पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच सीमा पर तनाव काफी बढ़ गया है। दोनों देशों के बीच झड़पें और हमले हो रहे हैं, जिससे हालात बहुत गंभीर हो गए हैं। पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने शुक्रवार को सोशल मीडिया पर पोस्ट करके अफगानिस्तान के खिलाफ खुली जंग का ऐलान कर दिया।
पाकिस्तान का गजब लिल हक अभियान
ख्वाजा आसिफ ने एक्स (ट्विटर) पर लिखा कि “हमारे सब्र की इंतहा हो गई है। अब यह हमारे और तुम्हारे बीच खुली जंग है।” उन्होंने अफगानिस्तान की तालिबान सरकार पर आरोप लगाया कि वो आतंकवादियों को पनाह दे रही है और आतंकवाद फैला रही है। पाकिस्तान ने कहा कि वो अफगानिस्तान से आने वाले खतरे का जवाब दे रहा है।
पाकिस्तान ने ऑपरेशन ‘गजब लिल-हक’ के नाम से काबुल, कंधार और पक्तिया प्रांत में हवाई हमले किए। इन हमलों में अफगानिस्तान के रक्षा ठिकानों को निशाना बनाया गया। पाकिस्तान का दावा है कि इन हमलों में 100 से ज्यादा तालिबानी लड़ाके मारे गए। पाकिस्तान के सूचना मंत्री अत्ताउल्लाह तरार ने भी एक्स पर पोस्ट किया कि ये हमले अफगान तालिबान के ठिकानों पर थे। पाकिस्तान की सेना ने पहले भी रविवार को सीमा के पास कार्रवाई की थी, जिसमें 70 से ज्यादा आतंकवादियों के मारे जाने का दावा किया गया था।
पाकिस्तान का कहना है कि अफगानिस्तान ने खैबर पख्तूनख्वा प्रांत में बिना वजह गोलीबारी की, जिसके जवाब में ये कदम उठाए गए। पाकिस्तान ने अपनी क्षेत्रीय अखंडता और नागरिकों की सुरक्षा के लिए हर जरूरी कदम उठाने की बात कही है।
अफगानिस्तान का खूनी जवाब
अफगानिस्तान की तालिबान सरकार ने पाकिस्तान के हमलों का जवाब दिया। उनके प्रवक्ता जबीहुल्लाह मुजाहिद ने एक्स पर पोस्ट किया कि पाकिस्तानी सेना की बार-बार कार्रवाई के जवाब में डूरंड लाइन पर पाकिस्तानी सैन्य ठिकानों के खिलाफ बड़े पैमाने पर अभियान शुरू किया गया है।
तालिबान ने दावा किया कि उन्होंने पाकिस्तानी चौकियों पर हमले किए, 12 से ज्यादा चौकियां कब्जा कीं और कुछ पाकिस्तानी सैनिकों को जिंदा पकड़ा। अफगानिस्तान का कहना है कि पाकिस्तान के हवाई हमलों में कई आम नागरिक मारे गए, जिनमें महिलाएं और बच्चे भी शामिल हैं। उन्होंने पाकिस्तान पर नागरिक इलाकों को निशाना बनाने का आरोप लगाया।
क्या है डूरंड लाइन विवाद
दोनों देशों के बीच 2,611 किलोमीटर लंबी सीमा है, जिसे डूरंड लाइन कहते हैं। अफगानिस्तान ने इस लाइन को कभी औपचारिक रूप से नहीं माना। इसी विवाद की वजह से सालों से तनाव चल रहा है। पाकिस्तान का कहना है कि उसके हमले आतंकवादियों पर हैं, जबकि अफगानिस्तान इसे अपनी जमीन पर हमला बताता है।

















