नोबेल पुरस्कार विजेता अमर्त्य सेन के संतिनिकेतन स्थित घर पर चुनाव आयोग के अधिकारी पहुंचे और एक SIR नोटिस सौंपा। यह घटना 8 जनवरी 2026 को हुई, जब ERO तानिया रॉय और BLO सोमब्रता मुखर्जी ने प्रतिचि नामक उनके पैतृक घर पर जाकर नोटिस दिया। अमर्त्य सेन फिलहाल अमेरिका में हैं, इसलिए नोटिस उनके चचेरे भाई शांतभानु सेन को सौंपा गया, जो पास ही रहते हैं।
क्या है SIR नोटिस?
यह स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) का हिस्सा है, जो पश्चिम बंगाल में वोटर लिस्ट को अपडेट करने के लिए चल रहा है। 2025 के SIR ड्राफ्ट रोल में कुछ गड़बड़ी पकड़ी गई, जिसके चलते यह नोटिस जारी हुआ। सुनवाई 16 जनवरी 2026 को अमर्त्य सेन के घर पर ही होगी, क्योंकि वो 85 साल से ज्यादा उम्र के हैं। EC के नियम के मुताबिक, इतनी उम्र के वोटर को ऑफिस नहीं बुलाया जाता, बल्कि अधिकारी खुद उनके घर जाते हैं। सेन के प्रतिनिधि वहां दस्तावेज दिखाकर मामला सुलझा सकेंगे।
मामले की वजह–उम्र का अंतर
नोटिस में कहा गया है कि अमर्त्य कुमार सेन और उनकी दिवंगत मां अमिता सेन के बीच उम्र का फर्क 15 साल से कम दिख रहा है। EC के ERO नेट पोर्टल ने इसे लॉजिकल डिसक्रेपेंसी माना और नोटिस जनरेट कर दिया। यह चेक अन्य मामलों की तरह ही किया गया। सेन को प्रबासी भारतीय (ओवरसीज इलेक्टर) के तौर पर लिस्टेड किया गया है – पार्ट 274, सीरियल 169 में उनका नाम है।
उम्र का अंतर क्या है?
दरअसल, अमर्त्य सेन की उम्र ड्राफ्ट रोल में 92 साल बताई गई है। उनकी मां अमिता सेन 2002 के वोटर लिस्ट में 88 साल की थीं। उस समय सेन की उम्र 69 साल थी, यानी मां-बेटे के बीच करीब 19 साल का फर्क था। आज के हिसाब से यह फर्क लगभग 19.5 साल का है। सेन की मां का जन्म 1914 में हुआ था, लेकिन कहीं डेटा में 1918 लिखा जाने की वजह से यह गड़बड़ी हुई लगती है।
क्या कह रहे हैं लोग?
सेन के घर की देखभाल करने वाले गीतिकांत मजूमदार ने कहा, “नोटिस में 15 साल से कम का फर्क बताया गया है, जबकि असल में 19.5 साल हैं। पता नहीं EC ने ऐसा कैसे कर दिया। 16 जनवरी को अधिकारी आएंगे, तब दस्तावेज दिखाकर क्लियर कर देंगे।” शांतभानु सेन ने भी कहा, “उन्होंने जानकारी में कुछ गलती बताई और नोटिस दिया। सेन ने इसे प्रशासनिक प्रक्रिया के तौर पर समझने की जगह अमर्त्य सेन को प्रताड़ित करने की कोशिश करार दिया।”
EC की तरफ से सफाई
वहीं इन आरोपों पर बंगाल के चीफ इलेक्टोरल ऑफिसर ने बताया कि अमर्त्य सेन ओवरसीज इलेक्टर हैं। उनकी एनुमरेशन फॉर्म उनके परिवार के सदस्य शांतभानु सेन ने भरी, जिसमें मां अमिता सेन से लिंक किया गया। उम्र का फर्क 15 साल से कम दिखने पर पोर्टल ने ऑटोमैटिक फ्लैग किया। बाकी मामलों की तरह ही नोटिस जारी हुआ। सेन 85+ उम्र के हैं, इसलिए ERO, AERO और BLO खुद उनके घर गए और औपचारिकताएं पूरी कीं।
2014 में अमर्त्य सेन ने डाला था वोट
अमर्त्य सेन 2014 में लोकसभा चुनाव में वोट डाल चुके हैं, वो विश्व-भारती स्टाफ क्लब के पोलिंग स्टेशन पर गए थे। SIR प्रक्रिया में ऐसे कई लॉजिकल चेक होते हैं ताकि वोटर लिस्ट सही रहे। यह कोई खास ट्रीटमेंट नहीं, बल्कि सभी वोटरों के लिए एक जैसा रूल है।
















