नागपुर | महाराष्ट्र की उपराजधानी नागपुर शनिवार को उस समय एकात्मता के रंग में रंग गई, जब राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के ‘कार्यकर्ता विकास वर्ग-द्वितीय’ के शिक्षार्थियों का भव्य पथ संचलन निकला। पूर्ण गणवेश में सजे स्वयंसेवकों के अनुशासित कदमों की थाप ने नागपुर की सड़कों पर संघ के सामर्थ्य और अनुशासन का अनूठा दृश्य प्रस्तुत किया। जिसे देखकर नगर भर में लोगों ने स्वयंसेवकों पर पुष्प-वर्षा कर पथ-संचलन का स्वागत किया।
महाल चौक पर हुआ पथसंचलन का संगम
वर्ग-स्थान (स्मृति भवन) से अलग-अलग समूहों में निकले इस संचलन का संगम ऐतिहासिक महाल चौक पर हुआ। महाल चौक पर दोनों समूहों के मिलन के दौरान जहाँ संघ सरकार्यवाह सहित के वर्ग के शीर्ष नेतृत्व (अधिकारीयों) ने इस गौरवमयी दृश्य और स्वयंसेवकों के उत्साह व अनुशासन का अवलोकन किया

अवलोकन के दौरान प्रमुख रूप से निम्नलिखित संघ अधिकारी उपस्थित थे:
- मा. सरकार्यवाह दत्तात्रेय जी होसबाले
- भैया जी जोशी (अखिल भारतीय कार्यकारिणी सदस्य)
- सुरेश जी सोनी (अखिल भारतीय कार्यकारिणी सदस्य)
- अतुल जी लिमये (मा. सह सरकार्यवाह व वर्ग पालक अधिकारी)
- सरदार महेंद्र सिंह मग्गो जी (सर्वाधिकारी)
- के बी श्रीकुमार (वर्ग कार्यवाह व प्रांत सहकार्यवाह, दक्षिण केरल)
- राजेश जी लोया (संघचालक, नागपुर महानगर)

880 स्वयंसेवकों की साधना: 4 बजे से शुरू होती है राष्ट्र-निर्माण की शिक्षा
नागपुर में चल रहे इस विशेष वर्ग में देश के कोने-कोने से आए 880 शिक्षार्थी प्रशिक्षण ले रहे हैं। 21 से 40 वर्ष की आयु के ये स्वयंसेवक भारत के सभी क्षेत्रों और प्रान्तों से आए हैं और विविध भाषाएं बोलने वाले हैं, जो वास्तव में संघ की अखिल भारतीय व्यापकता की जीवंत तस्वीर पेश करते हैं।

यह वर्ग केवल शारीरिक प्रशिक्षण का केंद्र नहीं, बल्कि साधना की वह भट्टी है जहाँ स्वयंसेवक राष्ट्र-निर्माण के लिए खुद को तपाते हैं। सुबह 4 बजे के जागरण से लेकर रात्रि 10:30 बजे की विश्रांति तक की दिनचर्या में अनुशासन ही इनका एकमात्र मंत्र है।
इस कठोर दिनचर्या के दौरान शिक्षार्थियों को मुख्य रूप से निम्नलिखित विषयों पर तैयार किया जा रहा है:
- शाखातंत्र और संगठन: संघ कार्य को प्रभावी बनाने के लिए शारीरिक और सांगठनिक शिक्षा।
- सामाजिक जागरण: समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाने के लिए विशेष बौद्धिक कार्यशालाएं।
- भारतीयता का प्रस्तुतीकरण: देश की वर्तमान स्थिति की जानकारी के साथ भारतीय संस्कृति और मूल्यों का प्रस्तुतीकरण।

4 जून का भव्य समापन: कुमारमंगलम बिरला होंगे मुख्य अतिथि
पिछले 11 मई से नागपुर में निरंतर चल रहे इस अखिल भारतीय प्रशिक्षण वर्ग का भव्य समापन 4 जून, 2026 को होने जा रहा है। इस वर्ष का समापन समारोह में देश के विख्यात उद्योगपति और पद्मभूषण श्री कुमारमंगलम बिरला इसमें मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत करेंगे।
कार्यक्रम का विवरण (Event Highlights):
- दिनांक: 4 जून, 2026 (गुरुवार)
- समय: सायं 6:30 बजे
- स्थान: रेशिमबाग मैदान, नागपुर
- मुख्य अतिथि: पद्मभूषण श्री कुमारमंगलम बिरला
- उद्बोधक: प. पू. सरसंघचालक डॉ. मोहन जी भागवत
सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत जी का मुख्य संबोधन वर्तमान राष्ट्रीय और सामाजिक परिस्थितियों के लिहाज से अत्यंत महत्वपूर्ण माना जा रहा है। वर्ग के सर्वाधिकारी सरदार महेंद्र सिंह मग्गो और नागपुर महानगर संघचालक राजेश लोया ने नागरिकों से सपरिवार इस समापन समारोह में उपस्थित होने का आह्वान किया है।















