इंदौर में छात्रों के अधिकारों और रोजगार के नाम पर आयोजित राहुल गांधी का ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम पूरी तरह से एक राजनीतिक प्रोपोगंडा और फूहड़ता का अखाड़ा बनकर रह गया। जिस मंच से युवाओं की आवाज उठाने के दावे किए जा रहे थे, वहां भीड़ जुटाने के लिए ओछे हथकंडों, डांस परफॉर्मेंस और प्रधानमंत्री की दिवंगत मां तक पर अभद्र टिप्पणियों का सहारा लिया गया। इस वीडियो में हम आपको बताएंगे कि कैसे कांग्रेस ने प्लांटेड NSUI कार्यकर्ताओं को आम छात्र बताकर जनता को मूर्ख बनाया, राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) पर निराधार आरोप मढ़े, और खुद अपनी ही डेटा सिक्योरिटी के फेर में घिर गए। जानिए कैसे राहुल गांधी के झूठे आंकड़ों और फरेब की पोल इंदौर के इस तथाकथित संवाद में पूरी तरह खुल गई।











