अगर आप नौकरी करते हैं और हर महीने आपकी सैलरी से PF यानी EPF का पैसा कटता है, तो अपने खाते की नॉमिनी डिटेल जरूर चेक कर लें। नौकरी शुरू करते समय कई लोग नॉमिनी की जानकारी भर देते हैं, लेकिन बाद में शादी या बच्चे होने के बाद उसे अपडेट करना भूल जाते हैं। आगे चलकर कर्मचारी की मृत्यु होने पर यही छोटी सी लापरवाही परिवार के लिए PF, पेंशन और बीमा से जुड़े क्लेम में परेशानी खड़ी कर सकती है।
शादी या बच्चे होने पर अपडेट करें नॉमिनी
EPFO के नियमों के मुताबिक, कर्मचारी की पारिवारिक स्थिति बदलने पर नॉमिनेशन की जानकारी भी अपडेट करनी चाहिए। अगर शादी के बाद परिवार में पति या पत्नी और बच्चे शामिल हो गए हैं, तो उनकी जानकारी सही तरीके से दर्ज करना जरूरी है। अगर कर्मचारी का कोई परिवार नहीं है, तो नियमों के अनुसार वह किसी दूसरे व्यक्ति को नॉमिनी बना सकता है। लेकिन बाद में शादी होने या परिवार बनने पर पुराने नॉमिनेशन की जगह नया नॉमिनेशन करना जरूरी होता है। ई-नॉमिनेशन केवल PF की जमा रकम के लिए नहीं है। EPFO के तहत कर्मचारी पेंशन योजना यानी EPS और कर्मचारी जमा लिंक्ड बीमा योजना यानी EDLI भी आती हैं। ऐसे में परिवार की सही जानकारी अपडेट रखना काफी जरूरी है। EPS के लिए पति या पत्नी और बच्चों की जानकारी देनी होती है। वहीं EPF का नॉमिनेशन EDLI से जुड़े लाभों में भी काम आता है।
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सबसे पहले EPFO सदस्य पोर्टल पर UAN और पासवर्ड से लॉगिन करें। इसके बाद Manage में जाकर E-Nomination पर क्लिक करें। अपनी व्यक्तिगत और परिवार की जानकारी जांचकर जरूरी सदस्यों को जोड़ें। इसके बाद नॉमिनी का नाम, जन्मतिथि, संबंध, आधार नंबर और पता जैसी जानकारी भरें। एक से ज्यादा नॉमिनी होने पर उनकी कुल हिस्सेदारी 100 फीसदी होनी चाहिए। नाबालिग नॉमिनी होने पर उसके अभिभावक की जानकारी भी देनी होगी। अंत में आधार आधारित ई-साइन करना जरूरी है। मोबाइल पर आए OTP को दर्ज करने के बाद प्रक्रिया पूरी करें। सिर्फ जानकारी भरना पर्याप्त नहीं है। ई-साइन के बाद Nomination History में जाकर जरूर चेक करें कि आपका नॉमिनेशन पूरा हुआ है या नहीं।












