नई दिल्ली: भारतीय जनता पार्टी (BJP) पश्चिम बंगाल में सरकार बनाने जा रही है। BJP ने यहां प्रचंड बहुमत के साथ 206 सीटें जीती और 15 साल से सत्ता में काबिज ममता बनर्जी की पार्टी TMC को उखाड़ फेंका। पश्चिम बंगाल बीजेपी अध्यक्ष समिक भट्टाचार्य का कहना है कि सूबे में BJP के पहले मुख्यमंत्री का शपथ ग्रहण समारोह 9 मई को आयोजित होगा। आइए जानते हैं कि पश्चिम बंगाल में BJP की इस प्रचंड जीत के 7 बड़े चेहरों के बारे में।
पश्चिम बंगाल में BJP की जीत संगठित और लंबे अभियान का नतीजा है। BJP की रणनीति और मोदी-शाह की जोड़ी ने सूबे में पहली बार कमल खिला दिया। रणनीति के साथ ही नेरेटिव भी बेहद अहम रहा। बीजेपी ने अपनी हर रैलियों और प्रचार अभियान के दौरान TMC के भ्रष्टाचार और गुंडाराज को प्रमुखता से उठाया। कानून-व्यवस्था के मुद्दे पर ममता को ऐसा घेरा की युवा और महिला वोटर बीजेपी के पक्ष में आ गये।
7 चेहरे जिन्होंने कर दिखाया सूबे में कमाल
#1. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी
#2. गृह मंत्री अमित शाह
#3. बीजेपी के राष्ट्रीय महासचिव सुनील बंसल
#4. भूपेंद्र यादव
#5. बिप्लब देव
#6. शुभेंदु अधिकारी
#7. सामिक भट्टाचार्य
PM मोदी की धुआंधार रैलियां और अमित शाह की रणनीति आई काम
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की धुआंधार रैलियां और गृह मंत्री अमित शाह की रणनीति ने बंगाल फतेह करा दिया। साल 2014 से ही BJP खास रणनीति उन राज्यों के लिए बना रही थी जहां पार्टी कमजोर थी। लंबी रणनीति की बदौलत ही पश्चिम बंगाल में बीजेपी ने कमाल कर दिखाया। गृह मंत्री अमित शाह कई दिनों तक स्वयं बंगाल में रहे और रणनीति तय करते रहे।
सुनील बंसल, भूपेंद्र यादव और बिप्लव देव
बीजेपी के राष्ट्रीय महासचिव सुनील बंसल ने संगठन के स्तर पर बूथ लेवल पर मजबूत पकड़ बनवाई। बंगाल से पहले 2017 और 2022 उन्होंने यूपी में बीजेपी को मजबूत किया। वह कई महीनों तक बंगाल में जमीनी स्तर पर कार्य करते रहे। भूपेंद्र यादव बंगाल के चुनाव प्रभारी थे। उनके साथ बिप्लव देव को सह प्रभारी बनाया गया था। दोनों ने ही कैडर और बूथ स्तर पर पार्टी को मजबूत किया।
शुभेंदु अधिकारी और समिक भट्टाचार्य
शुभेंदु अधिकारी और सामिक भट्टाचार्य दोनों ने ही सूबे में ममता बनर्जी का जबरदस्त घेराव किया। शुभेंदु अधिकारी ने ममता बनर्जी को भवानीपुर सीट से शिकस्त दी। उनकी छवि मजबूत नेता के रूप में उभरी है। पिछले विधानसभा चुनाव में भी उन्होंने नंदीग्राम में ममता बनर्जी को हराया था। बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष सामिक भट्टाचार्य ने सूबे में पार्टी को मजबूत किया और कार्यकर्ताओं को एकजुट किया।
















