विभिन्न हिंदू संगठनों को सशक्त बनाया जाए। कार्यक्रम के अंत में राष्ट्रपतिा के नाम एक ज्ञापन उपजिलाधिकारी के माध्यम से सौंपा गया। इसके साथ ही, जिला कलेक्टर के कार्यालय के सामने प्रदर्शन कर नारे लगाए गए और बांग्लादेशी अत्याचारियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की गई।

Topics: Bangladesh NewsOdisha Newsबांग्लादेश में हिंदुओं पर जुल्मHindus in BangladeshiskconBangladesh latest newsPersecution of Hindus in Bangladesh
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मोदी जी ने तप-साधना और संघर्ष से बनाई पहचान : मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ

Lakha Sidhana Amritpal Singh Akali Dal Waris Punjab De Maur Assembly Seat Panchjanya

एक और गैंगस्टर का पंजाब की राजनीति में एंट्री : वारिस पंजाब दे ने लक्खा सिधाना को मोड़ सीट से दिया टिकट, जानिए पूरी खबर!

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