राजस्थान के नागौर जिले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए करीब 10 हजार किलो अमोनियम नाइट्रेट और अन्य विस्फोटक सामग्री जब्त की है। यह मामला 25 जनवरी की देर रात का है, जब थांवला थाना पुलिस और जिला स्पेशल टीम (DST) ने मिलकर छापा मारा।
घटना का स्थान और तरीका
कार्रवाई सरहद हरसौर गांव में हुई, जो थांवला पुलिस स्टेशन क्षेत्र में आता है। यहां एक कृषि भूमि पर बना फार्महाउस था, जो काफी सुनसान लग रहा था। पुलिस को सूचना मिली कि यहां अवैध विस्फोटक सामग्री छिपाई गई है। टीम ने रात में दबिश दी और वहां से छिपे हुए सामान बरामद किए।
जब्त की गई सामग्री
पुलिस ने कुल 187 बैगों में 9,550 किलोग्राम अमोनियम नाइट्रेट बरामद किया। इसके अलावा डेटोनेटर, फ्यूज वायर और विस्फोटक बनाने में इस्तेमाल होने वाले अन्य सामग्री के हिस्से भी मिले। कुल मिलाकर यह मात्रा लगभग 10 हजार किलो के आसपास बताई जा रही है। अमोनियम नाइट्रेट एक ऐसा केमिकल है जो खाद के रूप में इस्तेमाल होता है, लेकिन इसे विस्फोटक बनाने में भी काफी इस्तेमाल किया जाता है।
गिरफ्तार व्यक्ति
इस मामले में एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया है। उसका नाम सुलेमान खान है, उम्र 58 साल। वह नागौर जिले का ही निवासी है। पुलिस के मुताबिक, सुलेमान के खिलाफ पहले से तीन आपराधिक मामले दर्ज हैं। उसे अवैध भंडारण और विस्फोटक सामग्री की तस्करी के आरोप में पकड़ा गया है।
पुलिस की जांच और बयान
नागौर के एसपी मृदुल कच्छवा ने इस बारे में जानकारी दी। एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि इतनी बड़ी मात्रा में विस्फोटक एक ही जगह पर रखे जाना बहुत गंभीर बात है। इससे बड़े नुकसान हो सकते थे। अभी पूछताछ जारी है ताकि पता चले कि ये सामग्री कहां से आई, इसका इस्तेमाल किस लिए होने वाला था और क्या कोई बड़ा नेटवर्क इसके पीछे है। पुलिस यह भी देख रही है कि क्या यह अवैध खनन या किसी अन्य काम के लिए था।
कानूनी कार्रवाई
इस मामले में भारतीय विस्फोटक अधिनियम की धाराओं के साथ-साथ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की संबंधित धाराओं में केस दर्ज किया गया है। जांच अभी शुरुआती दौर में है और पुलिस आगे के सुराग तलाश रही है।













