नई दिल्ली। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को ‘आतंकवादी’ कहा। इस पर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने कांग्रेस की कड़ी निंदा की और कहा कि यह बयान कांग्रेस की मानसिकता को दर्शाता है। बीजेपी ने जब मोर्चा खोला तो खरगे ने सफाई दी। खरगे बोले कि प्रधानमंत्री को कभी आतंकवादी नहीं कहा। उनका आशय यह था कि प्रधानमंत्री लोकतांत्रिक ताने-बाने को डरा-धमका रहे हैं।
इससे पहले खरगे के बयान पर भाजपा सांसद डॉ. संबित पात्रा ने मोर्चा खोला। उन्होंने कहा कि यह गलती से नहीं बल्कि जानबूझकर दिया गया बयान है। पिछले कुछ दिनों से राहुल गांधी भी प्रधानमंत्री मोदी के लिए अशोभनीय भाषा का प्रयोग कर रहे हैं। जब-जब कांग्रेस ने प्रधानमंत्री मोदी का अपमान किया, तब-तब देश की जनता ने कांग्रेस को दंडित किया है।
भाजपा नेता अमित मालवीय ने कहा कि कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने प्रधानमंत्री मोदी को “आतंकवादी” कहा। यह पहली बार नहीं है जब खरगे ने सार्वजनिक चर्चा को इस स्तर तक गिराया है। कांग्रेस सार्थक बहस नहीं कर रही है, बल्कि भारत के सबसे लोकप्रिय नेता का अपमान और मानहानि करने में जुटी है।
पीयूष गोयल ने कहा कि कांग्रेस और डीएमके बहुत नीचे गिर चुकी है। वह भारत के लोगों के द्वारा लोकतांत्रिक तरीके से चुने हुए प्रधानमंत्री को आतंकवादी कह कर अपमानित कर रही है। जनता इसका जवाब देगी। राहुल गांधी और एमके स्टालिन को इसके लिए देश की जनता से भी माफी मांगनी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि यह अपवित्र गठबंधन प्रधानमंत्री को निशाना बनाकर भारत की जनता को आतंकवादी कह रहा है।
खरगे का बयान
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने 21 अप्रैल को तमिलनाडु विधानसभा चुनाव प्रचार के दौरान प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को “आतंकवादी” कहा। तमिलनाडु विधानसभा चुनाव प्रचार के आखिरी दिन कांग्रेस अध्यक्ष ने एआईएडीएमके के एनडीए में शामिल होने के खिलाफ इस तरह की भाषा का इस्तेमाल किया।

















